जयपुर: होम क्वारेंटाइन में रहे लोगों को फोन पर मिल सकती है चिकित्सीय सहायता ! तलाशी जा रही है संभावनायें

एसीएस पंत ने जयपुर कलेक्टर को होम क्वारेंटाइन में रहे लोगों को फोन पर चिकित्सीय सहायता उपलब्ध कराने की संभावना देखने के निर्देश दिए है.

एसीएस पंत ने जयपुर कलेक्टर को होम क्वारेंटाइन में रहे लोगों को फोन पर चिकित्सीय सहायता उपलब्ध कराने की संभावना देखने के निर्देश दिए है.

Corona treatment management review: जयपुर के प्रभारी सचिव एसीएस सुधांशु पंत ने आज बैठक कर जयपुर जिले में कोरोना संक्रमितों के चल रहे इलाज और उससे जु़ड़े संसाधनों की उपलब्धता तथा आवश्यकताओं की समीक्षा की.

  • Share this:
जयपुर. राजधानी जयपुर के जिला प्रभारी सचिव एवं जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव सुधांशु पंत (ACS Sudhanshu Pant) ने मंगलवार को जिले में कोरोना संक्रमितों (Corona infected) के लिये उपलब्ध वेंटिलेटर्स, बेड्स,रेमडेसिविर इंजेक्शन और ऑक्सीजन की आवश्यकता के ट्रेंड एवं हेल्पलाइन पर उनसे संबंधित प्राप्त शिकायतों के समाधान की व्यस्थाओं की समीक्षा की. वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से हुई इस उच्चस्तरीय बैठक में जयुपर से जुड़े आलाधिकारी शामिल हुये.

बैठक में जिला कलेक्टर अंतर सिंह नेहरा ने बताया कि जिला स्तरीय हेल्पलाइन (0141-2205175 , 0141-2205176) पर चिकित्सक उपलब्ध हैं. कोई भी व्यक्ति इनसे बात कर चिकित्सकीय सलाह ले सकता है. जिला स्तर पर भी 23 अप्रेल से राउंड द क्लॉक कंट्रोल रूम चलाया जा रहा है. इस पर पंत ने होम क्वारेंटाइन में रहे लोगों को फोन पर चिकित्सीय सहायता उपलब्ध कराने की संभावना देखने के निर्देश दिए. नेहरा ने पंत को घर-घर सर्वे कर इन्फ्लूएंजा लाइक इलनेस वाले मरीजों को दवाइयां वितरित किये जाने वाले एक्शन प्लान के बारे में भी जानकारी प्रदान की.

अभी और अधिक ऑक्सीजन की आवश्यकता है

वाणिज्य कर विभाग के आयुक्त रवि जैन ने जिले में ऑक्सीजन की आपूर्ति के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि अभी और अधिक ऑक्सीजन की आवश्यकता है. जेडीए आयुक्त गौरव गोयल ने वर्तमान में जयपुर जिले में अस्पतालों में ऑक्सीजन, आईसीयू बैड्स और सामान्य बेड्स की ऑक्यूपेंसी की जानकारी दी. उन्होंने यह सुझाव भी दिया कि समुचित संसाधनों के बिना चल रहे कोविड हॉस्पिटल की संख्या को कम करके बड़े संसाधनयुक्त कोविड अस्पतालों पर फोकस किया जाए. बैठक में पंत ने विभिन्न चिकित्सालयों में संसाधनों का अनुकूलतम एवं न्यायोचित उपयोग के निर्देशित दिये.
Youtube Video


जयपुर में सबसे बदतर हैं हालात

उल्लेखनीय है कि राजधानी जयपुर वर्तमान में प्रदेशभर में कोरोना का सबसे बड़ा हॉट-स्पॉट बना हुआ है. जयपुर में हालात यहां तक पहुंच गये हैं कि शहर के करीब एक दर्जन थाना इलाकों की विभिन्न कॉलोनियों को जीरो मॉबिलिटी एरिया घोषित करना पड़ा है. वहीं जिला कलेक्टर ने जयपुर में दूसरे जिलों से आने-जाने पर पाबंदी लगा रखी है.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज