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AIIMS PG 2020 : एंट्रेंस एग्जाम का रिजल्ट जारी, यहां चेक करें पूरी जानकारी

 PWBD अभ्यर्थियों की भी सूची इसी रिजल्ट में सम्मिलित है.  (File)
PWBD अभ्यर्थियों की भी सूची इसी रिजल्ट में सम्मिलित है. (File)

मालूम हो कि यह प्रवेश परीक्षा पूरे भारत में 11 जून 2020 को संचालित की गई थी. यह पूर्णतया कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट था तथा इसमें तकरीबन 33000 अभ्यर्थी शामिल हुए थे.

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कोटा. एम्स (AIIMS) परीक्षा नियंत्रक द्वारा गुरुवार शाम को स्नातकोत्तर कोर्स के लिए प्रवेश परीक्षा (Entrance Exam) का रिजल्ट अपनी अधिकृत वेबसाइट पर जारी कर दिया गया है. एलन करियर इंस्टीट्यूट के करियर काउंसिलिंग एक्सपर्ट पारिजात मिश्रा ने बताया कि 88 पेज के इस रिजल्ट में ऐम्स संस्थानों में उपलब्ध सीटों की संख्या के अनुपात में 8 गुना ज्यादा लोगों को काउंसलिंग के लिए पात्रता प्रदान की गई है. उन्होंने बताया कि  4335 विद्यार्थी एमडी/ एमएस/ एमसीएच/ डीएम कोर्स के लिए जिसमें सामान्य अभ्यर्थी 2190 ईडब्ल्यूएस अभ्यर्थी-544 ओबीसी अभ्यर्थी- 1385 एस सी अभ्यर्थी -800 तथा एस टी अभ्यर्थी-180 काउंसिलिंग के लिए चयनीत किए गए हैं. इसके अलावा  सभी श्रेणी के PWBD अभ्यर्थियों की भी सूची इसी रिजल्ट में सम्मिलित है.

एमडीएस की काउंसलिंग के लिए भी 153 अभ्यर्थी काउंसिलिंग के लिए चयनित किए गए हैं जिसमें सामान्य के 120, सामान्य ईडब्ल्यूएस के 16, ओबीसी के  24, एससी के 16 और  एसटी के 8 विद्यार्थियों का काउंसिलिंग के लिए चयन किया गया है. इसके अलावा विदेशी तथा स्पॉन्सर्ड छात्रों की भी लिस्ट इसी   रिजल्ट के साथ जारी की गई ह. मालूम हो कि यह प्रवेश परीक्षा पूरे भारत में 11 जून 2020 को संचालित की गई थी. यह पूर्णतया कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट था तथा इसमें तकरीबन 33000 अभ्यर्थी शामिल हुए थे. यह परीक्षा एम्स  दिल्ली तथा एम्स जैसे भोपाल, जोधपुर, पटना, रायपुर और ऋषिकेश में संचालित स्नातोकोत्तर कोर्स में प्रवेश के लिए की जाती है.

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हाईकोर्ट का बड़ा फैसला
लॉकडाउन के चलते रोक दी गई बोर्ड परीक्षाएं जारी रहेगी. राजस्थान हाईकोर्ट ने बोर्ड परीक्षाओं को रद्द करने वाली याचिका को खारिज कर दिया है. जस्टिस पंकज भंडारी की खंडपीठ ने राजस्थान प्राइवेट एजुकेशन एंड वेलफेयर सोसाइटी की जनहित याचिका को मैन्टेनबल नहीं माना. कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि हाई कोर्ट 29 मई को इसी तरह की एक अन्य याचिका को निस्तारित करते हुए केंद्र और राज्य सरकार की गाइडलाइन  के तहत बोर्ड परीक्षाएं आयोजित करवाने की अनुमति दे चुका है. ऐसे में अब बोर्ड के नोटिफिकेशन को रद्द करने की एक फ्रेश याचिका को सुनवाई योग्य नहीं माना जा सकता है. गौरतलब है कि आज से प्रदेश में 10 वीं और 12 वीं की शेष बची बोर्ड परीक्षाएं फिर से शुरू हुई है.

 
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