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अब उज्ज्वल निकम ने कहा- कसाब और उसके साथियों के पास थे हिंदू नाम वाले फेक आईकार्ड

News18Hindi
Updated: February 19, 2020, 11:18 PM IST
अब उज्ज्वल निकम ने कहा- कसाब और उसके साथियों के पास थे हिंदू नाम वाले फेक आईकार्ड
उज्ज्वल निकम ने कहा है कि कोर्ट के सामने 10 फेक आईडी पेश की गई थीं, उन पर हिंदू नाम थे (फाइल फोटो)

उज्जवल निकम ने इस बयान से मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त राकेश मारिया (Former Police Commissioner Rakesh Maria) के उस दावे पर मुहर लगाई है जिसमें कहा गया था कि लश्कर-ए-तैयबा ने 26/11 के मुंबई आतंकी हमले को "हिंदू आतंकवाद" के रूप में पेश करने की योजना बनाई थी.

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मुंबई. 26/11 मुंबई हमलों (26/11 Mumbai Terror Attack) में स्पेशल पब्लिक प्रॉसिक्यूटर रहे उज्ज्वल निकम (Ujjwal Nikam) ने कहा है कि हमने कोर्ट के सामने 10 आईडी पेश की थीं, वे फर्जी थीं. यह सच है कि उन आईडी पर हिंदू नाम (Hindu Names) थे. कसाब ने मुंबई की अदालत में बयान दिया था जिससे साबित हुआ था कि सभी दस आरोपियों के पास 10 फेक आईडी (Fake IDs) थीं. हमने इस बात को साबित किया था.

उज्जवल निकम ने इस बयान से मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त राकेश मारिया (Former Police Commissioner Rakesh Maria) के उस दावे पर मुहर लगाई है जिसमें कहा गया था कि लश्कर-ए-तैयबा ने 26/11 के मुंबई आतंकी हमले को "हिंदू आतंकवाद" के रूप में पेश करने तथा पाकिस्तानी आतंकवादी मोहम्मद अजमल कसाब (Mohammad Ajmal Kasab) को बेंगलुरु के समीर चौधरी के रूप में मारे जाने की योजना बनाई थी.

'दाऊद इब्राहिम के गिरोह को सौंपा गया था कसाब को जेल में ही खत्म करने का काम'
मारिया ने सोमवार को जारी अपने संस्मरण ‘‘लेट मी से इट नाउ’’ (Let Me Say It Now) में 26/11 के मुंबई हमले में उनके द्वारा की गई जांच का जिक्र किया. उस हमले की योजना लश्कर ने बनाई थी और उसमें पाकिस्तान का हाथ भी होने का पता चला था.



पुस्तक के अंशों के अनुसार, (पाकिस्तानी) आईएसआई (ISI) और लश्कर जेल में ही कसाब को खत्म करने का प्रयास कर रहे थे क्योंकि वह हमले की कड़ी उन समूहों से जोड़ने वाले प्रमुख सबूत था और दाऊद इब्राहिम के गिरोह को उसे खत्म करने का जिम्मा सौंपा गया था.



'कसाब चौधरी के रूप में मर जाता और मीडिया हमले के लिए हिंदू आतंकियों को दोषी ठहराती'
मुंबई आतंकी हमले को "हिंदू आतंकवाद" के रूप में पेश करने की लश्कर की योजना का ब्यौरा देते हुए मारिया ने लिखा, "यदि सब कुछ योजना के अनुसार होता, तो कसाब चौधरी के रूप में मर जाता और मीडिया (Media) हमले के लिए 'हिंदू आतंकवादियों' को दोषी ठहराती.’’

उन्होंने दावा किया कहा कि आतंकवादी संगठन (Terrorist Organisations) ने आतंकवादियों को भारतीय पते के साथ फर्जी पहचान पत्र भी दिए थे. आतंकी हमले के बाद जारी की गयी कसाब की एक तस्वीर के बारे में मारिया ने कहा, "यह केंद्रीय एजेंसियों का काम था. सुरक्षा को देखते हुए मुंबई पुलिस ने पूरी कोशिश की कि मीडिया के सामने किसी विवरण का खुलासा नहीं हो.’’

कसाब की दाहिनी कलाई पर बंधा हुआ था लाल रंग पवित्र माना जाने वाला हिंदू धागा
तस्वीर में कसाब की दाहिनी कलाई पर लाल रंग का धागा बंधा हुआ था जिसे पवित्र हिंदू धागा माना जाता है. इस बात ने कई लोगों को यह भरोसा करने के लिए प्रेरित किया कि षडयंत्रकारियों (Conspirators) ने 26/11 हमले को 'हिंदू आतंकवाद' के रूप में पेश करने का प्रयास किया था.

मारिया ने अपनी किताब में लिखा, ‘‘अखबारों में बड़ी बड़ी सुर्खियां बनतीं जिनमें दावा किया जाता कि किस प्रकार हिंदू आतंकवादियों (Hindu Terrorist) ने मुंबई पर हमला किया."

किताब में दावा- कसाब को जिंदा पकड़ लेने से नाकाम हो गई योजना
शीर्ष टीवी पत्रकार उसके परिवार और पड़ोसियों से बातचीत करने के लिए बेंगलुरु पहुंच जाते. लेकिन अफसोस, ऐसा नहीं हो सका वह पाकिस्तान (Pakistan) में फरीदकोट का अजमल आमिर कसाब था.’’ उन्होंने यह भी कहा कि मुंबई के कांस्टेबल शहीद तुकाराम ओम्बले द्वारा कसाब को जिंदा पकड़ लेने से वह योजना नाकाम हो गयी.

पुस्तक के अनुसार कसाब लूटपाट के लिए लश्कर में शामिल हुआ था और उसका जिहाद (Jihad) से कोई लेना-देना नहीं था. हालांकि ऐसी शिक्षा दी गयी थी ताकि कसाब को विश्वास हो कि भारत में मुसलमानों को नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं है.

कसाब को मिशन पर भेजे जाने से पहले दी गई थी एक हफ्ते की छुट्टी और 1.25 लाख रुपये
मारिया ने पुस्तक में उल्लेख किया कि जब कसाब को मेट्रो सिनेमा के पास एक मस्जिद (Mosque) की यात्रा करायी गयी जो वह चौंक गया.

पूर्व पुलिस अधिकारी के अनुसार, मुंबई पर हमला (Mumbai Attack) करने के लिए कसाब को मिशन पर भेजे जाने से पहले एक हफ्ते की छुट्टी और 1.25 लाख रुपये दिए गए थे. कसाब ने वह पैसे अपनी बहन की शादी के लिए अपने परिवार को दिया. (भाषा के इनपुट सहित)

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First published: February 19, 2020, 11:06 PM IST
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