पंजाब सरकार ने प्रस्ताव पारित कर केंद्र से कहा- करतारपुर के लिए खत्म हो पासपोर्ट की शर्त
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पंजाब सरकार ने प्रस्ताव पारित कर केंद्र से कहा- करतारपुर के लिए खत्म हो पासपोर्ट की शर्त
करतारपुर गलियारे के लिए पासपोर्ट की शर्त समाप्त करायें: पंजाब विस प्रस्ताव

मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने कहा कि वह एक सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल को लेकर केंद्र से मुलाकात करेंगे और इस मुद्दे को पाकिस्तान सरकार के साथ उठाने का आग्रह करेंगे.

  • भाषा
  • Last Updated: February 25, 2020, 10:47 PM IST
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चंडीगढ़. पंजाब विधानसभा (Punjab Assembly) में मंगलवार को एक प्रस्ताव पारित किया गया जिसमें केंद्र से आग्रह किया गया कि वह पाकिस्तान (Pakistan) से कहे कि वह इस शर्त को समाप्त कर दे कि करतारपुर गलियारे (Kartarpur Corridor) का इस्तेमाल करने वाले तीर्थयात्रियों के पास पासपोर्ट होना चाहिए. सदन की ओर से साथ ही उस 20 अमेरिकी डालर की फीस में कमी की मांग की गई जो पाकिस्तान सीमा के पास स्थित सिख तीर्थस्थल की यात्रा करने के लिए वीजा मुक्त सुविधा का इस्तेमाल करने वाले भारतीय तीर्थयात्रियों से वसूलता है.

करतारपुर जाने के लिए पासपोर्ट की बजाय आधार की इजाजत दी जाए
प्रस्ताव पंजाब विधानसभा में बजट सत्र के तीसरे दिन मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा द्वारा पेश किया गया. रंधावा ने कहा, 'करतारपुर गुरुद्वारे में मत्था टेकने की चाहत रखने वाले कई ऐसे लोगों के पास पासपोर्ट नहीं होता है और इसलिए वे वहां नहीं जा पाते.' उन्होंने सुझाव दिया कि पासपोर्ट की बजाय आधार जैसे दस्तावेज के इस्तेमाल की इजाजत दी जानी चाहिए.

'पासपोर्ट के कारण तीर्थयात्रियों की संख्‍या कम हुई'



उन्होंने करतारपुर गुरुद्वारे जाने के लिए आवेदन की प्रक्रिया को सामान्य किये जाने की मांग की. करतारपुर गुरुद्वारा वह स्थान है जहां सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देव ने अपने अंतिम दिन बिताये थे. शिरोमणि अकाली दल विधायक गुरपरताप सिंह वडाला ने कहा कि पासपोर्ट की जरूरत के चलते करतारपुर गुरुद्वारा जाने वाले तीर्थयात्रियों की संख्या कम है.



फीस का मुद्दा पाक के सामने उठाए सरकार: CM अमरिंदर सिंह
आम आदमी पार्टी (आप) विधायक हरपाल सिंह चीमा ने मांग की कि राज्य सरकार और शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) को 20 डालर की फीस समान रूप से वहन करना चाहिए. मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने कहा कि वह एक सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल को लेकर केंद्र से मुलाकात करेंगे और इस मुद्दे को पाकिस्तान सरकार के साथ उठाने का आग्रह करेंगे.

9 नवंबर को खोला गया था करतारपुर कॉरिडोर
करतारपुर गलियारे को नौ नवम्बर को खोला गया था जो गुरुद्वारा दरबार साहिब को भारत के पंजाब राज्य में गुरदासपुर स्थित डेरा बाबा नानक से जोड़ता है. इससे पहले एक बयान में अमरिंदर सिंह ने सदन को सूचित किया कि पुलिस महानिदेशक दिनकर गुप्ता ने करतारपुर गलियारे पर अपनी कथित टिप्पणी के लिए माफी मांगी है. मुख्यमंत्री ने कहा, 'किसी से भी गलती हो सकती है.'

डीजीपी गुप्ता ने कथित रूप से यह टिप्पणी करके विवाद उत्पन्न कर दिया था कि पाकिस्तानी एजेंसियां करतारपुर गलियारे का इस्तेमाल करके तीर्थयात्रियों से सम्पर्क कर सकती हैं और उन्हें प्रशिक्षित आतंकवादी के तौर पर भेज सकती है. सिंह ने इसको लेकर अपनी सरकार की प्रतिबद्धता जतायी कि करतारपुर गलियारे को बंद नहीं होने दिया जाएगा. उन्होंने साथ ही पाकिस्तान पर निशाना साधा और कहा कि उसकी गुप्तचर एजेंसी आईएसआई का उद्देश्य पंजाब में शांति भंग करना है.

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First published: February 25, 2020, 10:47 PM IST
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