मोदी सरकार की बड़ी जीत, राज्यसभा में भी पास हुआ तीन तलाक बिल

राज्यसभा में तीन तलाक बिल पास हो गया है. राज्यसभा में इस बिल के पक्ष में 99 वोट पड़े वहीं इस बिल के विपक्ष में 84 वोट पड़े.

News18Hindi
Updated: July 30, 2019, 7:07 PM IST
मोदी सरकार की बड़ी जीत, राज्यसभा में भी पास हुआ तीन तलाक बिल
राज्यसभा में तीन तलाक बिल पास हो गया है. राज्यसभा में इस बिल के पक्ष में 99 वोट पड़े वहीं इस बिल के विपक्ष में 84 वोट पड़े.
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Updated: July 30, 2019, 7:07 PM IST
राज्यसभा में तीन तलाक बिल पास हो गया है. राज्यसभा में इस बिल के पक्ष में 99 वोट पड़े वहीं इस बिल के विपक्ष में 84 वोट पड़े. चर्चा के बाद बिल को सेलेक्‍ट कमेटी के पास भेजने के प्रस्‍ताव पर वोटिंग कराई गई. अब किसी भी तरीके से तलाक देना अपराध है. बिल में 3 साल की सजा और जुर्माने का भी प्रावधान है.

राज्‍यसभा में तीन तलाक बिल पर चर्चा के बाद बिल को सेलेक्‍ट कमेटी के पास भेजने के प्रस्‍ताव पर वोटिंग हुई. सदन में पर्ची के माध्‍यम से वोटिंग कराई गई. कई सांसदों ने बिल को कमेटी के पास भेजने की मांग की थी. लेकिन वोटिंग में सेलेक्ट कमेटी को भेजने का प्रस्ताव खारिज हो गया. सेलेक्ट कमेटी को बिल भेजने के प्रस्ताव के पक्ष में 84 वोट पड़े जबकि विपक्ष में 100 वोट पड़े.

इससे पहले राज्‍यसभा में इस बिल की चर्चा को दौरान तीन तलाक बिल का जवाब देते हुए केंद्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने चर्चा में हिस्‍सा लेने वाले सभी सांसदों का आभार जताते हुए कहा कि पैगंबर साहब ने हजारों साल पहले ही इसे गलत बता दिया था. लेकिन, हम 2019 में इसपर बहस कर रहे हैं. विपक्षी लोग एक साथ तीन तलाक बिल को गलत बता रहे हैं.

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भूपेंद्र यादव बोले ये राजनीतिक बिल नहीं
वहीं भाजपा सांसद भूपेंद्र यादव ने बिल का समर्थन करते हुए कहा कि यह देश की महिलाओं की लड़ाई है, यह कोई राजनीतिक बिल नहीं है. महिलाओं ने पहले अपनी लड़ाई लड़ी, उसके बाद कानून की जरूरत को समझा गया. इसके लिए वो महिलाएं धन्‍यवाद की पात्र हैं.

भूपेंद्र यादव ने कहा कि किसी महिला को प्रताड़ित करना भी सामाजिक अव्‍यवस्‍था है. अगर मुस्लिमों में निकाह करार है तो भी महिलाओं के जीवन को असुरक्षित करने का हक किसी को नहीं है. इस बिल को लाकर सरकार ने बहुत बड़ा काम किया है.
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AIADMK और JDU ने किया वॉकआउट
वहीं राज्यसभा में AIADMK के सांसदों ने तीन तलाक बिल को सेलेक्ट कमेटी के पास भेजने की मांग करते हुए सदन से वॉक आउट कर दिया. इससे पहले सरकार की सहयोगी पार्टी जेडीयू के सांसदों ने भी वॉक आउट कर दिया.

वहीं राज्‍यसभा में पीडीपी सांसद मीर मोहम्मद फैयाज ने तीन तलाक बिल का विरोध करते हुए कहा कि अच्‍छा लगा, सरकार को 70 साल बाद मुस्लिम औरतों की याद आई. कश्‍मीर में लगभग 1 लाख विधवा महिलाएं हैं और मेरे जिले के एक गांव में तो 422 विधवा और हजारों बच्‍चे यतीम हैं. वहां की मां-बहनों को इस बात की चिंता रहती है कि कभी उनकी बात संसद में होगी या नहीं.

लोकसभा में विपक्ष में पड़े थे सिर्फ 82 वोट
इससे पहले लोकसभा के मानसून सत्र में गुरुवार को ट्रिपल तलाक बिल पेश किया गया था. बिल पर दिन भर बहस चली और शाम को यह बिल लोकसभा में पास हो गया. इस बिल के पक्ष में 303 और विपक्ष में 82 वोट पड़े. कांग्रेस, डीएमके, एनसीपी, टीडीपी और जेडीयू ने इस बिल का विरोध किया था.

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First published: July 30, 2019, 6:40 PM IST
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