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LAC के करीब लड़ाकू विमानों के उड़ान भरने की घटनाओं पर चीन ने दी सफाई

LAC के करीब लड़ाकू विमानों के उड़ान भरने की घटनाओं पर चीन ने दी सफाई

भारत में चीन के राजदूत सन वेइदॉन्ग ने कहा कि फिलहाल सीमा पर हालात स्थिर है.

भारत में चीन के राजदूत सन वेइदॉन्ग ने कहा कि फिलहाल सीमा पर हालात स्थिर है.

India China LAC: अगस्त के पहले सप्ताह में भारत ने चीन को पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के करीब चीनी लड़ाकू विमानों के उड़ान भरने की घटनाओं पर अपनी चिंताओं से दृढ़ता से अवगत कराया था.

नई दिल्ली. चीन ने शनिवार को कहा कि वह भारत के साथ हुए समझौतों के मुताबिक ही वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर सभी गतिविधियों का संचालन करता है. एलएसी के करीब चीनी लड़ाकू विमानों के उड़ान भरने की घटनाओं पर भारत में चीनी राजदूत सन वेइदॉन्ग ने कहा, हम भारत और चीन के बीच हस्ताक्षरित समझौतों के अनुसार ही एलएसी पर किसी भी तरह की गतिविधि को अंजाम देते हैं. फिलहाल मुझे किसी भी ऐसे हरकत की कोई जानकारी नहीं है. सीमा पर हालात फिलहाल स्थिर है.’

दरअसल, पूर्वी लद्दाख के मुद्दे पर हुई 16वें दौर की सैन्य वार्ता में भारत ने चीन को पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के करीब चीनी लड़ाकू विमानों के उड़ान भरने की घटनाओं पर अपनी चिंताओं से दृढ़ता से अवगत कराया था. सूत्रों की मानें, तो दो अगस्त को विशेष दौर की सैन्य वार्ता के दौरान भारत ने चीन के सामने अपनी चिंता रखी.  जून के अंतिम सप्ताह में एक चीनी जे-11 लड़ाकू विमान ने पूर्वी लद्दाख में एलएसी के करीब उड़ान भरी, जिसके बाद भारतीय वायुसेना ने भी जवाबी कार्रवाई शुरू की. इससे पहले भी इस तरह की घटनाओं की खबरें आई थीं.

वहीं, कोविड-19 संबंधी वीजा प्रतिबंधों के कारण अपने देश में फंसे भारतीय छात्रों की वापसी की प्रक्रिया पर चीनी राजदीत ने कहा, ‘चीन भारतीय छात्रों का स्वागत करता है. निकट भविष्य में भारतीय छात्रों का पहला बैच चीन में पढ़ाई शुरू करेगा. दोनों देशों के संबंधित विभाग मिलकर काम कर रहे हैं.’ भारत के 23,000 से अधिक छात्र कथित तौर पर कोविड वीजा प्रतिबंधों के कारण अपने ही देश में फंसे हुए हैं और उनमें से ज्यादातर मेडिकल छात्र हैं.

इससे पहले, चीन ने 9 अगस्त को कहा था कि उसने कोविड-19 संबंधी वीजा प्रतिबंधों के कारण अपने देश में फंसे भारतीय छात्रों की वापसी की प्रक्रिया शुरू कर दी है और पहला जत्था ‘बहुत जल्द’ बीजिंग आ सकता है. चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता वांग वेनबिन ने संवाददाताओं से कहा, ‘हम विदेशी छात्रों की चीन में वापसी के लिए व्यापक रूप से काम कर रहे हैं एवं भारतीय छात्रों की वापसी के लिए यह प्रक्रिया शुरू हो गई है.’

Tags: China, LAC, Ladakh

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