अयोध्या: इस शहर आ रहे लाल पत्थर, जानिए कितना हो चुका है मंदिर निर्माण का कार्य

अयोध्या राम जन्मभूमि निर्माण: मिर्जापुर से आएंगे लाल पत्थर, अक्टूबर तक पूरी हो जाएगी बुनियाद.

अयोध्या राम जन्मभूमि निर्माण: मिर्जापुर से आएंगे लाल पत्थर, अक्टूबर तक पूरी हो जाएगी बुनियाद.

मंदिर निर्माण के लिए 400 फीट लंबा 300 फीट चौड़ा और 50 फिट गहरा भूखंड बुनियाद के लिए खोदा गया है, जिसमें 12 इंच मोटी लेयर बिछाई जाने के बाद उसको वाइब्रेटर से 2 इंच दबाया जा रहा है. मंदिर निर्माण के लिए प्रत्येक लेयर कंप्लीट करने में 4 से 5 दिन लग रहे हैं. बुनियाद भरने का काम अक्टूबर माह तक पूरा हो जाएगा.

  • Share this:

अयोध्या. अयोध्या ( Ayodhya) में भगवान राम लला के भव्य मंदिर का निर्माण कार्य तेजी के साथ चल रहा है. राम जन्म परिसर में भगवान के मंदिर निर्माण के लिए बुनियाद भरी जा रही है. मंदिर निर्माण के लिए 400 फीट लंबा 300 फीट चौड़ा और 50 फिट गहरा भूखंड बुनियाद के लिए खोदा गया है, जिसमें 12 इंच मोटी लेयर बिछाई जाने के बाद उसको वाइब्रेटर से 2 इंच दबाया जा रहा है. मंदिर निर्माण के लिए प्रत्येक लेयर कंप्लीट करने में 4 से 5 दिन लग रहे हैं. बुनियाद भरने का काम अक्टूबर माह तक पूरा हो जाएगा.

रामलला मंदिर के बेस प्लिंथ के लिए लाल पत्थर मंगाए जा रहे हैं, जो जल्द मिर्जापुर से आएंगे. ट्रस्ट ने मिर्जापुर के लाल पत्थरों का आर्डर भी दे दिया है. एक निश्चित आकार के पत्थरों को रामजन्म परिसर में बने कार्यशाला में तराशा जाएगा. इसके बाद दिसंबर माह मंदिर का बेस प्लिंथ बनाने का काम शुरू हो जाएगा. मंदिर निर्माण के काम में गति बनी रहे इसके लिए कार्यदाई संस्था दो शिफ्ट में मजदूरों से काम करवा रही है. प्रत्येक शिफ्ट में 12- 12 घंटे मजदूर काम कर रहे हैं और सब लगभग प्रतिदिन मंदिर निर्माण के लिए 18 से 20 घंटे काम राम जन्म भूमि में चल रहा है.

राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य डॉ अनिल मिश्रा ने बताया कि अगर कोई प्राकृतिक बाधा नहीं आती  हैं तो रामलला के मंदिर निर्माण के लिए भरी जाने वाली नींव की एक लेयर 4 से 5 दिन में पूरी कर दी जाती है . कार्य तेजी के साथ आगे बढ़ रहा है और यह विश्वास है कि अक्टूबर तक नींव भरने का काम पूरा कर लिया जाएगा. पांचवी लेयर पूरी होने वाली है. बेस प्लिंथ के लिए मिर्जापुर से एक निश्चित आकार में लाल पत्थर काटकर के वहीं से राम जन्म परिसर में आएगा.

राम जन्मभूमि परिसर में स्थित कार्यशाला पर उसकी मेजरमेंट के अनुसार उन पत्थरों को सेट किया जाएगा. कार्यदाई संस्था एलएंडटी ने उन पत्थरों की आपूर्ति करने वालों को चिन्हित कर लिया है और उसका ट्रायल भी कर लिया है. इन पत्थरों की आवश्यकता दिसंबर माह से पड़ेगी. राम जन्मभूमि परिसर की कार्यशाला जून माह में ही यथासंभव प्रारंभ होने की संभावना है. मंदिर निर्माण का कार्य 24 घंटे किया जा रहा है. कार्यदाई संस्था के मजदूर 12 -12 घंटे की शिफ्ट के अनुसार मंदिर निर्माण के कार्य में लगे हैं.

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज