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कर्जमाफी के नाम सरकारी कर्मचारियों ने लगाया सरकार को चूना, किसान बनकर लिया फायदा

Manoj K. Sharma | News18 Rajasthan
Updated: March 13, 2019, 1:27 PM IST
कर्जमाफी के नाम सरकारी कर्मचारियों ने लगाया सरकार को चूना, किसान बनकर लिया फायदा
किसानों का कहना है कि अगर सरकारें सही दाम नहीं दिला सकतीं तो वे सरकारें क्‍यों चुनें? किसान वोट क्‍यों डालें?

चूरू जिले में सैंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक की 6 शाखाओं के डाटा खंगालने के बाद कर्ज माफी के नाम पर लाखों रुपये का घोटाला सामने आया है.

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चूरू जिले में सैंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक की 6 शाखाओं के डाटा खंगालने के बाद कर्ज माफी के नाम पर लाखों रुपये का घोटाला सामने आया है. सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक की सालासर, बीदासर, चूरू, सुजानगढ, सिद्धमुख और तारानगर शाखाओं में अब तक 2 हजार 832 अपात्रों को कर्जमाफी का लाभ दे दिया गया. सबसे ज्यादा चौका देने वाली बात यह है कि इन अपात्र लोगों में आठ सौ से अधिक सरकारी कर्मचारियों ने ही सरकार को चूना लगाने का काम किया है. इन सरकारी कर्मचारियों ने झूठा शपथ पत्र देकर ना केवल बैंक कर्मचारियों को गुमराह किया गया बल्कि कर्ज माफी की इस योजना को घोटाले तक पहुंचाने का काम किया.

दरअसल प्रदेश की पूर्ववर्ती सरकार ने 2018 में गरीब किसानों को राहत देने के लिए ऋण माफी की घोषणा की थी, लेकिन इस ऋण माफी की बहती गंगा में जिले के आठ सौ से अधिक सरकारी कर्मचारी व पेंशनर अपात्र होते हुए भी किसान बनकर फायदा उठा लिया. नैतिकता का पाठ पढ़ाने वाले शिक्षक हों या देश की रक्षा करने वाले पूर्व सैनिक या अन्य विभागों में कार्यरत सरकारी कर्मचारी, जिसको जहां मौका मिला वहां झूठा शपथ पत्र देकर ऋण माफी का लाभ उठा लिया. मोटी तनख्वाह व पेंशन लेने वाले इन महानुभावों ने झूठा शपथ पत्र देकर बैंक कर्मचारियों को गुमराह किया और झूठी शपथ लेकर करोड़ों रुपए का गलत लाभ लिया. बता दें कि झूठा शपथ पत्र देना आईपीसी की धारा 193 के तहत अपराध है, इसके तहत आरोपी को एक से तीन साल तक कारावास व आर्थिक जुर्माने की सजा से दंडित किया जा सकता है.

न्यूज18 राजस्थान ने जब जनवरी महीने में इस भ्रष्टाचार को उजागर किया तो बैंक प्रबंधन ने पूरे मामले की जांच कराई जिसके बाद यह हकीकत सामने आ गई. अब चूरू, राजगढ़, तारानगर, बीदासर व सुजानगढ़ तहसील की रिपोर्ट आने के बाद जितने भी अपात्र लाभार्थी हैं चाहे वे कृषक हों या सरकारी कर्मचारी अथवा पेंशनर सभी की ऋण माफी निरस्त की जाएगी.

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First published: March 13, 2019, 1:27 PM IST
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