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परगल आतंकी हमले में रक्षाबंधन के दिन राजस्थान का सपूत हुआ शहीद, जल्द होने वाले थी बेटी की शादी

परगल आतंकी हमले में रक्षाबंधन के दिन राजस्थान का सपूत हुआ शहीद, जल्द होने वाले थी बेटी की शादी

Rajasthan News: परगल आतंकी हमले में सूबेदार राजेंद्र प्रसाद भांबू हुए शहीद.

Rajasthan News: परगल आतंकी हमले में सूबेदार राजेंद्र प्रसाद भांबू हुए शहीद.

Jhunjhunu News: जम्मू (jammu kashmir news) के परगल आर्मी कैंप (pargal terriost attack) में आंतकियों का सामने करते हुए झुंझुनूं के जवान राजेंद्र प्रसाद भांबू (rajendra prasad bhambu rajasthan) शहीद हो गए. उनकी शहादत की खबर सुनते ही गांव में गमगीन माहौल हो गया. राजेंद्र प्रसाद का जन्म 1 जुलाई 1974 को मालीगांव में हुआ था. वे 23 फरवरी 1995 को सेना में भर्ती हुए. कुछ दिन पहले ही वे गांव आए थे. उनकी बेटी की अगले साल मार्च में शादी तय हुई थी.

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कृष्ण शेखावत

झुंझुनूं. झुंझुनू के अलीपुर पंचायत के मालीगांव के सूबेदार राजेंद्र प्रसाद भाम्भू ने मां भारती की रक्षा का वचन पूरा करते हुए रक्षाबंधन के दिन अपनी शहादत दे दी. जम्मू कश्मीर के राजौरी इलाके के परगल में स्थित आर्मी कैंप में बीती रात को कुछ आतंकियों ने हमला कर दिया था. इस दौरान सेना और आतंकियों की मुठभेड़ में सेना के 3 जवान शहीद हो गए. इनमें से एक जवान झुंझुनूं के अलीपुर पंचायत के मालीगांव के रहने वाले सूबेदार राजेंद्र प्रसाद भाम्भू थे. उनके भतीजे विजेंद्र ने बताया कि सुबह उनके साथी के जरिए सूचना मिली की देर रात को उनके कैंप पर आतंकी हमला हुआ है और आतंकियों से लोहा लेते हुए उनके चाचा सूबेदार राजेंद्र प्रसाद वीरगति को प्राप्त हुए हैं. उनकी शहादत की खबर से गांव में गमगीन माहौल हो गया.

राजेंद्र प्रसाद का जन्म 1 जुलाई 1974 को मालीगांव में हुआ था. वे 23 फरवरी 1995 को सेना में भर्ती हुए. उनकी शादी तारामणि से जून 1994 को हुई थी. राजेंद्र प्रसाद तीन भाई-बहनों में सबसे बड़े थे. उनके एक भाई राजेश कुमार अध्यापक हैं तो वहीं उनकी बहन मुकेश ग्रहणी हैं. राजेंद्र प्रसाद के दो बेटियां और एक बेटा है. बड़ी बेटी प्रिया अभी जयपुर में चाचा के पास रहकर एमएससी की पढ़ाई कर रही है तो वहीं छोटी बेटी साक्षी बीएससी के फाइनल ईयर में है. बेटा अंशुल तीसरी कक्षा में है. सरपंच प्रतिनिधि अजीत कुमार ने बताया कि सूबेदार राजेंद्र प्रसाद ने आतंकियों से लोहा लेते हुए भारत माता की रक्षा के लिए अपने प्राण न्योछावर किए हैं. पूरे गांव को उनकी शहादत पर गर्व है. उनकी पार्थिव देह का पूरा गांव बेसब्री से इंतजार कर रहा है.

बेटी की होने वाली थी शादी

कुछ दिन पहले ही वे गांव आ कर गए थे. बेटी की अगले साल मार्च में ही शादी है जिसे लेकर वे काफी उत्साहित थे. उन्होंने गांव में मकान का काम भी शुरू कर रखा था और जल्द ही छुट्टी लेकर आने की बात भी कही थी. शहादत से पहले रात को उनकी बेटी से उनकी वीडियो कॉलिंग के जरिये बात हुई थी. वह इसी साल रिटायर होने वाले थे और उन्होंने अपनी लड़की की शादी की भी तैयारियां कर रखी थीं. परिजनों ने बताया कि उन्हें सुबह सूचना दी गई थी कि वे शहीद हो गए हैं. उनके गांव में पूरे राजकीय सम्मान से अंतिम संस्कार किया जाएगा.

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राजेंद्र प्रसाद भांबू के भाई अध्यापक राजेश भांबू ने बताया कि बीती रात को आठ बजे ही उनकी अपनी बेटी के साथ बात हुई थी. तब तक सब कुछ ठीक था. देर रात को आतंकी आर्मी के कैंप में घुसे ओर मुठभेड़ में राजेंद्र प्रसाद भांबू देश के लिए शहीद हो गए. सूबेदार राजेंद्र प्रसाद भांबू की शहादत की सुचना के बाद गांव में मातम पसर गया.rajast

Tags: Jhunjhunu news, Rajasthan news

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