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विधानसभा बजट सत्र: सत्ता पक्ष की बार-बार टोकाटाकी से उखड़ा विपक्ष, सदन में जमकर बरपा हंगामा

सत्तापक्ष की बार-बार टोका टाकी से नाराज विपक्ष में यहां तक कहा कि वे भी आज मुख्यमंत्री को सदन में बोलने नहीं देंगे.

सत्तापक्ष की बार-बार टोका टाकी से नाराज विपक्ष में यहां तक कहा कि वे भी आज मुख्यमंत्री को सदन में बोलने नहीं देंगे.

Vidhan Sabha Budget session: आज बजट बहस के दौरान सत्ता पक्ष की ओर से विपक्ष (Opposition) के बोलने के दौरान बार-बार टोकाटाकी गई. इससे विपक्ष उखड़ गया और उसने वैल में आकर जमकर नारेबाजी की. इसके चलते बाद में सदन की कार्यवाही आधे घंटे के लिये स्थगित (Proceedings adjourned) करनी पड़ी.

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जयपुर. विधानसभा (Vidhan Sabha) में आज बजट पर बहस (Budget debate) के दौरान जमकर हंगामा बरपा. सुबह सदन की शुरुआत में हास परिहास से शुरू हुई बातें कब हंगामे में तब्दील हो गई पता ही नहीं चला. उसके बाद हालात यहां तक पहुंचे कि सदन की कार्यवाही आधे घंटे के लिए स्थगित (Proceedings adjourned) करनी पड़ी. वहीं सदन की कार्यवाही फिर से शुरू होने पर बजट बहस पर मुख्यमंत्री के रिप्लाई का समय एक घंटे बढ़ाना पड़ा.

आज बजट बहस के दौरान सत्ता पक्ष की ओर से बार- बार टोकाटाकी से नाराज विपक्ष ने वेल में पहुंचकर नारेबाजी की. उसके बाद सदन की कार्यवाही आधे घण्टे के लिए स्थगित करनी पड़ी. बजट बहस पर बीजेपी विधायक सतीश पूनिया के वक्तव्य के दौरान सत्ता पक्ष की ओर से बार-बार टोका-टाकी से सदन में बार-बार नोकझोंक जैसी स्थितियां बनती रही. अपने वक्तव्य के दौरान सतीश पूनिया ने किसान कर्ज माफी, किसानों की आत्महत्या और कोटा के जेके लोन अस्पताल में बच्चों की मौत जैसे मामले उठाये. इसे लेकर सदन में पक्ष-विपक्ष में गरमा गरमी हो गई.

राहुल गांधी, इंदिरा गांधी और नरेन्द्र मोदी के नाम पर मचा बवाल
मामले में उपनेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ जब राहुल गांधी और इंदिरा गांधी को बीच में घसीट लाए तो संसदीय कार्य मंत्री शांति धारीवाल ने 15 लाख रुपये खाते में आने और काला धन वापस लाने के मामले का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को जुमलेबाज कह दिया. सतीश पूनिया ने जैसे-जैसे राज्य सरकार पर तंज कसे वैसे वैसे सत्ता पक्ष ने बार-बार इसे लेकर अपना एतराज जताया.
विपक्ष ने दी धमकी, कहा- आज मुख्यमंत्री को सदन में बोलने नहीं देंगे


सबसे पहले मंत्री परसादीलाल मीणा ने इसकी शुरुआत की. उसके बाद मंत्री शांति धारीवाल और रघु शर्मा समेत अन्य मंत्री-विधायक भी इसमें पीछे नहीं रहे. बार-बार सत्तापक्ष की टोका टाकी से नाराज विपक्ष में यहां तक कहा कि वे भी आज मुख्यमंत्री को सदन में बोलने नहीं देंगे. उधर सभापति राजेंद्र पारीक ने सतीश पूनिया को टोकते हुए कहा कि वे अपने वक्तव्य में किसी का नाम नहीं ले. पूनिया ने कहा कि अगर नाम लिया गया है तो उसे कार्यवाही से विलोपित कर दिया जाये.
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