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BJP की चुनाव आयोग से मांग- सच्‍चाई सामने लाने के लिए सार्वजनिक हो ममता की ट्रीटमेंट हिस्‍ट्री

भाजपा ने ममता बनर्जी की ट्रीटमेंट हिस्ट्री को सार्वजनिक करने की मांग की है.  (फाइल फोटो)

भाजपा ने ममता बनर्जी की ट्रीटमेंट हिस्ट्री को सार्वजनिक करने की मांग की है. (फाइल फोटो)

West Bengal Assembly Elections: भाजपा ने अपने पत्र में कहा कि मुख्यमंत्री ने दर्द, बुखार और सांस लेने में परेशानी की शिकायत की थी तो क्या जब यह घटना हुई तो उसे नंदीग्राम सुपर स्पेशियेलिटी अस्पताल नहीं ले जाया जा सकता था. इसके बजाय उन्हें एंबुलेंस के बजाय गाड़ी से एसएसकेएम अस्पताल लाया गया जो कि वहां से 120 किमी दूर कोलकाता में है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: March 14, 2021, 8:43 PM IST
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कोलकाता. पश्चिम बंगाल भारतीय जनता पार्टी (West Bengal BJP) ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (CM Mamata Banerjee) के इलाज की हिस्ट्री की जांच की मांग की है. भाजपा ने आयोग से मांग की है कि कि SSKM अस्पताल में सीएम ममता बनर्जी के इलाज के इतिहास को सार्वजनिक किया जाए. चुनाव आयोग को लिख पत्र में भाजपा ने का है कि, "यह आवश्यक है कि सच्चाई को सार्वजनिक कर जनता के सामने लाया जाए ताकि जनता को धोखा देने और मतदान विकल्पों में हेरफेर की कोशिश करने के लिए ऐसी घटनाओं का इस्तेमाल न किया जा सके.

भाजपा ने अपने पत्र में कहा है कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर हुए तथाकथित हमला राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास है. चुनाव आयोग ने अपनी रिपोर्ट में ऐसे किसी भी हमले से इनकार किया है. तृणमूल कांग्रेस और उसका कैडर ने मुख्यमंत्री की कथित चोट का इस्तेमाल किया है, जो कि लोगों की सांत्वना लेने के लिए जानबूझकर लगाई गई है और जिसके कारण राज्य के कई हिस्सों में हिंसा की घटनाएं सामने आई हैं. पत्र में कहा गया कि तृणमूल कांग्रेस असत्यापित आरोप लगा रही है कि राज्य की मुख्यमंत्री पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने हमला किया है. ऐसे आरोप आचार संहिता का उल्लंघन हैं.

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नंदीग्राम से कोलकाता लाने पर उठाए सवाल
भाजपा ने अपने पत्र में कहा कि मुख्यमंत्री ने दर्द, बुखार और सांस लेने में परेशानी की शिकायत की थी तो क्या जब यह घटना हुई तो उसे नंदीग्राम सुपर स्पेशियेलिटी अस्पताल नहीं ले जाया जा सकता था. इसके बजाय उन्हें एंबुलेंस के बजाय गाड़ी से एसएसकेएम अस्पताल लाया गया जो कि वहां से 120 किमी दूर कोलकाता में है.

चिट्ठी में आगे कहा गया कि एसएसकेएम अस्पताल में एक मल्टी स्पेशियेलिटी मेडिकल बोर्ड का खासतौर पर मुख्यमंत्री का इलाज करने के लिए गठन किया गया. लेकिन इसके बाद जो हेल्थ बुलेटिन जारी किए गए वह अस्पष्ट हैं. अभी तक अंतिम क्लीनिको-रेडियोलॉजिकल डायग्नोसिस सार्वजनिक नहीं किया गया है. जिससे कि लोगों को ये संदेह हो रहा है कि मुख्यमंत्री की हड्डी टूटी है या मोच आई है या फिर कि उन्हें चोट लगी है.

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इसके अलावा भाजपा ने यह भी सवाल पूछा है कि क्या मुख्यमंत्री को मेडिकली फिट पाए जाने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है या फिर उन्होंने जबरदस्ती अस्पताल से छुट्टी ली है. इसके साथ ही भाजपा ने ममता बनर्जी के पैर में लगे प्लास्टर को लेकर भी सवाल उठाए हैं.

बता दें सूत्रों ने बताया था कि चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर नंदीग्राम में पूर्व नियोजित हमला होने की बात से इनकार करते हुए रविवार को संकेत दिये कि सुरक्षा में चूक के चलते उन्हें चोटें आईं
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