मेहुल चोकसी की लीगल टीम का दावा- अपहरण में शामिल हैं 4 ब्रिटिश नागरिक, इनमें 3 भारतवंशी

मेहुल चोकसी पर डोमिनिका में अवैध तरीके से प्रवेश करने के आरोप हैं. वकीलों की टीम ने इसे 'बकवास' बताया है. (AP/4 June, 2021)

मेहुल चोकसी पर डोमिनिका में अवैध तरीके से प्रवेश करने के आरोप हैं. वकीलों की टीम ने इसे 'बकवास' बताया है. (AP/4 June, 2021)

Mehul Choksi Case: वकील ने यह भी कहा कि डोमिनिका लाने के दौरान चोकसी से साइन करने के लिए भी कहा जा रहा था. उन्होंने कहा कि ये कागज भारत (India) में निर्वासन के सहमति पत्र हो सकते हैं.

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नई दिल्ली. लंदन में भगोड़े हीरा कारोबारी मेहुल चोकसी (Mehul Choksi) की लीगल टीम ने दावा किया है कि अपहरण 23 मई को किया गया था. गुरुवार को टीम ने कहा कि इस काम में यूनाइटेड किंगडम (UK) के चार नागरिक शामिल थे, जिनमें तीन कथित रूप से भारतवंशी हैं. कहा गया है कि चोकसी को किडनैप करने के बाद उसे एंटीगा और बारबुडा (Antigua and Barbuda) से डोमिनिका (Dominica) लाया गया. चोकसी पर डोमिनिका में अवैध तरीके से प्रवेश करने के आरोप हैं. वकीलों की टीम ने इसे 'बकवास' बताया है.

वकील माइकल पोलक के नेतृत्व में काम कर रही टीम ने बताया कि चारों ने लंदन से एंटीगा और डोमिनिका का सफर तय किया. इस दौरान उन्होंने इन लोगों की डेढ़ महीने की कथित गतिविधियों का भी ब्यौरा दिया है. प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पोलक ने कहा कि अप्रैल की शुरुआत में एक ब्रिटिश नागरिक बारबरा जराबिक उर्फ बारबरा जोस एक अन्य व्यक्ति के साथ लंदन से एंटीगा पहुंची थी. कथित रूप से इसके बाद बारबरा एक निजी एयरक्राफ्ट के जरिए डोमिनिका पहुंची थी.

उन्होंने दावा किया कि बारबरा एंटीगा वापस आने से पहले इसी शख्स के साथ कुछ दिन रही. अगले दिन दो अन्य लोगों- गुरमीत सिंह और गुरजीत भंडल के समेत चारों लोग लंदन आ गए. पोलक ने कहा कि अप्रैल में कैरेबियाई में रहने के दौरान सिंह और भंडल ने डोमिनिका बंदरगाह पर याच डॉक करने की कोशिश की थी. उनके मुताबिक, अप्रैल का यह दौरा 'चोकसी को किडनैप करने या टोह लेने का असफल प्रयास था.' उन्होंने कुछ 25 मई को डोमिनिका में प्रवेश से जुड़े कुछ कागजात और तस्वीरें भी पेश की. दावा किया गया कि फोटो में नजर आ रहे शख्स भंडल और सिंह हैं.

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पोलक ने कहा कि 8 मई को बारबरा ने एंटीगा में आमने-सामने दो विला बुक की. इसमें उसने खासतौर से जैटी की मांग की थी. वकील ने दावे को साबित करने के लिए बारबरा और विला के मालिक के बीच हुई बातचीत का 'स्क्रीनशॉट' दिखाया. वकील के अनुसार, यह अपहरण की तैयारी का हिस्सा था और एक विला में बारबरा रही और दूसरी विला में किडनैपर. पोलक ने बताया कि एंटीगा से चोकसी के गायब होने के बाद बारबरा और अन्य लोग निजी जेट के जरिए डोमिनिका आ गए. 28 मई तक चोकसी डोमिनिका की हिरासत में था.


उन्होंने दावा किया कि भंडल और सिंह डोमिनिका से भाग गए थे. वकील ने यह भी कहा कि डोमिनिका लाने के दौरान चोकसी से साइन करने के लिए भी कहा जा रहा था. उन्होंने कहा कि ये कागज भारत में निर्वासन के सहमति पत्र हो सकते हैं. परिवार ने दावा किया था कि यह ऑपरेशन 'भारतीय एजेंसियों' ने किया था. इससे जुड़े सवाल पर पोलक ने कहा, 'मुझे लगता है कि मकसद साफ है... भारत चोकसी को भारत के लिए हटाना चाहता है.'

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