अपना शहर चुनें

States

केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा- ओडिशा में बने मरीन बायोटेक्‍नोलॉजी सेंटर ऑफ एक्‍सीलेंस

धर्मेंद्र प्रधान (फाइल फोटो)
धर्मेंद्र प्रधान (फाइल फोटो)

केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ओडिशा के समुद्र तट, उसके पारिस्थितिकी तंत्र को संरक्षित करने के लिए केंद्रीय मंत्री हर्षवर्धन से अनुरोध किया है. उन्‍होंने कहा है कि पारादीप बंदरगाह, आईओसीएल पारादीप रिफाइनरी, पारादीप स्मार्ट बंदरगाह शहर समेत अन्य परियोजनाओं का विकास एवं विस्तार न केवल ओड़िशा बल्कि पूर्वी भारत की सामुद्रिक आर्थिक वृद्धि की वास्तविक क्षमता को मजबूत करेगा.

  • News18Hindi
  • Last Updated: February 17, 2021, 6:57 PM IST
  • Share this:
भुवनेश्वर. ओडिशा (Odisha) के उत्कृष्ट समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र को संरक्षित करने के उद्देश्य से केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान (Union Minister Dharmendra Pradhan) ने जीवन विज्ञान संस्थान में समुद्री जैव प्रौद्योगिकी उत्कृष्टता संस्थान स्थापित करने के लिये केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री हर्षवर्धन से व्यक्तिगत रूप से हस्तक्षेप करने का अनुरोध किया है.

हर्षवर्धन को लिखे पत्र में प्रधान ने कहा, ''राज्य का समुद्र तट लाखों लोगों को रोजगार मुहैया करा रहा है और यह समुद्र आधारित ‘नीली अर्थव्यवस्था’ के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण के केंद्र में रहा है. नीली अर्थव्यवस्था के तहत महासागर से संबंधित सभी गतिविधियां शामिल हैं. इसमें प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से वे सहायक गतिविधियां शामिल हैं, जो इस सेक्टर के कामकाज के लिए आवश्यक हैं.''

येे भी पढ़ें :    क्या है वो ब्लू फ्लैग, जो पहली बार भारत के 8 समुद्र तटों को मिला है



ओडिशा के रहने वाले प्रधान ने पत्र में कहा, ‘‘पारादीप बंदरगाह, आईओसीएल पारादीप रिफाइनरी, पारादीप स्मार्ट बंदरगाह शहर समेत अन्य परियोजनाओं का विकास एवं विस्तार न केवल ओडिशा बल्कि पूर्वी भारत की सामुद्रिक आर्थिक वृद्धि की वास्तविक क्षमता को मजबूत करेगा.’’ उन्होंने हर्षवर्धन से कहा, ‘‘इसलिए मैं भुवनेश्वर स्थित जीवन विज्ञान संस्थान में समुद्री जैव प्रौद्योगिकी उत्कृष्टता केंद्र की स्थापना करने के लिए आपके व्यक्तिगत हस्तक्षेप करने का अनुरोध करता हूं.’’



समुद्र तट जागरूकता के बड़े प्रतीक भी हैं : सुदर्शन पटनायक
जाने-माने सैंड आर्टिस्ट सुदर्शन पटनायक ने पुरी के समुद्र तट से अपने जुड़ाव के बारे में कहा कि प्रकृति के बीच, शुद्ध प्राकृतिक वातावरण में जब कोई भी आता है तो उसे इसके महत्‍व के बारे में पता चलता है, ऐसे में समुद्र तट जागरूकता के बड़े प्रतीक भी हैं.

 ये भी पढ़ें- ओडिशा में कछुओं की सुरक्षा कर रहा कोस्‍ट गार्ड का विमान, इलाके में हो रही गश्‍त

सुदर्शन पटनायक ने समुद्र तटों की स्वच्छता पर बात की. उन्‍होंने आज के नागरिकों के रवैये की भी प्रशंसा की, जो भारत में समुद्र तटों की स्वच्छता के प्रति सही रवैया रखते हैं. उन्‍होंने कहा, ''लोग अब जागरूक हैं, वे समुद्र तटों पर कूड़ा न डालने के लिए अपने व्‍यवहार में बदलाव कर चुके हैं.'' सुदर्शन ने कहा, ''अब लोग समुद्र तटों को साफ रखने का प्रयास करते हैं, लेकिन हमारी जिम्मेदारी है कि हम अपनी मां स्‍वरूप समुद्र को स्वच्छ और कूड़े-रहित रखें. यह समय की आवश्यकता है. हमारे पास देश के साथ-साथ इस तरह के खूबसूरत समुद्र तट हैं. मैं अपनी कला के जरिए लोगोंं को  प्रेरित करने की कोशिश करता हूं. लोगों को मेरी कला के माध्यम से समुद्र को साफ रखने के लिए जागरूक होना चाहिए.''
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज