लाइव टीवी

कठुआ रेप-मर्डर केस में नया ट्विस्ट! गवाहों की 'पिटाई' के मामले में कोर्ट ने दिया SIT के खिलाफ केस दर्ज करने का आदेश

भाषा
Updated: October 23, 2019, 7:37 AM IST
कठुआ रेप-मर्डर केस में नया ट्विस्ट! गवाहों की 'पिटाई' के मामले में कोर्ट ने दिया SIT के खिलाफ केस दर्ज करने का आदेश
जम्मू-कश्मीर के कठुआ में 2018 में एक बच्ची के साथ बलात्कार का मामला सामने आया था.

कठुआ रेप केस (Kathua Rape Case) में जिला एवं सत्र न्यायाधीश तेजविंदर सिंह ने इस साल जून में तीन मुख्य आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी जबकि मामले में सबूत मिटाने के लिए अन्य तीन को पांच वर्ष जेल की सजा सुनाई थी.

  • Share this:
जम्मू. जम्मू-कश्मीर (Jammu & Kashmir) की एक अदालत ने कठुआ में 2018 में एक बालिका के साथ सामूहिक बलात्कार और हत्या मामले (Kathua Gangrape Murder case) की जांच करने वाले विशेष जांच दल (Special Investigation Team) के छह सदस्यों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किये जाने के मंगलवार को पुलिस को निर्देश दिये.

अदालत ने पुलिस को एसआईटी (SIT) के उन छह सदस्यों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किए जाने के निर्देश दिए, जिन्होंने 2018 में कठुआ के एक गांव में आठ वर्षीय एक बच्ची के साथ बलात्कार और हत्या मामले की जांच की थी और गवाहों को कथित तौर पर मारपीट कर झूठे बयान देने के लिए मजबूर किया गया.

गवाहों की याचिका पर दिए निर्देश
न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रेम सागर ने मामले के गवाहों सचिन शर्मा, नीरज शर्मा और साहिल शर्मा की एक याचिका पर जम्मू के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) को निर्देश देते हुए कहा कि इन छह लोगों के खिलाफ संज्ञेय अपराध बनता है.

अदालत ने तत्कालीन एसएसपी आरके जल्ला (अब सेवानिवृत्त), एएसपी पीरजादा नाविद, पुलिस उपाधीक्षकों शतम्बरी शर्मा और निसार हुसैन, पुलिस की अपराध शाखा के उप निरीक्षक उर्फन वानी और केवल किशोर के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के निर्देश दिए और जम्मू के एसएसपी से 11 नवंबर को मामले की अगली सुनवाई पर अनुपालन रिपोर्ट देने को कहा.

जिला एवं सत्र न्यायाधीश तेजविंदर सिंह ने इस वर्ष जून में तीन मुख्य आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी, जबकि मामले में सबूत मिटाने के लिए अन्य तीन को पांच वर्ष जेल की सजा सुनाई थी.

ये भी पढ़ें- दंगों में अव्वल है बिहार, हर दिन दर्ज हुईं इतनी घटनाएं
Loading...

PoK में पाक के खिलाफ सड़कों पर उतरे लोग, अवैध कब्जे के विरोध में किया प्रदर्शन

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए देश से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: October 22, 2019, 10:54 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...