सोनिया ने सांसदों से कहा- BJP को उसी की भाषा में जवाब दो

News18India
Updated: August 28, 2012, 5:45 AM IST
सोनिया ने सांसदों से कहा- BJP को उसी की भाषा में जवाब दो
कांग्रेस संसदीय दल की बैठक में पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी ने अपने सांसदों को और आक्रामक तेवर अपनाने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि किसी मामले में पार्टी के नेताओं को डिफेंसिव होने की कोई जरूरत नही है।
News18India
Updated: August 28, 2012, 5:45 AM IST
नई दिल्ली। कांग्रेस संसदीय दल की बैठक में पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी ने अपने सांसदों को और आक्रामक तेवर अपनाने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि किसी मामले में पार्टी के नेताओं को डिफेंसिव होने की कोई जरूरत नही है। उन्होंने ये भी कहा कि पार्टी नेताओं को आगामी चुनाव को ध्यान में रखते हुए जनता के पास जाना चाहिए।

सोनिया ने साफ-साफ कहा कि बीजेपी नकारात्मक राजनीति कर रही है ब्लैकमेल करना बीजेपी की रोजी रोटी है। इसलिए पार्टी नेताओं के सिर झुका कर नहीं सिर उठाकर जनता के सामने जाना चाहिए और असलियत बतानी चाहिए। सोनिया गांधी ने बीजेपी के ‘मोटा’ शब्द की निंदा की। साथ ही कहा कि बीजेपी को उन्ही की भाषा में जवाब देने की जरूरत है। अगले चुनाव में हमें बीजेपी को हराना है।

सोनिया के बयानों पर बीजेपी के प्रवक्ता राजीव प्रताप रुडी का कहना है कि उनकी पार्टी को सोनिया गांधी से राजनीति सीखने की जरूरत नहीं है। गौरतलब है कि सोमवार को लगातार पांचवें दिन विपक्ष के हंगामे के चलते कोई कामकाज नहीं हो सका। हंगामे के बीच ही प्रधानमंत्री ने दोनों सदनों में अपना बयान दिया। बयान के बावजूद हंगामा जारी रहने के कारण दोनों सदनों की कार्यवाही तीन बार के स्थगन के बाद दिन भर के लिए स्थगित कर दी गई थी।
इस बीच, लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज ने राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली के साथ एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में कहा कि हम चाहते हैं कि प्रधानमंत्री नैतिक जिम्मेदारी लें। राजस्व को हुए नुकसान के लिए प्रधानमंत्री जिम्मेदार हैं। इसलिए हम चाहते हैं कि वह इस्तीफा दें। उन्होंने कहा कि बगैर नीलामी के जिन निजी कम्पनियों को कोयला ब्लॉक आवंटित किए गए, उन्हें रद्द किए जाए और नए सिरे से उनकी नीलामी हो।

सुषमा ने कहा था कि सीएजी ने कोयला ब्लॉक आवंटन में जिस राजस्व के नुकसान की बात कही है, उससे कांग्रेस ने 'मोटा माल' कमाया है।
First published: August 28, 2012
पूरी ख़बर पढ़ें
अगली ख़बर