लाइव टीवी

बीजेपी के नए अध्यक्ष जेपी नड्डा ने हर जिम्मा किया है पूरा, पीएम नरेंद्र मोदी को वर्षों से रहा है भरोसा

News18Hindi
Updated: January 21, 2020, 12:31 PM IST
बीजेपी के नए अध्यक्ष जेपी नड्डा ने हर जिम्मा किया है पूरा, पीएम नरेंद्र मोदी को वर्षों से रहा है भरोसा
गृह मंत्री अमित शाह और जेपी नड्डा की फाइल फोटो

जेपी नड्डा (JP Nadda) अब बीजेपी (BJP) के नS राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं. उन्होंने अमित शाह की जगह ली है. जानें क्यों पीएम नरेंद्र मोदी और अमित शाह ने नड्डा पर भरोसा जताया.

  • News18Hindi
  • Last Updated: January 21, 2020, 12:31 PM IST
  • Share this:
नई दिल्ली. भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष अब जगत प्रकाश नड्डा (Jagat Prakas h Nadda) हैं. रविवार को नड्डा ने अमित शाह की जगह ली. भाजपा के अध्यक्ष पद के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) और शाह ने नड्डा पर भरोसा जताया. लेकिन इसकी वजह क्या है? दरअसल, साल 1998 में हिमाचल प्रदेश के विधानसभा चुनाव के दौरान बीजेपी ने बतौर महासचिव नरेंद्र मोदी को राज्य भेजा. इस दौरान राज्य में कांग्रेस (Congress) की सरकार थी और नेता विपक्ष जगत प्रकाश नड्डा थे. एक साथ काम करते हुए नड्डा और मोदी ने विधानसभा चुनाव में बीजेपी को 9 से 31 की संख्या तक पहुंचा दिया.

द इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के अनुसार बीजेपी के सूत्रों ने बताया कि नड्डा, अमित शाह की पहली पसंद नहीं थे. नड्डा के समर्थन में खुद प्रधानमंत्री मोदी थे. साथ ही नड्डा की छवि ने भी इसमें मदद की.  पार्टी के नेता बताते हैं कि भाजपा ने उन्हें जो भी भूमिका सौंपी है, वह उस पर हमेशा खरे उतरे हैं. सूत्रों का कहना है कि अब जब नड्डा के हाथ में औपचारिक रूप से पार्टी की बागडोर है, तो यह देखना दिलचस्प होगा कि आने वाले दिनों में वह भाजपा में तीसरे पॉवर सेंटर रूप में कैसा काम कर पाएंगे.

bjp

नड्डा पर थी यूपी की जिम्मेदारी

नड्डा को शाह ने उत्तर प्रदेश का प्रभारी बना कर भेजा था, जहां से पार्टी ने ना सिर्फ विधानसभा चुनाव में जीत दिलाई, बल्कि लोकसभा में भी 80 में से 62 सीटें मिलीं. इससे पहले नड्डा आरएसएस नेता और संयुक्त महासचिव सौदान सिंह के साथ ही काम कर चुके हैं. तब बीजेपी ने छत्तीसगढ़ में हारी हुई बाजी को जीत में बदल दिया. साल 2014 के लोकसभा चुनाव में भी नड्डा की अहम भूमिका थी, जिसके चलते उन्हें पहली मोदी कैबिनेट में कैबिनेट मंत्री का पद मिला.

नड्डा पटना विश्वविद्यालय में पढ़ाई के दौरान एबीवीपी में शामिल हुए. कानून में डिग्री हासिल करने वाले नड्डा 1985 और 1989 के बीच ABVP के राष्ट्रीय महासचिव बने. दिल्ली में एबीवीपी के संगठन सचिव के रूप में नड्डा ने दिल्ली विश्वविद्यालय और जेएनयू में संगठन की जगह तैयार की. बाद में वह BJYM में शामिल हो गए, और 1991-93 के बीच मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बना रहे. इसी क्रम में वह धीरे-धीरे वह भाजपा में चले गए. साल 1993 में, उन्होंने हिमाचल में विधायक चुनाव जीता और अगले वर्ष भाजपा के विधायक दल के नेता बनाए गए. 1998 में, तीन साल बाद उन्हें राज्य का स्वास्थ्य मंत्री नियुक्त किया गया था.

ये भी पढ़ें- जेपी नड्डा की ताजपोशी: धूमल से ‘सियासी’ तकरार ने नड्डा को बनाया BJP का राष्ट्रीय अध्यक्ष!

जब स्कूल के अपग्रेडेशन मुद्दे पर जेपी नड्डा ने किया आंदोलन और पुलिस को चलानी पड़ी थीं गोलियां

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए देश से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: January 21, 2020, 9:19 AM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर