जनसंख्या दिवस: पुरुषों का डर भगाने के लिए आशा वर्कर ने पति की करवा दी नसबंदी

आशा सहयोगिनी ललिता ने फैमिली प्लानिंग के तौर पर महज 1.2 प्रतिशत अपनाई जाने वाली पुरुष नसबंदी (एनएसवी) को लेकर पुरुषों का डर और मानसिकता बदलने में अहम भूमिका निभाई है.

Sachin Sharma | News18 Rajasthan
Updated: July 11, 2018, 8:45 PM IST
जनसंख्या दिवस: पुरुषों का डर भगाने के लिए आशा वर्कर ने पति की करवा दी नसबंदी
आशा सहयोगगिनी ललिता राठी.
Sachin Sharma | News18 Rajasthan
Updated: July 11, 2018, 8:45 PM IST
विश्व जनसंख्या दिवस के मौके के पर बुधवार को राजस्थान के बारां जिले की आशा सहयोगिनी ललिता राठी को जयपुर में सम्मानित किया गया. ललिता ने फैमिली प्लानिंग के तौर पर महज 1.2 प्रतिशत अपनाई जाने वाली पुरुष नसबंदी (एनएसवी) को लेकर पुरुषों का डर और मानसिकता बदलने में अहम भूमिका निभाई है. बतौर आशा सहयोगिनी ललिता ने न सिर्फ पुरुष मानसिकता एनएसवी के प्रति बदली बल्कि अपने पति की नसबंदी करवा कर ऐसा उदाहरण भी पेश किया, जिससे नसबंदी में दर्द, कमजोरी और खतरे जैसे पुरुषों के डर को दूर हुए.

जयपुर में राज्य स्तरीय कार्यक्रम इन्दिरा गांधी पंचायती राज संस्थान सभागार में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से विश्व जनसंख्या दिवस बुधवार को मनाया गया. इस कार्यकम में परिवार नियोजन क्षेत्र में श्रेष्ठ कार्य कर रहे जिलों, ग्राम पंचायतों और पंचायत समितियों को सम्मानित किया गया. प्रदेश स्तर पर अजमेर प्रथम, कोटा द्वितीय और बारां तीसरे स्थान पर रहा. बारां की आशा सहयोगिनी ललिता को भी सम्मानित किया गया. ललिता ने काउंसलिंग के जरिए 25 एनएसवी और 15 महिला नसबंदी करवाई है. ललिता ने बताया कि उसने लोगों को प्रेरित करने के लिए पहले अपने पति की ही नसबंदी करवाई, ताकि वह दूसरों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन सके.

इस कार्क्रयम के मुख्य अतिथि चिकित्सा मंत्री कालीचरण सराफ रहे और अध्यक्षता चिकित्सा राज्य मंत्री बंशीधर बाजिया ने की. इस मौके पर एसीएस वीनू गुप्ता, मिशन निदेशक नवीन जैन, अतिरिक्त मिशन निदेशक आरुषि मलिक भी मौजूद रहे. इस मौके पर अन्तरा राज सॉफ्टेवेयर भी लांच किया गया. अजमेर, कोटा और बारां कलक्टर ने चिकित्सा मंत्री से पुरस्कार ग्रहण किया.

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