होम /न्यूज /राष्ट्र /भूस्थानिक सुविधाओं के लिए पीएमओ के नेतृत्‍व में एजेंसी बनाए राष्ट्रीय रणनीति: थिंक टैंक

भूस्थानिक सुविधाओं के लिए पीएमओ के नेतृत्‍व में एजेंसी बनाए राष्ट्रीय रणनीति: थिंक टैंक

हैदराबाद में मंगलवार को जियास्मार्ट इंडिया 2019 कार्यक्रम आयोजित किया गया.

हैदराबाद में मंगलवार को जियास्मार्ट इंडिया 2019 कार्यक्रम आयोजित किया गया.

थिंक टैंक ने मांग रखी है कि देश में भूस्थानिक सुविधाओं (Geospatial Services) को लेकर प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) या नी ...अधिक पढ़ें

    हैदराबाद. नैसकॉम के पूर्व अध्यक्ष डॉ. बीवीआर मोहन रे़ड्डी और पूर्व इसरो चीफ डॉ. ए.एस किरन कुमार के नेतृत्व वाले थिंक टैंक ने मांग रखी है कि देश में भूस्थानिक सुविधाओं (Geospatial Services) को लेकर प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) या नीति आयोग (Niti Aayog) के नेतृत्व में एक एजेंसी बनाई जाए. हैदराबाद में 3 दिसंबर को 'जियोस्पेशियल स्ट्रैटेजी फॉर न्यू इंडिया' डॉक्यूमेंट जारी किया. थिंक टैंक ने कहा, यह एजेंसी भूस्थानिक सुविधाओं और सेवाओं को लेकर एक राष्ट्रीय रणनीति बनाए. डॉ. बीवीआर मोहन रेड्डी और डॉ. किरन कुमार ने मांग की है कि भूस्थानिक सेवाओं और सुविधाओं के लिए राष्ट्रीय स्तर की रणनीति बनाई जानी चाहिए ताकि देश में जियोस्पेशियल इंडस्ट्री को आगे बढ़ाया जा सके. डॉ. मोहन रेड्डी ने कहा कि हमें पब्लिक सेक्टर की डेटा पैदा करने वाली एजेंसियों, केंद्र एवं राज्य सरकार, निजी जियोस्पेशियल कंपनियों और सिविल सोसाइटी को एक साथ लाना होगा. ताकि नए भारत के लिए नई भूस्थानिक रणनीति बना सकें.

    इस दस्तावेज में कहा गया है कि राष्ट्रीय स्तर पर एक स्वतंत्र एजेंसी बनाई जाए. वह जियोस्पेशियल को लेकर रोडमैप तैयार करे. इससे हम भूस्थानिक सेवाओं और सुविधाओं के जरिए देश में और तेजी से विकास ला सकते हैं. इसके साथ ही इससे रोजगार बढ़ेगा. ज्यादा तेजी से निर्णय लिए जा सकेंगे. पैसे और समय की बचत होगी. इस दस्तावेज में भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) की तरफ से लॉन्च किए गए इंडियन रीजनल नेविगेशन सैटेलाइट सिस्टम (IRNSS) या नाविक का सार्वजनिक रूप से इस्तेमाल शुरू हो. ताकि आम लोगों के पास भारतीय जीपीएस (स्वतंत्र क्षेत्रीय नेविगेशन सैटेलाइट सिस्टम) की सेवा पहुंच सके. इसमें रेलवे और जहाजरानी मंत्रालय को भी जोड़ा जा सकता है.

    दस्तावेज में यह मांग भी की गई है कि भूस्थानिक सेवाओं की बेहतरी और सुविधाओं में इजाफे के लिए जरूरी है कि हम बेहतर सैटेलाइट मैप हासिल करें. हमें ऐसे मैप चाहिए जो 1 मीटर रिजोल्यूशन के हो. ताकि हम सही और बेहतर नक्शे पर काम कर सकें. इससे डेटा कि निजता बनी रहेगी और साथ ही राष्ट्रीय सुरक्षा को भी खतरा नहीं होगा. स्मार्ट सिटी परियोजना, अम्रुत (AMRUT), RURBAN क्लस्टर, नेशनल हाइवे प्रोजेक्ट, भारतमाला, सागरमाला, नेशनल वाटरवेज प्रोजेक्ट, नमामि गंगे आदि.

    Tags: PMO

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें