Rajasthan Corona News: अस्पतालों में ऑक्सीजन की कमी मामले में हाई कोर्ट ने दखल देने से किया इनकार

सांकेतिक फोटो.

सांकेतिक फोटो.

राजस्थान (Rajasthan) के अस्पतालों में ऑक्सीजन (Oxygen) की कमी के मामले में जयपुर हाई कोर्ट (Jaipur High Court) ने फिलहाल दखल देने से इनकार कर दिया है. कोर्ट ने कहा कि ऐसा ही मामला फिलहाल सुप्रीम कोर्ट में पेंडिंग है, ऐसे में वह इस मामले पर सुनवाई नहीं कर सकता है.

  • Share this:
जयपुर. राजस्थान (Rajasthan) के अस्पतालों में ऑक्सीजन (Oxygen) की कमी के मामलें में जयपुर हाई कोर्ट (Jaipur High Court) ने फिलहाल दखल देने से इनकार कर दिया है. मुख्‍य न्‍यायाधीश जस्टिस इंद्रजीत माहन्ती की खंडपीठ ने शुक्रवार को हाई कोर्ट बार की लेटर पिटीशन पर सुनवाई करते हुए कहा कि मामला सुप्रीम कोर्ट में पेंडिंग है, ऐसे में वह मामले में दखल नहीं देंगे. कोर्ट ने सुनवाई को 28 अप्रैल तक के लिए टाल दिया है. प्रदेश के अस्पतालों में ऑक्सीजन की कमी के मामले में राजस्थान हाई कोर्ट बार एसोसिएशन (जयपुर) ने चीफ जस्टिस ऑफ राजस्थान को लेटर लिखकर कहा था कि प्रदेश के अस्पतालों में ऑक्सीजन की कमी के चलते मरीजों की मौत हो रही है.

इस मामले में केंद्र और राज्य सरकार इस मामले में एक दूसरे पर जिम्मेदारी डाल रही है. ऐसे में हाई कोर्ट मामले में दखल दे. इस पर कोर्ट ने बार काउंसिल के प्रार्थना पत्र को लेटर पिटिशन मानकर उसे जनहित याचिका के रूप में दर्ज किया था. इसी मामले में फिलहाल हाई कोर्ट ने दखल देने से इनकार कर दिया है.

निजी अस्पताल बना रहे लाखों का बिल

हाई कोर्ट ने जब ऑक्सीजन मामले में सुनवाई से इनकार कर दिया तो बार के महासचिव गिर्राज प्रसाद शर्मा ने कहा कि कोरोना का अभी तक कोई इलाज नहीं है, लेकिन निजी अस्पताल मनमाना पैकेज तय कर रहे हैं. एक ही बीमारी का अलग-अलग पैकेज कैसे हो सकता है? साथ ही इस समय जरूरी इंजेक्शन और जीवनरक्षक दवाइयों के भी ज्यादा दाम वसूल किए जा रहे हैं. वहीं, बार के ज्वाइंट लाइब्रेरी सेक्रेट्री हितेश बागड़ी ने कहा कि मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, प्रदेश में अब केवल 54 प्रतिशत ऑक्सीजन ही बची है, लेकिन कोर्ट ने कहा कि मामला सुप्रीम कोर्ट में पेंडिंग है. आप चाहें तो सुप्रीम कोर्ट में जाकर अपना पक्ष रख सकते हैं.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज