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पुलवामा CRPF अटैक: पंचतत्व में विलीन हुई शहीदों की पार्थिव देह, श्रद्धाजंलि देने उमड़ा जनसैलाब

धौलपुर में शहीद के अंतिम संस्कार में उमड़े लोग। फोटो : न्यूज 18 राजस्थान ।
धौलपुर में शहीद के अंतिम संस्कार में उमड़े लोग। फोटो : न्यूज 18 राजस्थान ।

पुलवामा में आतंकी हमले में शहीद हुए राजस्थान के सपूतों की पार्थिव देह शनिवार को उनके पैतृक गांवों में पहुंची तो वहां मौजूद सभी लोगों की आंखें नम हो गई. शहीदों को श्रद्धाजंलि देने के लिए लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ा.

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पुलवामा में आतंकी हमले में शहीद हुए राजस्थान के सपूतों की पार्थिव देह शनिवार को उनके पैतृक गांवों में पहुंची तो वहां मौजूद सभी लोगों की आंखें नम हो गई. शहीदों को श्रद्धाजंलि देने के लिए लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ा. शहीदों को श्रद्धाजंलि देने के लिए राज्य सरकार के मंत्री, पुलिस-प्रशासनिक अधिकारी और आमजन उनके पैतृक गांव पहुंचे. शहीदों का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया.

दूसरी तरफ प्रदेशभर में शहीदों को श्रद्धाजंलि देने का क्रम जारी है. कहीं रैलियां निकाली जा रही है तो कहीं दो मिनट का मौन रखकर शहीदों को श्रद्धाजंलि दी जा रही है. लोगों ने अपने-अपने तरीके से शहीदों की शहादत को याद करते हुए उन्हें अपनी विनम्र श्रद्धाजंलि दी.

शहीद जीतराम की नगर कस्बे से शुरू हुई अंतिम यात्रा
भरतपुर के सुंदरवाली गांव निवासी शहीद जीतराम गुर्जर की अंतिम यात्रा नगर कस्बे से शुरू हुई. यहां भी आसपास के गांवों के हजारों लोग अपने लाडले के अंतिम दर्शन करने पहुंचे. सुंदरवाली में शहीद के घर के समीप ही उनका अंतिम संस्कार किया गया. यहां ग्रामीणों ने पाकिस्तान के खिलाफ जमकर की.

शहीद भागीरथ का जैतपुर में हुआ अंतिम संस्कार
धौलपुर के जैतपुर निवासी शहीद भागीरथ की पार्थिक देह भी सुबह धौलपुर पहुंची. वहां 6 बटालियन आरएसी कैम्प से उसे जैतपुर के लिए रवाना किया गया. जैतपुर में राजकीय सम्मान के साथ शहीद की पार्थिव देह को पंचतत्व में विलीन किया गया.

शहीद रोहिताश की अंतिम यात्रा का सफर रहा 17 किलोमीटर का
जयपुर के शाहपुरा के शहीद रोहिताश लांबा की अंतिम यात्रा अमरसर थाने से शुरू हुई. अंतिम यात्रा लोगों का हुजूम उमड़ा. शहीद की अंतिम यात्रा करीब आधा दर्जन गांवों से होकर गुजरी. अंतिम यात्रा चौकी का बड़, नायन, हनोतिया, राडावास, धानोता और मुरलीपुरा होते हुए करीब 17 किलोमीटर का सफर कर शहीद के पैतृक गोविंदपुरा-बासड़ी पहुंची. वहां शहीद की पार्थिव देह को पंचतत्व में विलीन किया गया.

पंचतत्व में विलीन हुए शहीद हेमराज
मरुधरा के सपूत कोटा जिले के विनोद कलां निवासी हेमराज मीणा की पार्थिव देह जब गांव पहुंची तो हर किसी के आंखें नम हो गई. बाद में वहां से शहीद की अंतिम यात्रा शुरू हुई तो पूरा गांव भारत माता के जयकारों से गूंज उठा. गांव के खेल मैदान में शहीद का अंतिम संस्कार किया गया. शहीद के बड़े बेटे अजय मीणा ने शहीद को मुखाग्नि दी. यहीं शहीद हेमराज मीणा की प्रतिमा लगाई जाएगी.

बिनोल में पंचतत्व में विलीन हुए शहीद नारायण गुर्जर 
राजसमन्द के सपूत नारायण गुर्जर की पार्थिव देह को जेके हवाई पट्टी से उनके पैतृक गांव बिनोल ले जाया गया. हवाई पट्टी पर नारायण गुर्जर की पार्थिव देह को जब हेलीकॉप्टर से उतारा गया तो पूरा क्षेत्र शहीद नारायण गुर्जर अमर रहे और भारत माता के जयकारों से गूंज उठा. केंद्रीय मंत्री सीआर चौधरी और प्रभारी मंत्री उदयलाल आंजना समेत हजारों की संख्या में लोग मौजूद रहे. वहां दोपहर बाद शहीद के पैतृक गांव बिनोल में उनकी पार्थिव देह को राजकीय सम्मान के साथ पंचतत्व में विलीन कर दिया गया.

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