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Jaipur Literature Festival में एक्ट्रेस नीना गुप्ता बोलीं- 'सिंगल मदर बनना ब्रेवरी नहीं, जवानी का जोश था'

Jaipur Literature Festival में एक्ट्रेस नीना गुप्ता बोलीं- 'सिंगल मदर बनना ब्रेवरी नहीं, जवानी का जोश था'

Neena Gupta in JLF 2022: नीना गुप्ता का कहना है कि लोग अक्सर कपड़ों से जज करते हैं. यह बिल्कुल गलत सोच और अप्रोच है.

Neena Gupta in JLF 2022: नीना गुप्ता का कहना है कि लोग अक्सर कपड़ों से जज करते हैं. यह बिल्कुल गलत सोच और अप्रोच है.

Jaipur News : लीक से हटकर चलना किसे कहते हैं, यह जानना हो तो अदाकारा नीना गुप्ता (Bollywood Actress Neena Gupta) की कहानी पढ़नी चाहिए. दिल्ली में पैदा हुई एक लड़की हिमाचल के लॉरेंस बोर्डिंग स्कूल में पढ़ी. फिर दिल्ली आकर डीयू के दौलत राम कॉलेज से संस्कृत में मास्टर्स किया. एम.फिल में एडमिशन लिया. लेकिन मन तो सिर्फ फिल्मों में लगता था. पहुंच गई फिल्मी दुनिया में. फिल्मों और टीवी सीरियलों में खूब काम किया. फिर क्रिकेटर विवियन रिचर्ड्स (Vivian Richards) से अफेयर और बिना शादी किए एक बच्ची को जन्म. जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल में नीना गुत्ता ने कहा कि सिंगल मदर बनना ब्रेवरी नहीं, जवानी का जोश था.

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जयपुर.  बॉलीवुड एक्ट्रेस नीना गुप्ता (Neena Gupta in Jaipur) ने फिल्मों और धारावाहिकों में स्ट्रॉन्ग औरतों के किरदार निभाए. लेकिन असल ज़िन्दगी में वो बहुत शर्मीली हैं. उनको घर में रहकर एक होममेकर जैसी ज़िन्दगी बिताना ज्यादा पसंद है. हिट फिल्म ‘बधाई हो’ में उनको किरदार को खूब सराहा गया. जयपुर लिट्रेचर फेस्टिवल (Jaipur Literature Festival 2022) में अपनी किताब ‘सच कहूं तो’ पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि मैं भी बॉलीवुट में कास्टिंग काउच का शिकार होती, पर मैंने कॉम्प्रोमाइज नहीं किया. नीना ने कहा- एक डायरेक्टर ने उन्हें होटल में काम पर बात करने के लिए बुलाया था. इस दौरान नीना ने डायरेक्टर के साथ कॉम्प्रोमाइज करने से मना कर दिया. इसलिए वे ‘कास्टिंग काउच’ का शिकार होती-होती बच गईं.

सिंगल मदर बनने पर नीना ने कहा कि एक सिंगल मदर होने की वजह से उन्हें काफी कुछ झेलना पड़ा. नीना बताती हैं, पार्टी में सहेलियों के पति से ज्यादा देर बात करने पर वे इनसिक्योर फील करने लगती थीं. हर कोई उन्हें सिंगल देख कर समझता था कि वो अवेलेबल है. सच कहूं तो अब ये अहसास होता है कि ये कोई ब्रेवरी नहीं, जवानी का जोश था. इस एज में सोशल मीडिया पर काम मांगने को लेकर नीना कहती हैं कि काम करना है तो बेशर्म होकर करो. काम मांगने में नहीं, उधार मांगने में शर्म आनी चाहिए.

बोल्ड कपड़ों के लिए गंदी लड़की का टैग तक मिला
नीना ने बताया कि लोग कपड़ों से जज करते हैं. यह बिल्कुल गलत सोच और अप्रोच है. अपनी जवानी के दिनों में वो करोल बाग में थीं. वहां सलवार-कुर्ता ही पहना करती थीं. वेस्टर्न कपड़े पहनने के लिए ग्रेटर कैलाश जाना पड़ता था. संस्कृत में एम.फिल करते वक्त तो उन्हें बोल्ड कपड़ों के लिए गंदी लड़की का टैग तक दे दिया गया था. अच्छे नंबर लाने के बाद ही कुछ लोगों ने दोस्ती की.

‘कास्टिंग काउच’ हर जगह है, बस बॉलीवुड में दिख जाता है
फिल्म ‘बधाई हो’ फेम नीना गुप्ता ने जेएलएफ में कहा कि कोई भी किसी को कुछ करने के लिए मजबूर नहीं कर सकता. जब तक आप खुद न चाहें तब तक. डायरेक्टर के बुलाने पर लॉबी में वेट नहीं करना और रूम में मिलना मेरी गलती थी. कोई कुछ करने के लिए आपको फोर्स नहीं करता. मैं मना भी कर दूं तो 100 और लड़कियां हैं. ये आप पर निर्भर करता है कि किस हद तक जाने के लिए तैयार हैं. ‘कास्टिंग काउच’ हर जगह है. बस बॉलीवुड में दिख जाता है. ‘मी टू’ के डर से अब कास्टिंग काउच काफी कम हो गया है.

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गुलजार और मैं शॉट्स पहनकर बैडमिंटन खेलते थे
नीना कहती हैं कि लोगों कि जैसी सोच होगी, वो वैसा ही बोलेंगे. आज भी कुछ लोग गुलजार के घर मेरे शॉट्स पहन कर जाने पर तमाशा बना रहे हैं. वो ये नहीं जानते कि मैं और गुलजार साथ में शॉट्स पहनकर बैडमिंटन खेला करते हैं. उन्होंने साफ किया कि उन्हें गर्मी लगती है, इसलिए शॉट्स पहनती हैं. लेग्स अच्छे हैं, इसलिए पहनती हूं. आज के सिनेमा को देखते हुए नीना कहती हैं, अगर वो 20 साल बाद पैदा होतीं तो उन्हें भी अच्छे रोल मिलते. उन्हें आर्ट फिल्म में भी कभी लीड रोल नहीं मिले. अगर मौका मिलता तो शबाना आजमी के रोल वो करना काफी पसंद करतीं.

Tags: Jaipur news, Neena Gupta, Rajasthan news

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