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PM मोदी ने गुलाब नबी आजाद की तारीफ कर ली कांग्रेस की चुटकी, कहा- G-23 की बातें माने पार्टी

पीएम मोदी ने राज्यसभा में गुलाम नबी आजाद की तारीफ की
पीएम मोदी ने राज्यसभा में गुलाम नबी आजाद की तारीफ की

PM Modi reply in Rajyasabha: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उच्च सदन में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के जवाब के दौरान गुलाब नबी आजाद की तारीफ की और कांग्रेस को जी-23 की बात मानने की सलाह दी.

  • News18Hindi
  • Last Updated: February 8, 2021, 4:53 PM IST
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नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने सोमवार को राज्‍यसभा में राष्‍ट्रपति रामनाथ कोविंद (Ramnath Kovind) के अभिभाषण पर चर्चा का जवाब देते हुए कांग्रेस के आंतरिक घमासान पर चुटकी ली. प्रधानमंत्री मोदी ने कांग्रेस के असंतुष्ट खेमे के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद (Ghulam Nabi Azad) के बयान को लेकर कांग्रेस पर निशाना भी साधा. पीएम मोदी ने कहा कि गुलाम नबी आजाद ने जम्मू-कश्मीर (Jammu Kashmir) में विभिन्न चुनाव सफलतापूर्वक कराने पर केंद्र सरकार की प्रशंसा की. पीएम मोदी ने कहा- "गुलाम नबी को कठोर शब्दों का इस्तेमाल करने के लिए नहीं जाना जाता है और मेरा मानना ​​है कि यहां हर किसी को उनसे सीखना चाहिए. मैं इसके लिए उनका सम्मान करता हूं. उन्होंने हमें कश्मीर में चुनावों के लिए बधाई दी."

पीएम मोदी ने कहा, "मुझे खुशी है कि आजाद ने मेरी और मेरी सरकार की प्रशंसा की." इसके साथ ही उन्होंने आजाद और कांग्रेस पार्टी को इसके विपरीत कुछ भी न करने के लिए चेताया. प्रधानमंत्री ने कहा कि मुझे विश्वास है कि आपकी पार्टी के लोग इसे सही भावना से लेंगे. उन्होंने कहा कि उन्हें जी-23 के सुझावों को सुनकर उसके विपरीत कार्य करने की गलती नहीं करनी चाहिए.

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क्या है जी-23
प्रधानमंत्री ने जी-23 कांग्रेस के उस खेमे की ओर इशारा करते हुए कहा कि जिसने अगस्त 2020 में सोनिया गांधी को पत्र लिखकर पार्टी का सक्रिय अध्यक्ष होने और व्यापक संगठनात्मक बदलाव करने की मांग की थी. इसे कांग्रेस के कई नेताओं ने पार्टी नेतृत्व और खासकर गांधी परिवार को चुनौती दिए जाने के तौर पर लिया गया. कई नेताओं ने गुलाम नबी आजाद के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी की.

अगस्त में 23 कांग्रेस नेताओं ने सोनिया गांधी को पत्र लिखा था. इसमें पार्टी में 'फुल टाइम लीडरशिप' की मांग की गई थी. सोनिया को पत्र लिखने वालों में गुलाम नबी आजाद, आनंद शर्मा, कपिल सिब्बल (Kapil Sibal), मनीष तिवारी, शशि थरूर, विवेक तन्खा, मुकुल वासनिक, जितिन प्रसाद, भूपेंद्र सिंह हुड्डा, राजेंद्र कौर भट्टल, एम वीरप्पा मोइली, पृथ्वीराज चव्हाण, पीजे कुरियन, अजय सिंह, रेणुका चौधरी, मिलिंद देवड़ा, राज बब्बर, अरविंदर सिंह लवली, कौल सिंह ठाकुर, अखिलेश प्रसाद सिंह, कुलदीप शर्मा, योगानंद शास्त्री, संदीप दीक्षित के नाम शामिल थे.

प्रधानमंत्री मोदी ने पंजाब के सांसद प्रताप सिंह बाजवा की टिप्पणी को लेकर भी कांग्रेस पर तंज कसा. पीएम मोदी ने कहा, "वह इतनी विस्तार से बोल रहे थे कि मुझे लगा कि वह शीघ्र ही आपातकाल (अवधि) तक पहुंच जाएंगे और उस पर बोलेंगे, वह इससे केवल एक कदम दूर हैं लेकिन वह वहां नहीं गए. कांग्रेस इस देश को बहुत निराश करती है, आपने भी ऐसा किया है."
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