दुश्मनों को चकमा देने वाला स्वदेशी युद्धपोत आईएनएस कवरत्ती नौसेना में शामिल, सेंसर से लगाएगा पनडुब्बियों का पता

आईएएनएस कवरत्ती चार स्वदेशी एंटी सबमरीन वारफेयर में से एक है।
आईएएनएस कवरत्ती चार स्वदेशी एंटी सबमरीन वारफेयर में से एक है।

भारतीय नौसेना में युद्धपोत आईएनएस कवरत्ती (Warship IANS Kavaratti) शामिल हो गया है. कोलकाता के गार्डन रिच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स (जीआरएसई) ने इसे तैयार किया है. इसकी खास बात है कि इसके निर्माण में लगा 90 फीसदी सामान स्वदेशी है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 22, 2020, 4:57 PM IST
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नई दिल्ली. आज का दिन भारतीय सेनाओं के लिए मजबूती लेकर आया है. एंटी टैंक मिसाइल के आखिरी सफल परीक्षण के बाद अब गुरुवार को ही स्वदेशी लड़ाकू पोत आईएनएस कवरत्ती नौसेना (Indian Navy) में शामिल हो गया है. इस युद्धपोत की खास बात यह है कि यह दुश्मनों की नजर को चकमा दे सकता है. नौसेना डॉकयार्ड में हुए इस कार्यक्रम में आर्मी के कई बड़े अधिकारी मौजूद रहे.

90% स्वदेशी सामान से तैयार हुए है युद्धपोत
नौसेना का कहना है कि आईएनएस कवरत्ती को कोलकाता के गार्डन रिच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स (जीआरएसई) ने तैयार किया है. नौसेना ने बताया कि जहाज में 90 प्रतिशत तक स्वदेशी सामान का इस्तेमाल हुआ है और इसमें ढांचा के निर्माण में कार्बन कम्पोजिट इस्तेमाल किया गया है. यह स्वदेशी चार जहाजों में से आखिरी जहाज है.





सेंसर की मदद से पनडुब्बियों का पता लगेगा
आईएनएस कवरत्ती एडवांस हथियारों से लैस है और यह सेंसर के जरिए दुश्मनों की पनडुब्बियों (Submarines) का पता लगा सकता है. माना जा रहा है कि इस युद्धपोत को लंबी तैनाती के लिए भेजा जा सकता है. इसके अलावा इस युद्धपोत में दुश्मनों को चकमा देने की भी ताकत है. पूर्वी नौसेना कमान के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ वाइस एडमिरल अतुल कुमार जैन, जीआरएसई के अध्यक्ष और प्रबंधन निदेशक रिटायर्ड एडमिरल वीके सक्सेना और अन्य अधिकारी कार्यक्रम में मौजूद थे.



एंटी टैंक मिसाइल का हुआ सफल परीक्षण
एंटी टैंक मिसाइल नाग (Nag anti-tank missile) सेना में शामिल होने के लिए तैयार है. गुरुवार सुबह 6.45 बजे डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट ऑर्गेनाइजेशन (Defense Research and Development Organization) ने पोखरण रेंज (Pokhran Range) में मिसाइल का आखिरी सफल परीक्षण (Successful final trial) किया. वरिष्ठ अधिकारियों के मुताबिक, एंटी टैंक मिसाइल नाग ने 10 सफल ट्रायल पूरे कर लिए हैं. इसलिए यह मिसाइल अब भारतीय सेना में शामिल होने के लिए तैयार है.
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