बारां में नशे की लत के कारण रिश्ते आने हुए बंद तो 3 गांवों के पंचों ने लिया ये फैसला

राजस्थान के बारां जिले के छीपाबड़ौद क्षेत्र में मादक पदार्थों बढ़ती तस्करी और नशे की लत के कारण युवाओं के रिश्ते आने जब बंद हो गए तो तीन गांवों के पंचों ने बैठक कर कुछ खास फैसला लिया.

Vipin Tiwari | News18 Rajasthan
Updated: May 22, 2019, 4:08 PM IST
Vipin Tiwari | News18 Rajasthan
Updated: May 22, 2019, 4:08 PM IST
छीपाबड़ौद क्षेत्र में मादक पदार्थों बढ़ती तस्करी और साथ नशीले पदार्थों के सेवन ने कई गांवों के युवाओं का भविष्य तबाह कर दिया. गांवों में नशे की गिरफ्त में आई युवा पीढ़ी के रिश्ते तक आने बंद हो गए. जिससे चिंतित तीन गांव के पंचों ने बाबा रामदेव मंदिर अधारा पर एक बैठक कर नशा करने वालों एवं बेचने वालों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया.

बाबा रामदेव मंदिर परिसर में आयोजित तीन गांवों के पंचों की बैठक में उपस्थित लोगों ने नशे की जद में फंस रही युवा पीढ़ी की बदाहली को लेकर खेद जताया. बैठक में भटगांव, पाटडी एवं देवरीमूंढ गांव के लोग शामिल हुए. सबने एक राय होकर फैसला लिया कि इन गांवों में अब कोई भी नशे का सेवन नहीं करेगा और यदि सेवन करता पाया गया पहले तो उससे नशा बेचने वाली की पहचान कराई जाएगी फिर पुलिस के हवाले किया जाएगा.



ग्रामीणों ने बैठक के दौरान आपस में चर्चा कर इस बात पर भी चिंता जताई कि उनके गांवों में नशे के कारण हालात इतने खराब होने लगे है कि लोग इन गांवों में रिश्ता करने से कतराने लगे हैं जो चिंता का विषय है. ग्रामीणों ने एक राय होकर फैसला किया कि स्मैक बेचने वाले के साथ ग्रामीण मिलकर कड़ी कार्रवाई करेंगे. इस मामले में पुलिस का साथ भी लिया जाएगा.

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