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पंजाब: नवजोत सिंह सिद्धू को कोर्ट में पेश नहीं किया, अब पटियाला जेल अधीक्षक के खिलाफ वारंट

नवजोत सिंह सिद्धू को पेश न करने पर स्थानीय अदालत ने पटियाला जेल अधीक्षक के खिलाफ जमानती वारंट जारी किया है. (फाइल फोटो)

नवजोत सिंह सिद्धू को पेश न करने पर स्थानीय अदालत ने पटियाला जेल अधीक्षक के खिलाफ जमानती वारंट जारी किया है. (फाइल फोटो)

Navjot Sidhu: एक मुकदमे की सुनवाई में पूर्व स्थानीय निकाय मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू को पेश न करने पर स्थानीय अदालत ने पट ...अधिक पढ़ें

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हाइलाइट्स

नवजोत सिंह सिद्धू को पेश न करने पर स्थानीय अदालत ने पटियाला जेल अधीक्षक के खिलाफ जमानती वारंट जारी किया है.
सीएलयू मामले में नवजोत सिंह सिद्धू को बतौर गवाह अदालत में तलब किया था.
अपनी पुनरीक्षण याचिका में सिद्धू ने उन्हें गवाह के तौर पर तलब करने के आदेश को चुनौती दी थी.

(एस. सिंह)

चंडीगढ़. एक मुकदमे की सुनवाई में पूर्व स्थानीय निकाय मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू को पेश न करने पर स्थानीय अदालत ने पटियाला जेल अधीक्षक के खिलाफ जमानती वारंट जारी करने का आदेश पारित किया है. लुधियाना में चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट ने पूर्व मंत्री भारत भूषण आशु के खिलाफ हाउस प्रोजेक्ट के सीएलयू मामले में नवजोत सिंह सिद्धू को बतौर गवाह अदालत में तलब किया था.

दरअसल करीब चार साल पहले एक आरटीआई एक्टिविस्ट कुलदीप खैरा ने एक ग्रुप हाउसिंग प्रोजेक्ट के निर्माण पर अनियमितता बरतने के आरोप लगाए थे. और इस मामले में जांच की मांग की थी. तत्कालीन स्थानीय निकाय मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने इस मामले की जांच उस दौरान पूर्व डीएसपी बलविंदर सेखों को दी थी. सेखों ने इसकी रिपोर्ट भी विभाग में सबमिट कर दी थी. इस दौरान पूर्व मंत्री भारत भूषण आशु के साथ सेखों की बहस हो गई थी और बाद में सेखों को नगर निगम के पद से हटाकर कमांडो में तैनात कर दिया गया था. इसके बाद सेखों ने अदालत में सरकारी कर्मचारी को धमकाने, सरकारी काम में बाधा डालने और जान से मारने की धमकियां देने का केस दायर किया था.

इस मामले में अब नवजोत सिंह सिद्धू को पेश करने में विफल रहने पर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सुमित मक्कड़ की अदालत ने पटियाला जेल अधीक्षक के खिलाफ जमानती वारंट जारी करने का आदेश पारित किया है. सीजेएम ने 19 सितंबर को सत्र न्यायाधीश की अदालत द्वारा सिद्धू की पुनरीक्षण याचिका खारिज होने के बाद आदेश पारित किया है.

अपनी पुनरीक्षण याचिका में सिद्धू ने उन्हें गवाह के तौर पर तलब करने के आदेश को चुनौती दी थी. उन्होंने मांग की थी कि या तो उनका नाम गवाहों की सूची से हटा दिया जाए या उन्हें वीडियो-कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेश होने दिया जाए. हालांकि, उनकी याचिका को खारिज कर दिया गया था. गौरतलब है कि सिद्धू रोडरेज केस में पटियाला जेल में एक साल की सजा काट रहे हैं.

Tags: Navjot singh siddhu, Punjab news

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