'तालिबान ने जो बुद्ध प्रतिमा के साथ किया वैसा ताजमहल के साथ क्यों नहीं?'

'तालिबान ने जो बुद्ध प्रतिमा के साथ किया वैसा ताजमहल के साथ क्यों नहीं?'
फाइल फोटो - ताजमहल

यूपी में बीजेपी विधायक संगीत सोम ने एक बार फिर विवादित बोल बोले हैं

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 16, 2017, 8:09 PM IST
  • Share this:
यूपी में बीजेपी विधायक संगीत सोम ने एक बार फिर विवादित बोल बोले हैं. मेरठ में आयोजित एक कार्यक्रम में संगीम सोम ने कहा कि यूपी और केंद्र सरकार उस इतिहास को सही रास्ते पर ले जाने का काम कर रही है क्योंकि मुगलों की कलंक कथा किताबों में लिखी गई है.

उन्होंने कहा- ताजमहल को एक विदेशी हमलावर ने बनाया था. कुछ लोगों को इस बात पर बहुत दर्द है कि ताजमहल ऐतिहासिक स्थलों की लिस्‍ट से कैसे निकाल दिया गया. ताजमहल को बनाने वाले ने अपने पिता को कैद कर लिया था और हिंदुओं पर अत्याचार भी किए थे. ऐसे लोगों का आज भी इतिहास में नाम होगा तो ये दुर्भाग्य की बात है. मैं गारंटी से कहता हूं इतिहास बदला जायेगा , इतिहास बदल रहा है, पिछले बहुत सालों में इस हिंदुस्तान में इतिहास बिगाड़ने का काम किया गया है.

दरअसल,  इस बार इंटनेशनल स्तर पर पर्यटकों को लुभाने के लिए जारी बुकलेट में भारत में सबसे ज्यादा पर्यटकों को लुभाने वाले ताजमहल की तस्वीर नदारद थी. हालांकि इस मुद्दे पर विवाद बढ़ने पर यूपी की पर्यटन मंत्री रीता बुहुगुणा जोशी ने सफाई दी थी कि यूपी सरकार ने ताजमहल और आसपास के इलाके के विकास के लिए 156 करोड़ रुपए खर्च करने की योजना बना रही है.



संगीत सोम का ये मौजूदा बयान भी इस विवाद के इर्दगिर्द ही था. इस बयान के बाद राजनीतिक प्रतिक्रिया भी देखने को मिली और सोशल मीडिया में भी इससे अछूता नहीं रहा. असदुद्दीन ओवैसी ने अपने ट्वीट में लिखा कि-दिल्ली का 'हैदराबाद हाउस' भी विदेशी हमवलावर ने बनाया था.. क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विदेशी नागरिकों की मेज़बानी बन्द करेंगे?
असदुद्दीन ओवैसी ने अपने अगले ट्वीट में लिखा- लालकिला भी विदेशी हमलावरों ने बनवाया है. क्या प्रधानमंत्री वहां झंडा फहराना बंद करेंगे.कॉमेडियन तन्मय भट्ट ने अपने टि्वटर अकाउंट पर लिखा है- एक बार फिर ताजमहल एजेंडा में है. एक बार फिर आज नेशनल डिबेट में हिंदू-मुसलमान का शोर होगा.वहीं नितिन लिखते हैं कि ताजमहल को बहस में लाकर सरकार स्वास्थ, शिक्षा, रोजगार बुनियादी मसलों की बहस को भटकाना चाहती हैं.एक और टि्वटर यूज़र सुशांत सिंह ने तंज कसते हुए लिखते हैं कि क्या हम ताजमहल के साथ वही नहीं कर सकते जो तालिबानियों ने अफगानिस्तान में बुद्ध की प्रतिमा के साथ किया था.बता दें अफगानिस्तान के बामियान में 16 साल पहले तालिबान ने गौतम बुद्ध की विशाल मूर्ति को बम से उड़ा दिया था.अनूप लिखते हैं- संगीत सोम जी सिर्फ ताजमहल नहीं, हमारे देश का पार्लियामेंट हाउस और राष्ट्रपति भवन भी विदेशी हमलावरों द्वारा बनाया गया है. क्या आप वहां जाना भी बंद कर देंगे.


समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता घनश्याम तिवारी ने न्यूज 18 इंडिया से बात करते हुए कहा-संगीत सोम जैसे लोग इतिहासकार नहीं, इनकी पढ़ाई वॉट्सएप यूनिवर्सिटी से हुई है.

1630 में मुगल शहंशाह शाहजहां के काल में बने, उनकी बेगम मुमताज महल के मकबरे ताजमहल को  फिलहाल दुनिया  मोहब्बत के एक बेशकीमती नज़राने के तौर जानती है.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading