प्रदेश में फिर आन्दोलन का रुख अख्तियार कर सकते हैं चिकित्सक, रणनीति बनाई

सेवारत चिकित्सक और रेजीडेंट डॉक्टर्स सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए फिर से आन्दोलन की रणनीति तैयार कर रहे हैं.

Dinesh Sharma | News18 Rajasthan
Updated: August 12, 2018, 4:34 PM IST
प्रदेश में फिर आन्दोलन का रुख अख्तियार कर सकते हैं चिकित्सक, रणनीति बनाई
मिटिंग की जानकारी देते डॉ. अजय चौधरी। फोटो: न्यूज18 राजस्थान
Dinesh Sharma | News18 Rajasthan
Updated: August 12, 2018, 4:34 PM IST
प्रदेश में चिकित्सक अपनी मांगों को लेकर एक बार फिर आन्दोलन का रुख अख्तियार कर सकते हैं. सेवारत चिकित्सक और रेजीडेंट डॉक्टर्स सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए फिर से आन्दोलन की रणनीति तैयार कर रहे हैं.

इस मामले को रविवार को जेएमए सभागार में सेवारत डॉक्टर्स और रेजीडेंट डॉक्टर्स की संयुक्त मीटिंग हुई. मिटिंग में सरकार से हुये समझौते और आगामी रणनीति पर मंथन किया गया. सेवारत चिकित्सक संघ के पदाधिकारियों का कहना है कि सरकार से तीन बार उनका समझौता हो चुका है, लेकिन हड़ताल के समय मांगें मानने का आश्वासन देने वाली सरकार हर बार वादे से मुकर जाती है. उन्होंने कहा कि वे फिर से हड़ताल जैसा कदम उठाना नहीं चाहते हैं, लेकिन यदि समझौते की जल्द पालना नहीं की गई तो हर हाल में आन्दोलन होगा. वहीं रेजीडेंट डॉक्टर्स ने हॉस्टल की समस्या का हल नहीं होने के चलते सोमवार से आंशिक कार्य बहिष्कार की घोषणा भी कर दी है.

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उल्लेखनीय है अपनी मांगों को लेकर गत दिनों चिकित्सक लंबी हड़ताल पर चले गए थे, जिसके कारण मरीजों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा था. काफी जद्दोजहद के बाद सरकार से हुए समझौते के तहत चिकित्सक काम पर लौटे थे. रविवार को हुई मिटिंग में अरिसदा अध्यक्ष डॉ. अजय चौधरी, जार्ड अध्यक्ष डॉ. रवि जाखड़ और अरिसदा के पदाधिकारी डॉ. लक्ष्मण ओला समेत कई पदाधिकारी मौजूद थे.

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