बुलेट ट्रेन के लिए कभी नहीं तय हुई साल 2022 की डेटलाइन- पीयूष गोयल

बीते दिनों आई मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अब तक जरूरी 1387 हेक्टेयर भूमि में से सिर्फ 39 प्रतिशत भूमि का ही अधिग्रहण हो पाया है.

News18Hindi
Updated: July 6, 2019, 6:29 PM IST
बुलेट ट्रेन के लिए कभी नहीं तय हुई साल 2022 की डेटलाइन- पीयूष गोयल
बीते दिनों आई मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अब तक जरूरी 1387 हेक्टेयर भूमि में से सिर्फ 39 प्रतिशत भूमि का ही अधिग्रहण हो पाया है.
News18Hindi
Updated: July 6, 2019, 6:29 PM IST
रेल मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि मुंबई से अहमदाबाद तक के लिए बुलेट ट्रेन चलाने के लिए साल 2022 तक कभी कोई डेड लाईन नहीं थी. एक इंटरव्यू में गोयल ने यह दावा किया. अंग्रेजी अखबार हिन्दुस्तान टाइम्स को दिए एक इंटरव्यू में गोयल से सवाल किया गया कि बुलेट ट्रेन पर मौजूदा अपडेट क्या है और क्या वह (गोयल) मानते हैं कि साल 2022 तक यह योजना पूरी हो जाएगी?

इस सवाल के जवाब में गोयल ने कहा- साल 2022 कभी डेटलाइन रही ही नहीं. उस वक्त तक हम इस परियोजना का एक छोटा हिस्सा पूरा करने की कोशिश करेंगे. जापान की ओर से साल 2023 डेटलाइन रखी गई है. हमने उनसे निवेदन किया है कि कुछ हिस्से को जल्द से जल्द पूरा किया जा सकता है.

बता दें कि मोदी सरकार की बड़ी महत्वाकांक्षी योजना बुलेट ट्रेन के काम को तेज़ करना. बुलेट ट्रेन के रास्ते में सबसे बड़ी अड़चन ज़मीन अधिग्रहण का मुद्दा है और सरकार इस मुद्दे को जल्द से जल्द सुलझाने पर ज़ोर देने वाली है. इसके लिए रेल मंत्री पीयूष गोयल ने बजट से ठीक पहले सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों को चिट्ठी भी लिखी थी ताकि अलग अलग राज्य सरकारें रेलवे के काम को आगे बढ़ाने में सहयोग करें.

यह भी पढ़ें:  देश की पहली बुलेट ट्रेन के नाम के लिए लोगों से मांगी थी राय, इन सारे नामों के आए सुझाव

भूमि अधिग्रहण बड़ा मुद्दा

बीते दिनों आई मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अब तक जरूरी 1387 हेक्टेयर भूमि में से सिर्फ 39 प्रतिशत भूमि का ही अधिग्रहण हो पाया है. परियोजना के लिए महाराष्ट्र और गुजरात में आवश्यक 1387 हेक्टेयर भूमि में से 537 हेक्टेयर भूमि का ही अधिग्रहण हो पाया है.

गुजरात में 940 हेक्टयेर भूमि में से 471 हेक्टेयर और महाराष्ट्र में 431 में से 66 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया गया. जबकि दादरा और नगर हवेली में जरूरी 9 हेक्टेयर भूमि में से कुछ भी अधिग्रहीत नहीं किया गया है.
Loading...

 15 अगस्त, 2022  है समय सीमा

बता दें कि सरकार ने भूमि अधिग्रहण के अवरोध को समाप्त करने के लिए दिसंबर 2018 तक की समयसीमा तय की थी. हालांकि 1.08 लाख करोड़ रुपये की परियोजना के लिए जमीन अधिग्रहण का आधा काम भी पूरा नहीं हो पाया है.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जापानी प्रधानमंत्री शिजों आबे के साथ साल 2017 में 508 किलोमीटर लंबी अहमदाबाद-मुंबई हाई-स्पीड रेल परियोजना की आधारशिला रखी थी.  भारत की प्रस्तावित पहली बुलेट ट्रेन अहमदाबाद और मुंबई के बीच चलेगी.  सरकार ने भारत के 75वें स्वतंत्रता दिवस यानी 15 अगस्त, 2022 तक इस परियोजना को पूरा करने की समयसीमा रखी है.

यह भी पढ़ें:   केंद्र सरकार जापान से खरीदेगी बुलेट ट्रेन
First published: July 6, 2019, 6:29 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...