जम्मू-कश्मीर में डोमिसाइल सर्टिफिकेट जारी करने के लिए नोटिफिकेशन, जानें कौन हो सकता है यहां का निवासी

जम्मू-कश्मीर में डोमिसाइल सर्टिफिकेट जारी करने के लिए नोटिफिकेशन, जानें कौन हो सकता है यहां का निवासी
(AP Photo/ Dar Yasin)

जम्मू और कश्मीर के लिए बनाए गए डोमिसाइल सर्टिफिकेट (प्रोसीजर) रूल्स, 2020 के तहत डोमिसाइल सर्टिफिकेट प्राप्त करने के लिए राशन कार्ड, अचल संपत्ति रिकॉर्ड शिक्षा प्रमाण पत्र, बिजली बिल या सत्यापित लेबर कार्ड / नियोक्ता प्रमाण पत्र जमा करना होगा.

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नई दिल्ली. जम्मू-कश्मीर (Jammu-Kashmir) सरकार ने सोमवार को डोमिसाइल सर्टिफिकेट (प्रोसीजर) रूल्स, 2020 का नोटिफिकेशन जारी किया है. इसके जरिए जारी होने वाले प्रमाण पत्र से लोगों को राज्य में नौकरी और अन्य सुविधाओं का लाभ मिल सकेगा.

नोटिफिकेशन के अनुसार वे सभी लोग जो 15 वर्षों से केंद्रशासित प्रदेश में रह रहे हैं. या जिन्होंने सात वर्षों तक पढ़ाई की है और यहां के एक शैक्षणिक संस्थान में कक्षा 10 वीं या 12 वीं की परीक्षा में उपस्थित हुए हैं और उनके बच्चे, डोमिसाइल रूल के अंतर्गत आएंगे. जम्मू-कश्मीर में 10 साल तक सेवा करने वाले केंद्रीय सरकार के कर्मचारियों के बच्चे, अखिल भारतीय सेवा, बैंक और पीएसयू, वैधानिक निकाय और केंद्रीय विश्वविद्यालय के अधिकारी भी इसके लिए पात्र होंगे.

इसके अलावा राहत और पुनर्वास आयुक्त के यहां पंजीकृत सभी प्रवासियों और उनके बच्चों को डोमिसाइल सर्टिफिकेट दिया जाएगा. जम्मू-कश्मीर के उन निवासियों के बच्चे जो व्यवसाय या अन्य व्यावसायिक कारणों से रोजगार के सिलसिले में केंद्रशासित प्रदेश से बाहर रहते हैं, वे भी निवासी होने पात्र हो गए हैं.



प्राधिकरण के पास भी रिविजनल पावर्स भी



अंग्रेजी अखबार हिन्दुस्तान टाइम्स के अनुसार डोमिसाइल सर्टिफिकेट जारी करने के लिए एक आसान प्रक्रिया शुरू की गई है. प्रमाण पत्र जारी करने के लिए 15 दिनों की समयावधि होगी, जिसके बाद आवेदक एक अपीलीय प्राधिकारी के पास जा सकता है. अपीलीय प्राधिकारी का फैसला प्रमाण पत्र जारी करने वाले प्राधिकारी को मानना ही होगा और अपीलीय प्राधिकारी के आदेशों का सात दिनों के भीतर  पालन करना होगा. ऐसा ना करने पर 50,000 रुपए का जुर्माना लगेगा.

अपीलीय प्राधिकरण के पास भी रिविजनल पावर्स भी होंगी यानी वह जारी किये गए डोमिसाइल प्रमाण पत्र को संशोधित भी कर सकता है. प्राधिकरण या तो स्वतः संज्ञान ले सकता है या प्रमाण पत्र के लिए किये गये आवेदन का रिकॉर्ड मांग सकता है, किसी भी कार्यवाही की वैधता की जांच कर सकता है और संदर्भ में उचित आदेश पारित कर सकता है.  प्रावधान है कि डोमिसाइल सर्टिफिकेट देने के लिए  भौतिक या इलेक्ट्रॉनिक रूप में आवेदन प्रस्तुत किए जा सकते हैं.

कश्मीर से बाहर शादी करने वाली महिलाओं के बच्चे भी डोमिसाइल सर्टिफिकेट के लिए पात्र
जम्मू-कश्मीर के पूर्ववर्ती स्थायी निवासी जिनके लिए स्थायी निवासी प्रमाण पत्र (पीआरसी) 31 अक्टूबर, 2019 से पहले सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी किए गए हैं, अकेले पीआरसी के आधार पर उनके डोमिसाइल प्रमाण पत्र प्राप्त करने के लिए पात्र होंगे और ऐसे निवासियों के लिए कोई अन्य अतिरिक्त दस्तावेज जरूरी नहीं होगा.

कश्मीरी प्रवासियों को पीआरसी या प्रवासी के पंजीकरण का प्रमाण पत्र दिखा कर डोमिसाइल प्रमाण पत्र पा सकता है. नए नियमों और प्रक्रिया के परिणामस्वरूप, वेस्ट पाकिस्तान रिफ्यूजी (डब्ल्यूपीआर), सफाई कर्मचारी और जम्मू और कश्मीर से बाहर शादी करने वाली महिलाओं के बच्चे भी अब डोमिसाइल सर्टिफिकेट के लिए पात्र होंगे.

डोमिसाइल सर्टिफिकेट प्राप्त करने के लिए राशन कार्ड, अचल संपत्ति रिकॉर्ड शिक्षा प्रमाण पत्र, बिजली बिल या सत्यापित लेबर कार्ड / नियोक्ता प्रमाण पत्र जमा करना होगा.

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