आर्टिकल 370 और 35A को लेकर राज्‍यसभा में हुआ घमासान, नेताओं ने दिए ऐसे बयान

अश्विनी कुमार ने कहा कि बीजेपी से सवाल क्यों? ये तो बीजेपी के मेनिफेस्टो में था. सरकार ने सुरक्षा का हवाला देकर ये फ़ैसला लिया तो दूसरी विपक्षी पार्टियों को भी दलगत राजनीति से ऊपर उठकर इस पर चर्चा करनी चाहिए.

Ranjeeta Jha | News18Hindi
Updated: August 5, 2019, 9:13 PM IST
आर्टिकल 370 और 35A को लेकर राज्‍यसभा में हुआ घमासान, नेताओं ने दिए ऐसे बयान
विपक्ष तो विपक्ष कांग्रेस के अंदर भी इसको लेकर दो फाड़ नज़र आया.
Ranjeeta Jha
Ranjeeta Jha | News18Hindi
Updated: August 5, 2019, 9:13 PM IST
जम्मू कश्मीर से धारा 370 हटाने की घोषणा के साथ राज्यसभा में विपक्षी पार्टियों ने हंगामा शुरू कर दिया. राज्यसभा में विपक्ष के नेता गुलाम नवी आज़ाद ने कहा कि ये लोकतंत्र के लिए काला दिन है तो गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि जिस नियम के तहत विपक्ष बहस करना चाहती है करे, लेकिन जम्मू-कश्मीर के लिए धारा 370 एक सेकेंड के लिए भी जरूरी नहीं है.

विपक्ष तो विपक्ष कांग्रेस के अंदर भी इसको लेकर दो फाड़ नज़र आया. बिल पेश होने से ठीक पहले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा में कांग्रेस के चीफ व्हिप भुवनेश्वर कलिता ने राज्यसभा की सदस्यता के साथ कांग्रेस से भी इस्तीफा दे दिया. वहीं पार्टी के एक और बड़े नेता और पूर्व केंद्रीय कानून मंत्री अश्विनी कुमार ने सरकार के फैसले को साहसी बताया.

अश्विनी कुमार ने कही ये बात
न्यूज़ 18 से खास बातचीत में अश्विनी कुमार ने कहा कि बीजेपी से सवाल क्यों? ये तो बीजेपी के मेनिफेस्टो में था. सरकार ने सुरक्षा का हवाला देकर ये फ़ैसला लिया तो दूसरी विपक्षी पार्टियों को भी दलगत राजनीति से ऊपर उठकर इस पर चर्चा करनी चाहिए. जबकि अश्विनी कुमार ने भुवनेश्वर कलिता के इस्तीफे और पत्र पर बोलते हुए कहा कि कलिता पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं और उन्होंने जो कहा कि पार्टी को इस पर ध्यान देना चाहिए. हालांकि उन्होंने सरकार को भी नसीहत दी कि देश के लिए ये बड़ा फैसला था ऐसे में सभी पार्टियों के बड़े नेताओं को कॉन्फिडेंस ले लेकर अगर ये काम होता तो सरकार का इतना विरोध भी नहीं होता.

उन्होंने कहा, 'विपक्ष होने का ये मतलब नहीं कि सरकार के हर फैसले की मुखालफत करे. ये फैसला देश के लिए सही है या गलत ये इतिहास बताएगा.'

धारा 370 को लेकर कांग्रेस के किस बड़े नेता ने क्या कहा?
>>गुलाम नवी आज़ाद (राज्यसभा में विपक्ष के नेता)-लोकतंत्र के लिए आज काला दिन है. लोकतंत्र की हत्या की है बीजेपी ने. ये देश के संविधान के खिलाफ है. 370 जम्मू-कश्मीर से देश जोड़ता था, जिसे आज अलग कर दिया गया है.
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गुलाम नवी आज़ाद ने आर्टिकल 370 को खत्‍म करना इतिहास का काला दिन बताया है.


>>पी चिदंबरम(पूर्व गृहमंत्री)- ये असंवैधानिक और गैरकानूनी फैसला है. ये भारतीय संविधान के लिए अब तक का सबसे खराब दिन है. ये इसका दुरुपयोग दूसरे राज्यों में भी कर सकते हैं.

>>भुवनेश्वर कलिता(राज्यसभा में कांग्रेस के चीफ व्हिप)- कलिता ने मीडिया में बयान नहीं दिया, लेकिन पार्टी से इस्तीफा देते हुए कहा कि कांग्रेस का विप जनभावना के खिलाफ है. आज कांग्रेस की विचारधारा से लगता है कांग्रेस आत्महत्या करना चाहती है. मेरा मानना है कि इस पार्टी को अब तबाह होने से कोई नहीं बचा सकता.

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आर्टिकल 370 हटाने पर बौखलाया पाकिस्तान, कहा- कश्मीर पर एकतरफा फैसला
First published: August 5, 2019, 7:11 PM IST
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