Home /News /nation /

नायडू ने वैज्ञानिकों से महामारी से निपटने के वास्ते शोध तेज करने का आग्रह किया

नायडू ने वैज्ञानिकों से महामारी से निपटने के वास्ते शोध तेज करने का आग्रह किया

उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू (फाइल फोटो)

उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू (फाइल फोटो)

उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू (M Venkaiah Naidu) ने सोमवार को कोविड-19 से निपटने (fight against COVID-19) में ‘डिफेंस इंस्टीट्यूट ऑफ फिजियोलॉजी एंड अलाइड साइंसेज’ (डीआईपीएएस) के वैज्ञानिकों और अग्रिम पंक्ति के कर्मियों (FRONTLINE WORKERS) के योगदान की सराहना की और उन्हें भविष्य में इस तरह की किसी भी महामारी (Pandemic) से प्रभावी ढंग से निपटने के वास्ते अपने शोध को तेज करने की सलाह दी.

अधिक पढ़ें ...

    नयी दिल्ली . उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू (M Venkaiah Naidu) ने सोमवार को कोविड-19 से निपटने (fight against COVID-19) में ‘डिफेंस इंस्टीट्यूट ऑफ फिजियोलॉजी एंड अलाइड साइंसेज’ (डीआईपीएएस) के वैज्ञानिकों और अग्रिम पंक्ति के कर्मियों (FRONTLINE WORKERS) के योगदान की सराहना की और उन्हें भविष्य में इस तरह की किसी भी महामारी (Pandemic) से प्रभावी ढंग से निपटने के वास्ते अपने शोध को तेज करने की सलाह दी. उपराष्ट्रपति द्वारा उप-राष्ट्रपति निवास में रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) की प्रयोगशाला, डीआईपीएएस के लगभग 25 वैज्ञानिकों और तकनीशियनों को आमंत्रित किया गया था.

    सूत्रों ने बताया कि उनके साथ डीआरडीओ के अध्यक्ष जी सतीश रेड्डी भी थे. इस मौके पर डीआईपीएएस के निदेशक राजीव वार्ष्णेय भी उपस्थित थे. उपराष्ट्रपति नायडू ने उनके साथ बातचीत करते हुए कहा कि महामारी ने जबरदस्त स्वास्थ्य संकट पैदा कर दिया है और दुनियाभर में जीवन और आजीविका को बुरी तरह प्रभावित किया है. उपराष्ट्रपति ने इस समय पर आगे बढ़ने और कोविड-19 के उपचार तथा प्रबंधन के लिए विभिन्न स्वदेशी उत्पादों को विकसित करने के लिए डीआईपीएएस और अन्य डीआरडीओ प्रयोगशालाओं की सराहना की.

    ये भी पढ़ेेंं :  बलिया: कोविड का टीका लगाए बिना ही कई लोगों को मिला वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट

    ये भी पढ़ेें :  स्मगलिंग का नायाब तरीका: सोने का पेस्ट बनवाकर जींस पर करवाया पेंट, एयरपोर्ट पर गिरफ्तार

    उपराष्ट्रपति ने कहा कि सार्स-सीओवी-2 के नए स्वरूपों के सामने आने के मद्देनजर भविष्य के किसी भी खतरे से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए हमेशा सतर्क रहना महत्वपूर्ण है. उपराष्ट्रपति सचिवालय के एक आधिकारिक बयान के अनुसार, सतीश रेड्डी ने नायडू को कोविड-19 के उपचार और प्रबंधन के लिए डीआरडीओ प्रयोगशालाओं द्वारा स्वदेशी रूप से विकसित विभिन्न उत्पादों और उपकरणों के बारे में जानकारी दी.

    गौरतलब है कि इसी अगस्‍त में उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने अपने कार्यकाल के 3 साल पूरे कर लिए हैं. राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने बतौर उपराष्ट्रपति 3 साल पूरा होने पर वैंकया नायडू को बधाई दी. उन्होंने उपराष्ट्रपति और राज्यसभा के सभापति के रूप में वैंकया नायडू के कामकाज की तारीफ की है. इस मौके पर नायडू ने राज्यसभा के पदेन सभापति के तौर पर अपनी उपलब्धियां भी गिनाईं. उन्होंने कहा कि 2019 में राज्यसभा की प्रोडक्टिविटी रेट पिछले 10 सालों की तुलना में सबसे अच्छी रही है. बीते तीन सत्र सबसे ज्यादा उच्चतर उत्पादकता वाले रहे. इस दौरान करीब 60 फीसदी पेंडिंग विधेयक पास कर दिए गए. वहीं, कमिटी मीटिंग की उपस्थिति भी पहली बार 50 फीसदी पार कर गई.  बता दें कि भारत के सत्ताधारी राष्ट्रीय लोकतांत्रिक संघ (एनडीए) ने वेंकैया नायडू को 17 जुलाई 2017 को भारत के उपराष्ट्रपति पद का प्रत्याशी घोषित किया था. 5 अगस्त 2017 को हुए चुनाव में गोपालकृष्ण गांधी को पराजित करके वे भारत के 13वें उपराष्ट्रपति निर्वाचित हुए. नायडू ने 11 अगस्त 2017 को उपराष्ट्रपति पद की शपथ ली थी. इससे पहले नायडू 2002 से 2004 तक भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रह चुके हैं.

    Tags: Fight against COVID-19, FRONTLINE WORKERS, M. Venkaiah Naidu, Pandemic

    विज्ञापन

    राशिभविष्य

    मेष

    वृषभ

    मिथुन

    कर्क

    सिंह

    कन्या

    तुला

    वृश्चिक

    धनु

    मकर

    कुंभ

    मीन

    प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
    और भी पढ़ें
    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर