4 साल की मासूम से रेप केस में कोर्ट 6 दिन के भीतर कल सुनाएगी फैसला!
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4 साल की मासूम से रेप केस में कोर्ट 6 दिन के भीतर कल सुनाएगी फैसला!
आरोपी के खिलाफ पाक्से एक्ट के तहत जुर्म दर्ज किया गया था.

राजस्थान के चूरू जिले की पोक्सो अदालत (POCSO court) बुकनसर में घर के बाहर खेल रही 4 साल की मासूम बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म मामले में 6 दिनों में ही अपना फैसला सुनाने जा रही है.

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चूरू. राजस्थान के चूरू जिले की पोक्सो अदालत (POCSO court) ने ऐसी अनुकरणीय नजीर पेश की है जिससे न केवल अपराधियों में खौफ होगा अपितु आमजन में भी न्याय को लेकर विश्वास बढे़गा. गांव बुकनसर में 30 नवम्बर को घर के बाहर खेल रही 4 साल की मासूम बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म मामले में पोक्सो कोर्ट 6 दिनों में ही अपना फैसला सुनाने जा रही है. इस मामले को गम्भीर मानते हुए चूरू जिला पुलिस ने भी अपना अहम रोल निभाते हुए मामला दर्ज होने के 6 दिनों में ही चालान पेश किया था.

पोक्सो कोर्ट के न्यायधीष राजेन्द्र कुमार सैनी ने 9 दिसम्बर को हुई चार्ज बहस के बाद रोजाना सुनवाई के आदेश जारी किये थे, जिसके बाद आज 16 दिसम्बर को बयान मुलजिम लेकर बहस सुनी गई, अब 17 दिसम्बर को इस मामले में फैसला सुनाया जाएगा. 14 और 15 दिसम्बर को शनिवार और रविवार का अवकाश होने के कारण चार्ज बहस के बाद 6 कार्य दिवस में यह कार्यवाही हुई है.

30 नवंबर को वारदात, 1 दिसंबर को केस हुआ दर्ज
बता दें कि चूरू जिले के भानीपुरा थानार्न्तगत गांव बुकनसर बड़ा के दरिंदे दयाराम ने 30 नवम्बर को 4 साल की बच्ची को खिलौना देने के बहाने सुनसान जगह ले जाकर दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया. मासूम के दादा की रिपोर्ट पर भानीपुरा थाना पुलिस ने 1 दिसम्बर को मामला दर्ज कर बच्ची का राजकीय भरतिया अस्पताल में 4 चिकित्सकों का बोर्ड गठित कर मेडिकल करवाया.
रोजाना सुनवाई, 15 गवाहों के साक्ष्य


मेडिकल और एफएसएल रिपोर्ट में बालिका के साथ दुष्कर्म की पुष्टि हुई है. भानीपुरा पुलिस ने आरोपी दयाराम को 1 दिसम्बर को ही गिरफ्तार कर लिया और जांच के बाद 6 दिन में 7 दिसम्बर को कोर्ट में चालान पेश किया. शनिवार और रविवार का अवकाश होने के कारण 9 दिसम्बर को कोर्ट में चार्ज बहस हुई इस दौरान कोर्ट ने प्रथमदृष्टया आरोपी पर धारा 376 और पोक्सो का मामला माना और रोजाना सुनवाई के आदेश जारी किए. 9 दिसम्बर से 13 दिसम्बर तक पोक्सो कोर्ट में 15 गवाहों के साक्ष्य हुए और 16 दिसम्बर को बयान मुलजिम लेकर बहस सुनी गई.

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