खुशखबरी! अब लेकसिटी में भी पर्यटकों को मिलेगा क्रूज का रोमांच, नगर निगम को होगा ये बड़ा फायदा

झीलों के शहर की क्रूज से बढ़ेगी और खूबसूरती.

झीलों के शहर की क्रूज से बढ़ेगी और खूबसूरती.

राजस्‍थान के उदयपुर (Udaipur) को झीलों का शहर कहा जा सकता है, लेकिन अब यहां आने वाले पर्यटकों को एक नया रोमांच मिलेगा. जी हां, पर्यटकों को अब मुंबई और गोवा की तरह उदयपुर में भी क्रूज की सवारी करने का मौका मिलेगा. इसकी शुरुआत पिछोला झील (Pichola Lake) से होगी.

  • Share this:
उदयपुर. उदयपुर की खूबसूरती उसकी नीले पानी की झीलें है और यहां पर्यटक काफी संख्‍या में बोटिंग के लिए आते हैं. जबकि झीलों में बोटिंग के साथ यहां की हेरिटेज इमारतों (Heritage Buildings) को निहारने का भी अपना एक अलग मजा है. हालांकि अब उदयपुर आने वाले पर्यटकों को एक नया रोमांच मिल सकेगा. जी हां, पर्यटकों को अब मुंबई और गोवा की तरह उदयपुर में भी क्रूज की सवारी करने का मौका मिलेगा. जबकि राजस्थान का पहला क्रूज पर्यटकों के लिए पिछोला झील (Pichola Lake) में उतारा जाएगा.



ऐसा होगा क्रूज

इस क्रूज का निर्माण झील किनारे ही सीसारमा गांव में किया जा रहा है और इसका लगभग 80 फीसदी काम पूरा हो चुका है. पिछोला झील किनारे बन रहा यह क्रूज तीन मंजिला होगा, जिसमें 150 पर्यटक एक बार में सवारी कर सकेंगे. क्रूज की लम्बाई 38 मीटर, चौड़ाई 12 मीटर और ऊंचाई 13.5 मीटर होगी. क्रूज के निर्माण के दौरान यह ध्यान रखा जा रहा है कि इसमें पर्यटकों के मनोरंजन के लिए सभी साजो सामान रखे जाएं. इसको बनाने के लिए कारीगरों की टीम लगातार मेहनत कर रही है और जल्द ही इसे झील में उतारने की तैयारी है.



उदयपुर नगर निगम को होगा ये फायदा
उदयपुर नगर निगम ने इस क्रूज के संचालन के लिये एमएम इंटरप्राईजेज को कांट्रैक्ट दिया है. इस कांट्रैक्ट की शर्तों के वह क्रूज का निर्माण कराएगा और फिर उसे पर्यटकों के लिये पिछोला झील में संचालित करेगा. इस क्रूज के संचालन के एवज में एमएम इंटरप्राईजेज नगर निगम को प्रतिवर्ष 2 करोड 60 लाख रुपये की राशि चुकाएगा. नगर निगम के गैराज समिति अध्यक्ष मनोहर चौधरी ने बताया कि निगम और कांट्रैक्टर के बीच क्रूज संचालन के लिये रखे गये टिकट पर सहमति होगी और फिर इसका संचालन किया जाएगा. जबकि क्रूज में 150 से ज्यादा सवारियों को बिठाने की पाबंदी रहेगी. झील में उतरने वाले इस क्रूज को उदयपुर के लिए एक सौगात के रूप में देखा जा रहा है. जबकि नगर निगम के उपमहापौर पारस सिंघवी का मानना हैं कि जहां- जहां भी क्रूज की सवारी करने का मौका मिलता हैं, वहां-वहां पर्यटकों की आवाजाही बढ़ती है. उदयपुर में भी क्रूज संचालन होने के बाद पर्यटकों की संख्या में इजाफा होगा.





पिछोला झील में पर्यटक करते हैं ये काम

उदयपुर की प्रसिद्ध फतहसागर और पिछोला झील में अभी भी बोटिंग का मजा लिया जा सकता हैं. यहां स्पीड बोट, वीआईपी बोट और अन्य बोट में पर्यटकों को झील की खूबसूरती निहारने का मौका मिलता हैं, लेकिन क्रूज की सवारी का अनुभव रोमांचकारी रहेगा. पर्यटकों का भी मानना है कि यदि क्रूज की सवारी का मजा उदयपुर में मिल सकता है तो वे मुंबई और गोवा जाने के बजाय उदयपुर को ही चुनेंगे. यही नहीं, नये साल के जश्न के लिए भी इस शहर में पर्यटकों की आवाजाही बढ़ेगी और पर्यटक झील के बीच में क्रूज पर नये साल का स्वागत कर सकेंगे.



ये भी पढ़ें-

कलेक्‍टर ने नहीं लिया ज्ञापन तो पहुंच गए मंदिर, बोले- हे भगवान, बिजली की दरें कम करा दो!



 



शिक्षकों की कमी से जूझ रहे प्रदेश के स्कूल, अब 31000 पदों के लिए होगा ये काम
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज