लाइव टीवी

अनुच्छेद 370 हटने पर जागरुकता फैलाने के लिए 36 में से सिर्फ 5 केंद्रीय मंत्री करेंगे कश्मीर का दौरा

भाषा
Updated: January 20, 2020, 6:06 PM IST
अनुच्छेद 370 हटने पर जागरुकता फैलाने के लिए 36 में से सिर्फ 5 केंद्रीय मंत्री करेंगे कश्मीर का दौरा
कश्मीर में तैनात सुरक्षाबल का एक जवान

आगामी 4 दिनों में दूरसंचार मंत्री रविशंकर प्रसाद (Ravi Shankar Prasad), मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल (Ramesh Pokhriyal), अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी, रक्षा राज्य मंत्री श्रीपद नाइक और गृह राज्य मंत्री जी किशन रेड्डी कश्मीर घाटी (Kashmir Valley) का दौरा करेंगे.

  • Share this:
जम्मू. जम्मू-कश्मीर (Jammu-Kashmir) केंद्रशासित प्रदेश में केंद्र के संपर्क कार्यक्रम (Mass Contact program) के तहत आगामी चार दिनों में 36 में से केवल पांच केंद्रीय मंत्री (Central Minister) कश्मीर का दौरा करेंगे.

अधिकारियों ने बताया कि आगामी चार दिनों में दूरसंचार मंत्री रविशंकर प्रसाद (Ravi Shankar Prasad), मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल (Ramesh Pokhriyal), अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी, रक्षा राज्य मंत्री श्रीपद नाइक और गृह राज्य मंत्री जी किशन रेड्डी घाटी का दौरा करेंगे.

नकवी मंगलवार को करेंगे संपर्क कार्यक्रम की शुरुआत
अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी मंगलवार को संपर्क कार्यक्रम की शुरुआत करेंगे और श्रीनगर के बाहर दारा क्षेत्र में एक हाई स्कूल की नींव रखेंगे. वह शहर में हरवन इलाके के सरबंद में जल संरक्षण परियोजना की आधारशिला रखेंगे.

रेड्डी बुधवार को गांदेरबल जिले में दो दिवसीय संवाद कार्यक्रम आरंभ करेंगे जबकि प्रसाद गुरुवार से दो दिन के लिए बारामूला जिले में रहेंगे. नाइक गुरुवार और पोखरियाल शुक्रवार को श्रीनगर जाएंगे.

कश्मीर में 8 जबकि जम्मू में होंगीं 50 से अधिक बैठकें
अधिकारियों ने बताया कि आगामी चार दिन में कश्मीर (Kashmir) में केवल आठ बैठकें होंगी जबकि जम्मू क्षेत्र में ऐसी 50 से अधिक बैठकें और कार्यक्रम होंगे.कोई भी मंत्री आतंकवाद से पीड़ित दक्षिण कश्मीर के पुलवामा (Pulwama), शोपियां, अनंतनाग और कुलगाम में नहीं जाएगा. इसके अलावा मंत्री बडगाम, कुपवाड़ा और बांदीपुर भी नहीं जाएंगे.

जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म होने से लोगों को होने वाले लाभों से कराएंगे अवगत
इन दौरों का मकसद संविधान (Constitution) के अनुच्छेद 370 (Article 370) के निरसन के बाद जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा (special Status) हट जाने से होने वाले लाभों के बारे में लोगों को अवगत कराना है.

अधिकारियों (Officers) ने बताया कि यात्रा पर आने वाले मंत्री (ministers) लोगों से संवाद करेंगे और उनसे विकास के विषय पर बातचीत करेंगे.

यह भी पढ़ें: 'डी-रेडिकलाइजेशन कैंप अच्छा कदम, दविंदर सिंह के बांग्लादेश जाने की होगी जांच'

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए देश से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: January 20, 2020, 5:59 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर