• Home
  • »
  • News
  • »
  • punjab
  • »
  • SAD के विवादित बयान पर भड़के किसान नेता, बोले- हमने कॉल दी तो पंजाब में खड़े नहीं हो पाएंगे सुखबीर

SAD के विवादित बयान पर भड़के किसान नेता, बोले- हमने कॉल दी तो पंजाब में खड़े नहीं हो पाएंगे सुखबीर

किसान नेता मंजीत सिंह राय (Farmer leader Manjit Singh Rai) ने आरोप लगाया कि सुखबीर बादल अपने बयानों के जरिए किसानों को भड़काने की कोशिश कर रहे हैं.

किसान नेता मंजीत सिंह राय (Farmer leader Manjit Singh Rai) ने आरोप लगाया कि सुखबीर बादल अपने बयानों के जरिए किसानों को भड़काने की कोशिश कर रहे हैं.

शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल (Shiromani Akali Dal President Sukhbir Singh Badal) ने कहा था कि 'किसान यूनियन वाले किसान ही नहीं हैं, बल्कि वो तो नक्सली हैं. अगर मैं एक इशारा कर दूं तो यह ढूंढने पर भी नहीं मिलेंगे, लेकिन नहीं हम शांति चाहते हैं'.

  • News18Hindi
  • Last Updated :
  • Share this:

    चंडीगढ़. किसान संगठनों ने शिरोमणि अकाली दल अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल (Shiromani Akali Dal President Sukhbir Singh Badal) के उस बयान का भी कड़ा संज्ञान लिया है, जिसमें उन्होंने कहा था कि  ‘किसान यूनियन वाले किसान ही नहीं हैं, बल्कि वो तो नक्सली हैं. अगर मैं एक इशारा कर दूं तो यह ढूंढने पर भी नहीं मिलेंगे, लेकिन नहीं हम शांति चाहते हैं’. किसान नेता मंजीत सिंह राय (Farmer leader Manjit Singh Rai) ने आरोप लगाया कि सुखबीर बादल अपने बयानों के जरिए किसानों को भड़काने की कोशिश कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि हम उन्हें चुनौती देते हैं कि अगर हमने कॉल दी, तो उनके लिए पंजाब में खड़ा होना मुश्किल हो जाएगा. ऐसा लगता है कि वह भाजपा के गुप्त समर्थन से बोल रहे हैं और पंजाब में शांतिपूर्ण माहौल को खराब करना चाहते हैं. हम चाहते हैं कि सभी राजनीतिक दल चुनाव की घोषणा होने तक रैलियां बंद कर दें.

    यह विवाद तब शुरु हुआ, जब मोगा में सुखबीर की रैली के दौरान किसानों पर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया था.कृषि संगठनों ने कहा है कि राजनीतिक दल अगर किसान संघर्ष के समर्थक हैं तो उन्हें इतनी जल्दी चुनावी मोड में आने से बचना चाहिए. किसानों के महत्वपूर्ण संघर्ष से ध्यान भटकाने के लिए चुनाव प्रचार की शुरुआत को किसान विरोधी साजिश माना जाएगा. गौरतलब है कि किसान संगठनों के कार्यकर्ता शुक्रवार को  मोगा अनाज मंडी में एकत्रित हुए और किसानों पर लाठीचार्ज के विरोध में प्रदर्शन किया और किसानों के खिलाफ मुकदमा वापस लेने की मांग की. कार्यकर्ता लाखा सिधाना ने भी विरोध प्रदर्शन में भाग लिया.

    पंजाब के 32 कृषि संगठनों (32 agricultural organizations) ने राज्य सरकार को अल्टीमेटम दिया है कि मोगा और मच्छीवाड़ा में शिरोमणि अकाली दल की रैलियों का 8 सितंबर तक विरोध करने पर किसानों के खिलाफ दर्ज सभी मामले वापस लिए जाएं अन्यथा वे विरोध को आगे बढ़ाने के लिए मजबूर होंगे.जिसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी.

    पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.

    हमें FacebookTwitter, Instagram और Telegram पर फॉलो करें.

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज