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अलवर: आर्मी के लिए दूध लेकर गए ट्रक चालक की आतंकवादी हमले में मौत, घर में पसरा मातम

इलियास खान के घर पर मातम पसर हुआ है. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.

इलियास खान के घर पर मातम पसर हुआ है. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.

जम्मू कश्मीर (Jammu Kashmir) के शोपियां में आतंकवादी हमले (Terrorist Attacks) में राजस्थान (Rajasthan) के अलवर (Alwar) जिले में खोहाबास निवासी इलियास खान की मौत हो गई.

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अलवर. जम्मू कश्मीर (Jammu Kashmir) के शोपियां (Shopian) के चित्रगांव में ट्रक चालकों (Truck Drivers) पर गुरुवार शाम को हुए आतंकवादी हमले (Terrorist Attacks) में राजस्थान (Rajasthan) के अलवर (Alwar) जिले में खोहाबास निवासी इलियास खान की मौत हो गई.

पूरा मामला

मिली जानकारी के मुताबिक ट्रक चालक इलियास आर्मी के लिए दूध (Milk) लेकर गया था और गाड़ी शुक्रवार सुबह खाली होनी थी. तभी पहले से घात लगाए आतंकवादियों ने दो ट्रकों को आग के हवाले कर दिया. इस घटना के बाद से परिजनों में खासा रोष व्याप्त है.



अलवर जिले के किशनगढ़बास थाना क्षेत्र के खोहाबास गांव निवासी मृतक ट्रक चालक इलियास खान के घर पर मातम पसर हुआ है. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. मृतक के घर पर लोगों का जमावड़ा लगा हुआ है.
प्रशासन ने नहीं ली अभी तक कोई सुध 

परिजनों में इस बात से रोष है कि प्रशासन ने अभी तक कोई सुध नहीं ली है. परिजनों का कहना है कि इलियास बीते 17 अक्टूबर को जयपुर (Jaipur) से आर्मी के लिए दूध लेकर कश्मीर (Kashmir) गया हुआ था. परिजनों का कहना है कि जब दूध आर्मी के लिए लेकर गए थे तो आर्मी को सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध करवानी चाहिए थी.

मृतक के चार बच्चे हैं, जिनमें तीन बेटी और एक बेटा है. उसकी पत्नी मजदूरी कर घर चलाती है. आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण परिजनों ने प्रशासन से मुआवजा देने की मांग की है. मृतक चालक इलियास खान ट्रक मालिक जावेद निवासी उदाका (Udaka) का ट्रक चलाता था.

मुआवजे की मांग

मृतक के परिजनों ने उचित मुआवजा दिया जाने की मांग की है, क्योंकि परिवार में कोई कमाने वाला नहीं है. परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर है. उन्होंने कहा कि आतंकवादी हमले की जितनी निंदा की जाए उतनी कम है और सरकार को ट्रक चालकों को सुरक्षा उपलब्ध करानी चाहिए.

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