स्वामी विवेकानंद ने भारत के प्रति दुनिया के दृष्टिकोण को दी चुनौती : प्रधानमंत्री मोदी

पीएम मोदी ने कहा कि हमारा देश गरीब था. हम पिछड़े लोगों में गिने जाते थे. लोग हमें हेय दृष्टि से देखते थे. लेकिन स्वामी विवेकानंद ने दुनिया के विचार को चुनौती दी.

News18Hindi
Updated: September 11, 2018, 6:00 PM IST
स्वामी विवेकानंद ने भारत के प्रति दुनिया के दृष्टिकोण को दी चुनौती : प्रधानमंत्री मोदी
(संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री मोदी)
News18Hindi
Updated: September 11, 2018, 6:00 PM IST
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वामी विवेकानंद के शिकागो में दिए गए विश्व प्रसिद्ध भाषण की 125वीं वर्षगांठ पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए लोगों से संवाद किया. प्रधानमंत्री ने अपने भाषण की शुरुआत तमिल भाषा से की. उन्होंने कहा कि यह दिन केवल भाषण  तक सीमित नहीं होना चाहिए.

उन्होने कहा कि एक भारत और श्रेष्ठ भारत का सपना स्वामी विवेकानंद का संदेश है. स्वामी जी ने प्राचीन भारत और संस्कृति की बात की. उन्होंने कहा था शिकागो धर्म सभा भारत और भारतीय विचारों के लिए सदा याद की जाएगी.

पीएम मोदी ने कहा कि अगर स्वामी जी के काल को देखा जाए तो शिकागो में दिए गए उनके भाषण का महत्व कई गुना बढ़ जाता है. उन्होंने कहा कि उस वक्त हमारा देश गुलाम था.  हमारा देश गरीब था. हम पिछड़े लोगों में गिने जाते थे. लोग हमें हेय दृष्टि से देखते थे. लेकिन स्वामी विवेकानंद ने दुनिया के विचार को चुनौती दी. उन्होंने हमारे देश के बारे में दुनिया के दृष्टिकोण को बदल दिया. उन्होंने दुनिया को वैदिक दर्शन से परिचित करवाया.

पीएम मोदी ने कहा कि स्वामी विवेकानन्द ने भारतीयों को फिर आत्मविश्वास और गौरव के भाव से भरकर उन्हें अपनी जड़ों की तरफ वापस लौटाया. उन्होंने कहा कि स्वामी जी ने हमें याद दिलाया कि भारत सदियों से अध्यात्म एवं दर्शन की भूमि रहा है. प्रधानमंत्री ने कहा कि स्वामी जी के भाषण ने भारतीय स्वतंत्रता संग्राम को एक नई दिशा थी. भारतीय इसके बाद हम कर सकते हैं कि भावना से भर गए.

स्वामी विवेकानन्द द्वारा बताए गए आत्मविश्वास की बात पर बोलते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि हम  गरीबों, वंचितों और शोषितों का आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि इसका प्रभाव भारत के युवाओं और बेटियों में देखा जा सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि हाल ही में संपन्न हुए एशियन खेलों से साबित हो गया है कि गरीबी प्रतिभा को नहीं रोक सकती है.

इसे भी पढ़ें-
भारतीय अरबपति ने बेटी को विदेश पढ़ने भेजा, 'सेवा' में लगी 12 लोगों की टीम
Loading...
अब बिहार के सासाराम में मॉब लिंचिंग, भीड़ ने पीट-पीटकर ले ली चोर की जान
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर