खुशखबरी: भराव क्षमता के करीब पहुंचा माही बांध, कभी भी खोले जा सकते हैं गेट, अलर्ट जारी

दक्षिणी राजस्थान के वागड़ इलाके में हो रही जोरदार बारिश के कारण उदयपुर संभाग के सबसे बड़े माही बांध में तेजी से पानी आवक हो रही है. बांसवाड़ा जिले में स्थित माही बांध अपने भराव क्षमता के बिल्कुल करीब पहुंच गया है. अब माही बांध के गेट कभी भी खोले जा सकते हैं.

Ashutosh Trivedi | News18 Rajasthan
Updated: August 10, 2019, 10:40 AM IST
खुशखबरी: भराव क्षमता के करीब पहुंचा माही बांध, कभी भी खोले जा सकते हैं गेट, अलर्ट जारी
माही बांध लबालब हो चुका है। फोटो : न्यूज 18 राजस्थान ।
Ashutosh Trivedi | News18 Rajasthan
Updated: August 10, 2019, 10:40 AM IST
दक्षिणी राजस्थान के वागड़ इलाके में हो रही जोरदार बारिश के कारण उदयपुर संभाग के सबसे बड़े माही बांध में तेजी से पानी आवक हो रही है. बांसवाड़ा जिले में स्थित माही बांध अपने भराव क्षमता के बिल्कुल करीब पहुंच गया है. अब माही बांध के गेट कभी भी खोले जा सकते हैं. इसको लेकर विभाग ने अलर्ट भी जारी कर दिया है.

बांध का लेवल 279.80 मीटर पहुंचा
विभाग के अनुसार माही बांध का लेवल 279.80 मीटर पहुंच गया है, जबकि माही बांध की भराव क्षमता 281. 50 मीटर है. मध्यप्रदेश से भी पानी की आवक लगातार जारी है. इस बीच कागदी व सुरवानिया बांध के गेट खोल दिए गए हैं. घाटोल का हेरोडेम भी भर गया है. नदी- नालों में पानी की तेजी से आवक हो रही है.

एक दिन पहले ही हुई थी जोरदार बारिश

बांसवाड़ा के कुशलगढ़ में एक दिन पहले ही पांच इंच से ज्यादा पानी गिरा था. वहीं गढ़ी में भी चार इंच के करीब बारिश हुई थी. जबकि सल्लोपाट, दानपुर व अरथूना मे तीन इंच से अधिक बारिश हुई थी. इसी दरम्यिान केसरपुरा, घाटोल, भूंगडा, जगपुरा, लोहारिया, बागीदौरा, शेरगढ़ व सज्जनगढ़ में भी दो-दो इंच से अधिक बारिश दर्ज की गई थी.

बेणेश्वर धाम टापू बना
वहीं बांसवाड़ा से सटे डूंगरपुर जिले में पिछले 24 घंटों से रुक रुककर बारिश हो रही है. इससे डूंगरपुर के विश्वविख्यात त्रिवेणी जल संगम बेणेश्वर धाम में शनिवार को नदियां उफान पर आ गईं. इससे बेणेश्वर धाम टापू में बदल गया. सोम, माही और जाखम तीनों नदियों में पानी की आवक बढ़ने से बेणेश्वर के तीनों पुल डूब गए हैं.
Loading...

डूंगरपुर में बारिश: टापू बना बेणेश्वर धाम, तीनों पुल डूबे

जानवरों के बीच पहाड़ी पर फेंका नवजात बेटी को, जिंदा बची
First published: August 10, 2019, 10:33 AM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...