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CAB 2019: इन तीन राज्यों में लागू नहीं होगा नया नागरिकता कानून, जानें वजह

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Updated: December 13, 2019, 9:19 AM IST
CAB 2019: इन तीन राज्यों में लागू नहीं होगा नया नागरिकता कानून, जानें वजह
नए कानून के खिलाफ प्रदर्शन

नए नागरिकता कानून ((Citizenship Amendment Bill 2019) पास होने के बाद उत्तर-पूर्वी राज्यों में हालात तनावपूर्ण है. गुवाहाटी में देर रात उग्र विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस को हालात पर काबू पाने के लिए हवाई फायरिंग करनी पड़ी, जिससे 2 लोगों की मौत हो गई. कई लोग घायल भी हुए हैं. कई राज्य इसे लागू करने के पक्ष में नहीं है.

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  • Last Updated: December 13, 2019, 9:19 AM IST
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नई दिल्ली. नागरिकता संशोधन विधेयक (Citizenship Amendment Bill 2019) को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद (President Ram Nath Kovind) ने गुरुवात देर रात मंजूरी दे दी. अब ये बिल कानून बन गया है. इस बिल के खिलाफ असम और नॉर्थ ईस्ट के राज्यों में भारी प्रदर्शन हो रहे हैं. इस बीच पश्चिम बंगाल, केरल और पंजाब ने कहा है कि वो नए नागरिकता बिल को नहीं मानेंगे और इसे लागू नहीं किया जाएगा.

पंजाब में अमरिंदर सिंह का हल्लाबोल
पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने इस कानून को असंवैधानिक और देश को बांटने वाला करार दिया है. उन्होंने ऐलान किया है कि नए नागरिकता कानून को किसी भी हाल में पंजाब में लागू नहीं करने दिया जाएगा. कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि नागरिकता संसोधन विधेयक को लागू होने से रोकने के लिए पंजाब विधानसभा में जल्द ही एक प्रस्ताव भी लाया जाएगा. सीएम अमरिंदर ने कहा कि संसद के पास ऐसा कोई कानून पारित करने का अधिकार नहीं था, जिसने संविधान को परिभाषित किया जा सके. साथ ही उन्होंने कहा कि ये मूल सिद्धांतों और भारत के लोगों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन है.

पश्चिम बंगाल में भी हंगामा
पश्चिम बंगाल सरकार भी इस कानून को लागू करने के मूड में नहीं है. तृणमूल सरकार में मंत्री डेरेक ओ ब्रायन ने केंद्र सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल में एनआरसी और कैब दोनों लागू नहीं किए जाएंगे. ममता बनर्जी ने इस कानून का नाम लिए बिना कहा है कि पश्चिम बंगाल में हम जाति, पंथ या धर्म के नाम पर कोई भेदभाव नहीं करते हैं. उन्‍होंने कहा कि हम लोगों में कभी फूट डालो, राज करो की नीति नहीं अपनाएंगे.

केरल भी खिलाफ
केरल ने भी इस कानून को लागू करने से मना कर दिया है. वहां के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने गुरुवार को कहा कि संसद में पारित नागरिकता (संशोधन) विधेयक राज्य में लागू नहीं किया जाएगा. विजयन ने केंद्र सरकार की आलोचना की और कहा कि असंवैधानिक विधेयक के लिए केरल में कोई जगह नहीं होगी और राज्य इसे लागू नहीं करेगा. विजयन ने ट्वीट कर कहा, ‘देश में लोकतंत्र खतरे में है. भाजपा ने स्पष्ट कर दिया है कि उसका मुख्य राजनीतिक औजार सांप्रदायिकता है.’विजयन ने कहा कि यह दुनिया के समक्ष भारत को अपमानित करता है.

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First published: December 13, 2019, 8:54 AM IST
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