जयपुर ग्रामीण लोकसभा सीट: ओलंपिक चैम्पियन और कॉमनवेल्थ गेम्स गोल्ड मेडलिस्ट में मुकाबला

कर्नल राज्यवर्द्धन सिंह राठौड़। फाइल फोटो
कर्नल राज्यवर्द्धन सिंह राठौड़। फाइल फोटो

प्रदेश की जयपुर ग्रामीण सीट पर इस बार दो अंतररराष्ट्रीय खिलाड़ियों में मुकाबला होगा. खेल के मैदान से चुनाव मैदान उतरे दोनों खिलाड़ियों के बीच रोचक मुकाबला होने की संभावना है.

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प्रदेश की जयपुर ग्रामीण सीट पर इस बार दो अंतररराष्ट्रीय खिलाड़ियों में मुकाबला होगा. इस सीट पर बीजेपी ने जहां अपने मौजूदा सांसद एवं केन्द्रीय मंत्री अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज कर्नल राज्यवर्द्धन सिंह राठौड़ पर फिर भरोसा जताया है तो कांग्रेस ने उनके मुकाबले के लिए एथलीट कृष्णा पूनिया को चुनाव मैदान में उतारा है. राठौड़ ओलंपिक पदक विजेता हैं तो कृष्णा पूनिया कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल जीत चुकी है. खेल के मैदान से चुनाव मैदान उतरे दोनों खिलाड़ियों के बीच रोचक मुकाबला होने की संभावना है.

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29 जनवरी 1970 में जन्मे राठौड़ प्रसिद्ध निशानेबाज हैं. उन्होंने 2004 में हुए एथेंस ओलंपिक में पुरुष डबल-ट्रैप में पहला रजत पदक जीता था. उसके बाद पेरिस ओलंपिक में 2 रजत पदक जीते. वे ऐसे पहले खिलाड़ी हैं जिन्होंने ओलंपिक में भारत के लिए एकल रजत पदक जीता. सैन्य परिवार से होने के कारण राठौड़ 1990 में सेना में भर्ती हुए और कर्नल के पद तक पहुंचे. राठौड़ 2002 में मैनचेस्टर में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में एकल डबल ट्रैप स्पर्धा में स्वर्ण पदक भी जीत चुके हैं. राजीव गांधी खेल रत्न प्राप्त राठौड़ पदमश्री सम्मान से नवाजे जा चुके हैं.



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राठौड़ ने पहली बार में ही फहराया परचम
वर्ष 2013 में सेना से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति लेने के बाद राठौड़ ने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत की और वे बीजेपी से जुड़े. 2014 में हुए लोकसभा चुनाव में नरेन्द्र मोदी ने उन पर भरोसा जताते हुए उन्हें जयपुर ग्रामीण से सीट से चुनाव मैदान में उतारा. यहां भी राठौड़ ने परचम लहराया और सीट पार्टी की झोली में डाली. उसके बाद पीएम नरेन्द्र मोदी की टीम में बतौर मंत्री शामिल हुए.

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एथलीट कृष्णा पूनिया। फाइल फोटो।


पिछली बार हारी कांग्रेस ने इस बार पूनिया पर लगाया दांव
पिछली बार बीजेपी के दांव से चूकी कांग्रेस ने इस बार इसका जवाब देने के बाद डिस्कस थ्रो खिलाड़ी कृष्णा पूनिया को मैदान में उतारा है. कृष्णा डिस्कस थ्रो में 2010 के कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल और दो बार एशियन गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल विजेता है. चूरू के सादुलपुर की 36 वर्षीय कृष्‍णा पूनिया 2012 के ओलंपिक में भी भारत का प्रतिनिधित्‍व कर चुकी हैं. कृष्णा पूनिया को भी 2011 में नागरिक सम्मान पद्मश्री से भी सम्मानित किया जा चुका है.

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पार्टी के भरोसे पर खरी उतरी हैं कृष्णा
2010 राष्ट्रमंडल खेलों में व्यक्तिगत स्वर्ण जीतने वाली पहली भारतीय महिला ट्रैक-एंड-फील्ड एथलीट कृष्णा पूनिया ने वर्ष 2013 में राजनीति में कदम रखा और कांग्रेस से जुड़ीं. 2013 के विधानसभा चुनावों में कृष्णा पूनिया को कांग्रेस से पहली बार टिकट मिला था, लेकिन उन्हें जीत हासिल नहीं हुई थी. लेकिन विधानसभा चुनाव-2018 में कांग्रेस ने उन फिर भरोसा जताया तो इस बार वे इस पर खरी उतरीं. कृष्णा ने बसपा से सादुलपुर सीट झटककर कांग्रेस की झोली में डाल दी. खेल जगत की इन प्रसिद्ध हस्तियों का अब जयपुर ग्रामीण लोकसभा सीट पर मुकाबला होगा.

(रिपोर्ट : सतवीर सिंह राठौड़ एवं मनोज शर्मा)

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