एंटरप्रेन्योर दाऊद मंसूरी ने कहा- कोई नहीं बताता अपने फेलियर से कैसे उबरें

एंटरप्रेन्योर दाऊद मंसूरी ने कहा- कोई नहीं बताता अपने फेलियर से कैसे उबरें
अब युवाओं की सोच आगे बढ़ने की है. वो केवल अपने फैमिली बिजनेस को संभलना नहीं चाहते, बल्कि वो इसे एक कदम आगे लेकर जाना चाहते हैं.

अब युवाओं की सोच आगे बढ़ने की है. वो केवल अपने फैमिली बिजनेस को संभलना नहीं चाहते, बल्कि वो इसे एक कदम आगे लेकर जाना चाहते हैं.

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लॉकडाउन के दौरान जिंदगी में सफलता और विफलता को लेकर कई कहानियां सामने आईं. बहुत से लोगों ने तनाव को लेकर अपनी कहानियां बयान कीं. तनाव अक्सर आदमी को बेहद परेशान करता है. दरअसल, बहुत से लोग अपनी विफलता यानी फेलियर को बर्दाश्त नहीं कर पाते. असल में इसकी कोई ट्रेनिंग या शिक्षा ही नहीं दी जा सकती कि आप अपनी विफलताओं से कैसे निपटें. यह कहना है अमरोहा के युवा एंटरप्रेन्योर दाऊद मंसूरी का. 20 साल के नेशनल लेवर के वॉलीबॉल खिलाड़ी और क्रिकेटर दाऊद अब अपने फैमिली बिजनेस को आगे लेकर जाने की तैयारी में हैं. इससे पहले वो सफलता और विफलता को लेकर अपनी बातों को रखते हैं.

दरअसल, उत्तर प्रदेश के आम, मच्छी और चाय की खूब चर्चा रहती है. यहां आमतौर पर असम, दार्लिजिंग और सिलीगुड़ी के बागानों से आने वाली चाय को रीफाइन कर उसे देशभर में भेजा जाता है. दाऊद बताते हैं कि उनका परिवार साल 1978 से चाय के बिजनेस में है. उनके परिवार में अब्दुल कयूम मंसूरी के समय से ही यह बिजनेस शुरू हो गया था. लेकिन अब युवा एंटरप्रेन्योर दाऊद अपने बिजनेस को लेकर आगे बढ़ने की तैयारी में हैं.

दाऊद मंसूरी बताते हैं कि उनके पिता ने उनके पारिवारिक बिजनेस 'पेटेंट टी' के जरिए उन्हें हर खुशी देने में सफल रहे हैं. वो मेरे आदर्श हैं. उन्होंने बड़े संघर्ष से बिजनेस को जमाया है. मैं उनको देखकर काफी कुछ सीखता हूं. लेकिन सच यही है कि अपने फेलियर से कैसे निपटना है और उसके जरिए आने वाले तनाव से कैसे उबरना है ये सीखया नहीं जा सकता. इसलिए हमेशा यह खुद ही करना पड़ता है.



उन्होंने कहा, खुशी के लिए बेवजह समायोजन करना फेलियर से डरना रिक्स ना लेना, ऐसी ही आम सोच होती है. लेकिन मैं समझता हूं 'आनंद' फिल्म का वो संवाद कि जीवन लंबा नहीं बड़ा होना चाहिए मुझे हमेशा से बहुत आकर्ष‌ित करता रहा है. रिक्स लो, साहस से दिखाओ. हो सकता है आप कई बार गिरें लेकिन न थकने से लक्ष्य की प्राप्ति हो ही जाती है. इसके लिए बार-बार प्रयास करते रहना होता है. इसीलिए अब वो अपने बिजनेस के विस्तार के लिए सोच रहे हैं. उनकी कंपनी अब कुछ मार्केट डिस्ट्रीब्यूटर के लिए ओपन हो रही है. उनका उद्देश्य अब बाजार में और आगे बढ़ना है.
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