नगर निगम चुनाव: कांग्रेस में पार्षद का टिकट पाने के लिए ऑनलाइन करना होगा आवेदन, पूछे जाएंगे 23 सवाल

इसमें पहले लड़े गए चुनावों का ब्यौरा और पार्टी से जुड़ाव की अवधि भी बतानी होगी.
इसमें पहले लड़े गए चुनावों का ब्यौरा और पार्टी से जुड़ाव की अवधि भी बतानी होगी.

Municipal Corporation Elections: कांग्रेस में इस बार निकाय चुनाव में टिकट देने के लिये ऑनलाइन आवेदन का प्रावधान किया गया है. इसमें दावेदार को 23 सवालों के जवाब देने होंगे.

  • Share this:
जयपुर. राजस्‍थान के जयपुर, जोधपुर और कोटा नगर निगम के चुनावों में (Municipal Corporation elections) पार्षद के टिकट के लिए कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता अब ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे. राजस्थान कांग्रेस ने पार्षद पद की टिकटों के लिए ऑनलाइन आवेदन की व्यवस्था की है. प्रदेश कांग्रेस कमेटी की वेबसाइट pccrajasthan.com पर जाकर पार्षद की टिकट के दावेदार ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. प्रदेश में किसी चुनाव भी में यह पहला मौका है, जब टिकट के लिए ऑनलाइन आवेदन की व्यवस्था की गई है.

ऑनलाइन आवेदन लेने के पीछे मुख्य मकसद कोविड काल में नेताओं के घरों पर उमड़ रही दावेदारों की भीड़ को कम करना है. हालांकि ऑनलाइन आवेदन की यह व्यवस्था देरी से की गई है. ज्यादातर दावेदार नेताओं से व्यक्तिगत रूप से कई बार मिलकर बायोडाटा सौंप चुके हैं. नामांकन में अब महज चार दिन का ही समय बचा है.

नगर निगम चुनाव: नेता बने देवता तो टिकट के दावेदार बने भक्त, Video Viral



ऑनलाइन आवेदन में 23 बिंदुओं में देना होगा ब्यौरा
कांग्रेस ने दावेदारों से पूछा आपको टिकट क्यों दें? आपकी जीत का आधार क्या है? वार्ड की पांच प्रमुख समस्याएं कौन सी हैं? दावेदारों को ऑनलाइन आवेदन में इन बातों का जवाब देना होगा. इसके साथ ही जीत के समीकरण का ब्यौरा भी लिखना होगा. ऑनलाइन फॉर्म में 23 बिंदुओं में जानकारी भरनी होगी. इसमें पहले लड़े गए चुनावों का ब्यौरा और पार्टी से जुड़ाव की अवधि भी बतानी होगी.

प्राइवेट स्कूल फीस प्रकरण: सरकार बताए कोरोना काल की कितनी होनी चाहिए फीस- हाई कोर्ट

डेटाबेस तैयार करने की कोशिश
सरकारी मुख्य सचेतक महेश जोशी ने कहा कि कोविड काल में ऑनलाइन आवेदन ही सही है. पार्षद टिकट के दावेदारों को चाहिए कि वे अब व्यक्तिगत रूप से मिलकर नेताओं के पास दावेदारी जताने की बजाय ऑनलाइन आवेदन करें. ऑनलाइन आवेदन लेने से पार्टी के पास एक डेटाबेस तैयार होगा. आवेदन लेने की इस पहल को पंचायत और विधानसभा चुनाव में भी लागू करना चाहिए. इससे पार्टी के पास अपने टिकटार्थियों और जनाधार वाले कार्यकर्ताओं का मजबूत डेटाबेस तैयार हो जाएगा. इसका इस्तेमाल पार्टी हित में किया जा सकेगा.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज