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पुणे: सुहागरात पर दुल्हनों के वर्जिनिटी टेस्ट के खिलाफ कैंपेन चला रहे 3 युवकों की पिटाई

पुणे: सुहागरात पर दुल्हनों के वर्जिनिटी टेस्ट के खिलाफ कैंपेन चला रहे 3 युवकों की पिटाई

मामले में पुलिस ने अब तक 40 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है.

मामले में पुलिस ने अब तक 40 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है.

महाराष्ट्र के पुणे में सुहागरात पर दुल्हनों के वर्जिनिटी टेस्ट के खिलाफ आवाज़ उठाने वाले एक समूह के तीन सदस्यों की पिटाई का मामला सामने आया है.

    पुणे में सुहागरात पर दुल्हनों के वर्जिनिटी टेस्ट के खिलाफ आवाज़ उठाने वाले एक समूह के तीन सदस्यों की पिटाई का मामला सामने आया है. मामले में पुलिस ने अब तक 40 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है. मंगलवार को दो आरोपियों को गिरफ्तार भी किया गया है.

    जानकारी के मुताबिक, समूह के तीनों सदस्यों को उनके ही समुदाय के लोगों (कंजरभट) ने पीटा है. शिकायतकर्ता प्रशांत अंकुश इंद्रेकर ने पुणे के पिंपरी थाने में मामला दर्ज कराया है.

    उनके मुताबिक, उन्हें रविवार को व्हाट्सऐप ग्रुप पर शादी का न्यौता मिला था. वह अपने परिवार और दोस्तों के साथ शादी में पहुंचे थे. रात 9 बजे शादी की रस्में पूरी होने के बाद जात पंचायत ने बैठक की. जिसमें पंचायत ने दूल्हा-दुल्हन से पैसे लेने और सुहागरात पर दुल्हन के वर्जिनिटी टेस्ट का फैसला लिया."

    शिकायतकर्ता के मुताबिक, वे शादी में किसी प्रथा का विरोध करने नहीं गए थे. लेकिन, कुछ लोगों को पता था कि वह सुहागरात पर दुल्हनों के वर्जिनिटी टेस्ट के खिलाफ सोशल मीडिया कैंपेन चला रहे हैं. इन लोगों ने शादी समारोह में उन्हें देखा, तो भड़क गए. लाठी-डंडों से उनके और दोस्तों की पिटाई कर दी."

    शिकायतकर्ता प्रशांत के मुताबिक, वह 'स्टॉप द वी वर्चुअल' नाम से व्हाट्सएप ग्रुप चलाते हैं. इस ग्रुप के जरिए वे कंजरभट समुदाय में प्रचलित दुल्हनों के वर्जिनिटी टेस्ट के खिलाफ आवाज़ उठा रहे हैं.

    इस मामले में पिंपरी के सीनियर पुलिस इंस्पेक्टर श्रीधर जाधव ने बताया, "हमने इस मामले में अमोल भट और मधुकर भट को गिरफ्तार किया है. बाकी आरोपियों की तलाश जारी है." उन्होंने बताया कि प्रथा के नाम पर मारपीट गलत है. दोषियों पर कड़ी कार्रवाई होगी."

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