IAS सिंघवी सहित 8 अफसरों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट, यहां पढ़ें-खान घोटाले की पूरी कहानी

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Updated: January 24, 2019, 2:39 PM IST
IAS सिंघवी सहित 8 अफसरों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट, यहां पढ़ें-खान घोटाले की पूरी कहानी
बहुचर्चित खान घोटाला.

बहुचर्चित खान घोटाले में आरोपी आईएएस अफसर अशोक सिंघवी समेत 8 लोगों को स्पेशल कोर्ट ने गिरफ्तारी वारंट जारी करते हुए तलब किया है. यहां पढ़ें- कैसे हुआ था घोटाला

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राजस्थान में बहुचर्चित खान घोटाले में आरोपी आईएएस अफसर अशोक सिंघवी समेत 8 लोगों को स्पेशल कोर्ट ने गिरफ्तारी वारंट जारी करते हुए तलब किया है. 16 सितंबर 2015 को घोटाले के खुलाके बाद अब ईडी की ओर से मुकदमा दर्ज कराने और कोर्ट की ओर से जारी इस वारंट से आरोपियों में खलबली मच गई है. आरोपी आईएएस अफसर सिंघवी तब खनन विभाग के प्रमुख शासन सचिव थे और उन पर अफसरों, सीए और खनन माफिया का गठजोड़ बनाकर करीब ढाई करोड़ रुपए की रिश्वत का ताना-बाना बनुनने का आरोप है. इस मामले में अगली सुनवाई 28 फरवरी को होनी है.

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क्या है मामला?
केंद्रीय खनन मंत्रालय की ओर से 30 अक्टूबर 2014 को नए खान आवंटन पर रोक लगा दी थी. आवंटन की रोक के सकुर्लर को अनदेखा करते हुए खान विभाग के तत्कालीन प्रमुख सचिव अशोक सिंघवी, खान निदेशक डीएस मारू, तत्कालीन अतिरिक्त खान निदेशक पंकज गहलोत सहित अन्य 6 अफसरों की ओर से 24 नवंबर 2014 से 12 जनवरी 2015 के बीच 653 खनन पट्टों का आवंटन कर दिया गया था.

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कब-कब, क्या-क्या हुआ?
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♦ 30 अक्टूबर 2014 को केंद्रीय खनन मंत्रालय की ओर से नए खान आवंटन पर रोक लगाई गई.
♦ 17 नवंबर 2014 को तय किया गया कि पुराने नियम के अनुसार खानों के आवंटन किए जाएंगे (ऐसा माना जा रहा है कि तथ्यों को छिपाते हुए ऐसा किया गया)
♦ 24 नवंबर 2014 से 12 जनवरी 2015 के बीच 6 से अधिक खानों का नियम विरुद्ध आवंटन किया गया
♦ इसके बाद शुरू हुआ खान माफिया ने रिश्वत देने और देने का काम शुरू किया
♦ इस दौरान फोन टेपिंग की गई और मामले का खुलासा है
♦ 16 सितंबर 2015 को तत्कानी सीएम वसुंधरा राजे की विधानसभा सत्र के दौरान अनुमति लेकर आईएएस अफसर सिंघवी और अन्य लोगों की गिरफ्तारी करवाई गई.
♦ इसके बाद कांग्रेस ने 45 हजार करोड़ रुपए का घोटाला होने के आरोप लगाए.
प्रवर्तन निदेशालय ने मामले में सभी आरोपियों के खिलाफ परिवाद दर्ज कराया.
♦ 23 जनवरी 2019 को मनी लॉन्ड्रिग मामलों की स्पेशल कोर्ट ने आरोपियों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी करते हुए तलब किया. अब अगली सुनवाई 28 फरवरी को होगी.

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इन पर लगा घोटाले का आरोप
♦ आईएएस अशोक सिंघवी (खान विभाग के तत्कालीन प्रमुख सचिव)
♦ पंकज गहलोत(तत्कालीन उप निदेशक खनन)
♦ पुष्कर राज आमेट(खान विभाग के तत्कालीन एसई)
♦ श्याम सुंदर सिंघवी (सीए)
♦ संजय सेठी (खान मालिक और दलाल)
♦ राशिद शेख (खनन कारोबारी)
♦ धीरेंद्र सिंह उर्फ चिंटू (खनन माफिया)
♦ तमन्न बेगम (शेर खान की पत्नी)

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First published: January 24, 2019, 2:32 PM IST
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