चक्रवाती तूफान में बदलेगा 'यास', यहां चलेंगी 155-165km/h की रफ्तार से हवाएं; प्रशासन अलर्ट

Cyclone Yaas के आसार (AP Photo/Rafiq Maqbool)

Cyclone Yaas के आसार (AP Photo/Rafiq Maqbool)

Cyclone Yaas: आईएमडी के चक्रवात चेतावनी प्रभाग ने कहा, 'दबाव वाले क्षेत्र के उत्तर-उत्तर पश्चिम की ओर बढ़ने और 24 मई की सुबह तक चक्रवाती तूफान तथा इसके अगले 24 घंटों के दौरान बहुत गंभीर चक्रवाती तूफान में बदलने की संभावना है.'

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नई दिल्ली. भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने रविवार को कहा कि बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र अब दबाव वाले क्षेत्र में बदल गया है और वह बहुत गंभीर चक्रवाती तूफान (Cyclone Yaas) के रूप में 26 मई को पश्चिम बंगाल तथा ओडिशा तटों (West Bengal and Odisha) को पार करेगा. उसने कहा कि दबाव वाले क्षेत्र के सोमवार तक चक्रवाती तूफान यास में बदलने की संभावना है.

आईएमडी के चक्रवात चेतावनी प्रभाग ने कहा, 'दबाव वाले क्षेत्र के उत्तर-उत्तर पश्चिम की ओर बढ़ने और 24 मई की सुबह तक चक्रवाती तूफान तथा इसके अगले 24 घंटों के दौरान बहुत गंभीर चक्रवाती तूफान में बदलने की संभावना है. यह उत्तर-उत्तर पश्चिम की ओर बढ़ता रहेगा, और मजबूत होगा तथा 26 मई की सुबह तक पश्चिम बंगाल और उत्तर ओडिशा तटों के समीप उत्तर पश्चिम बंगाल की खाड़ी पहुंचेगा.'

26 मई तक इन क्षेत्रों को करेगा पार

उसने बताया, 'इसके 26 मई की शाम तक बहुत गंभीर चक्रवाती तूफान के तौर पर पारादीप और सागर द्वीपों के बीच उत्तर ओडिशा-पश्चिम बंगाल पार करने की संभावना है.' केंद्र के साथ ही राज्य सरकारें चक्रवात से निपटने की तैयारी कर रही हैं. चक्रवात के कारण 155-165 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलेगी.
पीएम मोदी ने बुलाई उच्च स्तरीय बैठक

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चक्रवात ‘यास’ से निपटने के लिए रविवार को एक उच्च स्तरीय बैठक में राज्यों एवं केंद्र सरकार की एजेंसियों की तैयारियों की समीक्षा की और समुद्री गतिविधियों में शामिल लोगों को समय से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए. प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने एक बयान में बताया कि मोदी ने अधिकारियों से राज्यों के साथ करीबी समन्वय स्थापित कर काम करने को कहा, ताकि अत्यधिक जोखिम वाले इलाकों से लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा सके.

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उन्होंने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि विद्युत आपूर्ति या संचार नेटवर्क बाधित होने पर उसे तेजी से दुरुस्त किया जाए. पीएम मोदी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे यह सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकारों के साथ उचित समन्वय स्थापित करें और योजना बनाएं कि अस्पतालों में कोविड-19 Cyclone Yaasउपचार एवं टीकाकरण बाधित नहीं हो.

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