लाइव टीवी

RSS अगले साल शुरू कर सकता है ऑनलाइन एग्रीगेटर और डिजिटल न्यूज चैनल

D P Satish | News18Hindi
Updated: November 11, 2019, 3:42 PM IST
RSS अगले साल शुरू कर सकता है ऑनलाइन एग्रीगेटर और डिजिटल न्यूज चैनल
संघ अगले साल शुरू कर सकता है डिजिटल न्‍यूज चैनल.

राष्‍ट्रीय स्‍वयंसेवक संघ (RSS) फरवरी 2020 तक डिजिटल न्‍यूज चैनल (Digital News Channel) लाने पर काम कर रहा है. 'रितम' नाम के इस प्रोजेक्‍ट के तहत सभी प्रमुख अंग्रेजी और क्षेत्रीय भाषाओं के न्यूज चैनल (News Channel) शामिल होंगे और वे यूट्यूब पर अपने खुद के कंटेंट को भी यहां पेश करेंगे.

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 11, 2019, 3:42 PM IST
  • Share this:
बेंगलुरु. अगर सबकुछ ठीकठाक रहा, तो फरवरी 2020 में राष्‍ट्रीय स्‍वयंसेवक संघ (RSS) ऑनलाइन एग्रीगेटर प्लेटफार्म (Online News Aggregator) शुरू कर सकता है. संघ ने इस बारे में काम शुरू कर दिया है और इसका नाम 'रितम' रखा है. इस शब्‍द का अर्थ है पूर्ण सत्य. इससे जुड़े संघ के बड़े अधिकारी का कहना है कि इसका उद्देश्य आधुनिकतम तकनीक को अपनाने के साथ-साथ और राष्ट्रवाद व आरएसएस के बारे में लोगों में जानकारियों का प्रसार करना होगा.

प्रोजेक्‍ट का नाम होगा रितम
कुछ पत्रकारों का एक छोटा समूह और तकनीकी जानकार इस परियोजना पर दिल्ली के झंडेवालान स्थित पार्टी कार्यालय में पिछले कुछ माह से काम कर रहे हैं. 'रितम' के तहत सभी प्रमुख अंग्रेजी और क्षेत्रीय भाषाओं के न्यूज चैनल शामिल होंगे और वे यूट्यूब पर अपने खुद के कंटेंट को भी यहां पेश करेंगे. 'रितम' पर इस समय मौजूद सभी बड़े न्यूज चैनल उपलब्ध होंगे. इस प्लेटफार्म तक सबकी पहुंच होगी.

भारतीय नजरिये को बढ़ाएगा आगे

अधिकारी ने बताया कि हमारा यूट्यूब चैनल राष्ट्रवाद और भारतीय नजरिये को आगे बढाने पर अपना ध्यान केन्द्रित करेगा. हमने पाया है कि आम दायरे में भारतीय नजरिये का अभाव है. हमारे पास सबकुछ है पर अपना नजरिया नहीं है. आरएसएस देश भर में 30 से अधिक शोध संस्थाएं चलाता है.

इस प्रोजेक्‍ट से जुड़े एक वरिष्ठ पत्रकार ने बताया कि वे इस निष्कर्ष पर पहुंचे हैं कि देसी नजरिये को अपने खुद के प्लेटफार्म के माध्यम से आगे बढाया जाना चाहिए. इसी उद्देश्य से हम 'रितम' को शुरू करने जा रहे हैं. सभी लोग इस ओर आकर्षित हों और सबको यह पसंद आए इसलिए इसे एग्रीगेटर प्लेटफार्म बनाया जा रहा है.

डिजिटल ही क्यों चुना गयाइस पत्रकार के अनुसार, अपने शोध में उन्होंने पाया है कि परंपरागत केबल और निजी टीवी चैनलों के दिन लद रहे हैं और डिजिटल का प्रसार पूरे देश और दुनिया में हो रहा है. 'हम युवाओं को लक्ष्यित करना चाहते हैं. वे हमारे मुख्य लक्ष्य हैं. हम ऐसा कंटेंट तैयार करना चाहते हैं जो उन्हें पसंद है. निजी चैनल चलाना खर्चीला है. हमारा मानना है कि अगले 5-10 साल में टीवी का दौर खत्म हो जाएगा. क्योंकि इंटरनेट का प्रसार बढ़ रहा है. इससे पहले कि ज्यादा देर हो जाए, हम नए वैश्विक माध्यमों को अपनाना चाहते हैं,'

सोशल मीडिया पर बढ़ेगी पहुंच
उन्‍होंने बताया कि इस समय यह टीम संघ के कार्यालय से काम कर रही है और जब चैनल शुरू हो जाएंगे तो हम किसी नए स्थान पर अपना शिफ्ट हो जाएंगे. रितम की अपनी वेबसाइट भी होगी. उसके अपने फेसबुक चैनल होंगे और वे हर सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर अपने कंटेंट को बहुत ही सघनता से आगे बढ़ाना चाहते हैं.

इस मामले के बारे में ज्यादा जानकारी रखने वाले आरएसएस कार्यकर्ताओं के अनुसार, आरएसएस इसके लिए पैसे दे रहा है और शुरू में वे इससे लाभ कमाने का लक्ष्य नहीं रख रहे हैं. इससे जुड़े एक पत्रकार का कहना है कि यह कोई व्यवसाय के लिए नहीं किया जा रहा है. हम डिजिटल स्पेस में कुछ नया करना चाहते हैं. अगर हमारा उद्यम अपने पैरों पर खडा हो पाता है, तो यह हमारे लिए पर्याप्त होगा.

यह भी पढ़ें: महाराष्ट्र LIVE: शरद पवार से मिले उद्धव ठाकरे, अब गवर्नर से शिवसेना की 5 बजे होगी मुलाकात

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए देश से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: November 11, 2019, 3:42 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर