अपना शहर चुनें

States

मिशन पानी : गर्विता ने शुरू किया जल जागरूकता अभियान

बेंगलुरू की गर्विता ने जल संरक्षण की दिशा में काम शुरू किया है.
बेंगलुरू की गर्विता ने जल संरक्षण की दिशा में काम शुरू किया है.

मिशन पानी : बेंगलुरू की गर्विता ने युवा नेतृत्‍व वाले संगठन व्‍हाय वेस्‍ट की स्‍थापना की है. इसका उद्देश्‍य जल संरक्षण के महत्‍व पर जागरूकता पैदा करने के लिए विभिन्‍न अभियान चलाना है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: January 26, 2021, 5:50 PM IST
  • Share this:
सभी के लिए साफ पानी और स्‍वच्‍छता, ये दो बातें संयुक्‍त राष्‍ट्र महासभा द्वारा अपनाए गए 17 विकास लक्ष्‍यों में शामिल हैं. यह लक्ष्‍य सभी को सुरक्षित और सस्‍ती पेयजल उपलब्‍ध कराने की चुनौती को बल देता है. दुनिया भर में कई देशों में जल संकट के कारण चिंता बढ़ गई है. इसमें भारत भी शामिल है. शुक्र है कि दुनिया में ऐसे लोग है जिन्‍होंने जल संरक्षण के लिए अपना जीवन ही समर्पित कर दिया  है.. बेंंगलुरू की एक युवा लड़की गर्विता गुलहाटी भी उनमें से एक हैं.

गर्विता महज 15 साल की उम्र में बड़े काम शुरू कर चुकी हैं. उन्‍होंने युवा नेतृत्‍व वाले संगठन व्‍हाय वेस्‍ट की स्‍थापना की है. इसका उद्देश्‍य जल संरक्षण के महत्‍व पर जागरूकता पैदा करने के लिए विभिन्‍न अभियान चलाना है.

बेंगलुरू निवासी गर्विता को जल संकट के बारे में मालूम था, लेकिन वह यह नहीं जानती थी कि दुनिया भर के रेस्‍तरां में हर साल करीब 1करोड़ 40 लाख लीटर पीने का पानी बर्बाद हो जाता है, क्‍योंकि यहां आने वाले लोग पीने के लिए पानी तो गिलास को पूरा भरकर लेते हैं, लेकिन वे इसे पूरा नहीं पीते. इसके बाद गर्विता ने प्रण किया कि वह एक बदलाव लाने की कोशिश करेगी. उसने पानी बचाने की दिशा में लोगों को जागरूक करने के लिए व्‍हाय वेस्‍ट नामक संस्‍था की शुरूआत की. गर्विता ने 'ग्‍लास हाफ फुल' और हाउ टू सेव 100 लिटर्स एवरी डे जैसे विभिन्‍न अभियान शुरू किए हैं. संगठन ने वंचित छात्रों को मुफ्त किताबें भी दीं ताकि वे पर्यावरण संकट को समझ सकें.



गर्विता और उनकी टीम, जिसमें ज्‍यादातर 20 साल से कम उम्र के लड़के और लड़कियां हैं, ने बेंगलुरू के कई रेस्‍तरां से संपर्क किया. वे उन्‍हें एक समय में आधा गिलास पानी सर्व करने के लिए मनाने में कामयाब रहे. इस मॉडल से रेस्‍तरां में पानी की बर्बादी कम हुई. बच्‍चों ने यह कठिन काम कर दिखाया और इस मुहिम को फिर देशभर में सफलता मिली. गर्विता को चेंजमेकर्स होने के कारण 2018 में ज्‍यूरिख स्विट्जरलैंड आमंत्रित किया गया और वहां जल संकट को हल करने के प्रयासों के लिए ग्‍लोबल चेंजमेकर की उपाधि से सम्‍मानित किया गया. वहीं अपने प्रेरक मानवीय प्रयासों की पहचान के लिए उन्‍हें पिछले साल डायना पुरस्‍कार से सम्‍मानित किया गया.
हार्पिक- News18 मिशन पानी अभियान का हिस्‍सा बनें, पानी बचाने का संकल्‍प लें और वाटरथन के सभी अपडेट्स से जुड़ें.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज