होम /न्यूज /राजस्थान /

राजस्थान: बीकानेर में खान धंसने से मासूम की मौत, परिवार की आंखों के सामने ही समा गया गड्डे में

राजस्थान: बीकानेर में खान धंसने से मासूम की मौत, परिवार की आंखों के सामने ही समा गया गड्डे में

बीकानेर के नोखा में खान धंसने के बाद करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत कर बच्चे के शव को बाहर निकाला जा सका.

बीकानेर के नोखा में खान धंसने के बाद करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत कर बच्चे के शव को बाहर निकाला जा सका.

बीकानेर में खान धंसने से हुआ बड़ा हादसा: राजस्थान के बीकानेर के नोखा कस्बे में एक नकारा खान के धंस जाने (Mine collaps) से उसमें दबकर एक मासूम बच्चे की दर्दनाक मौत (Painful death) हो गई. नोखा में इस तरह का हादसा कोई पहली बार नहीं हुआ है. वहां पहले भी नकारा और बंद पड़ी खानों के धंसने से अलग-अलग हादसों में सात लोगों की मौत हो चुकी है.

अधिक पढ़ें ...

हाइलाइट्स

बीकानेर के नोखा में स्थित खान इलाके में पहले भी हादसे हो चुके हैं
नोखा के खान इलाके में करीब 300 परिवारों पर बारिश में मंडराता रहता है खतरा

बीकानेर. राजस्थान के बीकानेर जिले के नोखा कस्बे में बड़ा हादसा (Big accident) हो गया. नोखा में एक नकारा खान के धंस जाने (Mine collaps) से 8 साल के मासूम बच्चे की दर्दनाक मौत हो गई. हादसे के बाद इलाके में अफरातफरी मच गई. नोखा के इस इलाके में नकारा खानों से पहले भी सात लोगों की जान जा चुकी है. बावजूद इसके प्रशासन ने चुप्पी साध रखी है. हादसे में मासूम की मौत के बाद उसके परिवार में कोहराम मच गया. पुलिस ने शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया है.

जानकारी के अनुसार नोखा में हादसा वार्ड नंबर 26 में बुधवार रात को हुआ. नोखा में इस खान क्षेत्र में करीब 300 से अधिक परिवार रहते हैं. बारिश के दिनों में इस क्षेत्र में हमेशा हादसे का खतरा बना रहता है. बुधवार की रात भी एक परिवार खाना खा रहा था. इसी दौरान मकान का एक हिस्सा खान के ढहने के कारण ढह गया. मकान का जो हिस्सा ढहा वहां उस समय शदरू खान का 8 वर्षीय पोता मनफूल खड़ा था. इससे वह गहराई में चला गया और छत की पट्टियां उसके ऊपर गिर गई. हादसे में मासूम की मौके पर ही मौत हो गई.

एक घंटे की मशक्कत के बाद निकाला जा सका मासूम का शव
घटना की जानकारी तत्काल पूरे इलाके में फैल गई और वहां हड़कंप मच गया. मौके पर लोगों की भारी भीड़ लग गई. सूचना मिलने पर पालिकाध्यक्ष नारायण झंवर और एसडीएम स्वाति गुप्ता भी मौके पर पहुंचे. पालिका प्रशासन और नोखा पुलिस के सहयोग से एक घंटे में मशक्कत के बाद बालक के शव को जेसीबी की मदद निकाला गया. इस दौरान सीओ भवानी सिंह इंदा, तहसीलदार नरेंद्र बापेड़िया और थानाधिकारी ईश्वर प्रसाद भी मौजूद रहे.

नकारा खानों की वजह से पहले भी सात लोग मारे जा चुके हैं
पुलिस ने बाद में शव को बागड़ी अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया है. वहां गुरुवार को शव का पोस्टमार्टम करवाकर उसे परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया. इस क्षेत्र में नकारा पड़ी खानों से पहले भी कई बार हादसे हो चुके हैं. इन हादसों में अब 7 लोगों की मौत हो चुकी है. वहीं 10 से ज्यादा लोग घायल हो चुके हैं. इन खानों की वजह से कई घरों को नुकसान हो चुका है. लेकिन फिर भी न तो प्रशासन इस ओर ध्यान दे रहा और न ही लोग सतर्कता बरत रहे हैं.

Tags: Big accident, Bikaner news, Crime News, Rajasthan news

विज्ञापन

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर