Loksabha Elections 2019: उदयपुर से सबसे ज्यादा बार लोकसभा पहुंचीं ये नेत्री, पढ़ें- कौन हैं डॉ. गिरिजा व्यास?
Udaipur News in Hindi

Loksabha Elections 2019: उदयपुर से सबसे ज्यादा बार लोकसभा पहुंचीं ये नेत्री, पढ़ें- कौन हैं डॉ. गिरिजा व्यास?
डॉ. गिरिजा व्यास.

राजस्थान में कांग्रेस की दिग्गज नेत्री और पार्टी में 'मेवाड़ की नेता' के नाम से विख्यात डॉ. गिरिजा व्यास ने अपने जीवन में 8 किताबों का लेखन किया हैं तो वहीं 1985 से शुरू किए राजनीतिक सफर के बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़ कर नहीं देखा.

  • Share this:
राजस्थान में कांग्रेस की दिग्गज नेत्री और कांग्रेस में मेवाड़ की नेता के नाम से विख्यात डॉ. गिरिजा व्यास ने न सिर्फ लेखनके मार्फत अपनी पहचान बनाई बल्कि राजनीति में उदयपुर शहर से निकल पूरे देश में महिलाओं का नेतृत्व भी किया. डॉ. व्यास ने अपने जीवन में 8 किताबों का लेखन किया हैं तो वहीं 1985 से शुरू किए राजनीतिक सफर के बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़ कर नहीं देखा.

ये भी पढ़ें- लोकसभा चुनाव के लिए सामने आई कांग्रेस की आक्रामक रणनीति

8 जुलाई 1946 को उदयपुर में जन्मी गिरिजा व्यास का राजनीतिक सफर भी मेवाड़ की धरा से हीं शुरू हुआ. अपनी प्रारंभिक पढ़ाई और कॉलेज शिक्षा उदयपुर में पूरी करने के बाद गिरिजा व्यास ने राजनीति की ओर रुख किया. राजनीती में गिरिजा व्यास प्रदेश की सबसे बड़ी पंचायत से लेकर देश की सबसे बड़ी पंचायत तक पहुंची और अपनी विलक्षण प्रतिभा और प्रभावी वक्ता होने के चलते देश के कई बडे़ मंत्रालयों का पदभार भी संभाला.



ये भी पढ़ें- IPL में KXIP से हुई थी श्रीसंत की शुरुआत, जयपुर में किया था ये कारनामा!
Girija Vyas
डॉ. गिरिजा व्यास.


डॉ. गिरिजा व्यास उदयपुर लोकसभा सीट से सबसे ज्यादा बार लोकसभा तक पहुंचने में कामयाब रही हैं तो वहीं लोकसभा में तात्कालीन कांग्रेस सरकारों ने गिरिजा व्यास को बड़ी जिम्मेदारी देते हुए विश्वास भी जताया था. गिरिजा व्यास कई विभागों की मंत्री रहने के साथ ही महिला सशक्तिकरण कमेटी की सदस्य, गृहमंत्रालय की सलाहकार कमेटी की सदस्य, राजभाषा कमेटी की सदस्य, पेट्रोलियम मंत्रालय की सलाहकार समेटी की सदस्य सहित कई बडे़ पदों पर रहते हुए बडे़ बदलावों में अहम भूमिका निभाती आई है.

ये भी पढ़ें- हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल बने ये शख्स, अनूठे अंदाज में पहुंचाया संदेश

Girija Vyas
डॉ. गिरिजा व्यास.


ये भी पढ़ें-  सुर्खियां: पाक यात्री से मिले जाली नोट, 12 सांसद फिर लड़ेंगे चुनाव, 15 लाख ने किए बाबा श्याम के दर्शन

Know Your Leader - डॉ. गिरिजा व्यास

डॉ. व्यास दर्शन शास्त्र में डाक्ट्रेट हैं
→ डॉ. व्यास श्रीमद् गीता और बाइबिल पर शोधार्थी रही हैं
→ उदयपुर विश्वविद्यालय में दर्शनशास्त्र की प्रोफेसर रह चुकी हैं
→ 1985 में उदयपुर शहर से पहली बार बनी विधायक
 राज्य में पर्यटन, शिक्षा, PWD और महिला बाल विकास मंत्रालय का संभाला जिम्मा
 1991 में केन्द्र की राजनीति की ओर रुख किया
 1991 में उदयपुर लोकसभा सीट से पहली बार सांसद बनीं
 पी.वी. नरसिंह राव की सरकार में सूचना एवं प्रसारण उपमंत्री रहीं
 1996 और 1999 में भी सांसद चुनी गईं

Girija Vyas
डॉ. गिरिजा व्यास.


 1996 से 2004 तक डॉ. व्यास आखिल भारतीय महिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष रहीं
 2001 से 2004 तक डॉ. व्यास राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष रहीं
 2005 में मनमोहन सिंह की सरकार ने डॉ. व्यास को राष्ट्रीय महिला आयोग का अध्यक्ष बनाया
 2005 से 2011 तक राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रहीं
 2009 के लोकसभा चुनाव में डॉ. गिरिजा व्यास चितौडगढ़ लोकसभा सीट से सांसद बनीं
 सांसद बनने के बाद केन्द्र की यूपीए सरकार में भी डॉ. व्यास को बड़ी जिम्मेदारी मिली
 शहरी आवास एवं गरीबी उन्नमुलन मंत्रालय पर गिरिजा ने देश में बडे़ बदलाव किए

ये भी पढ़ें- DRONE: बॉर्डर पर इन चार तरीकों से घुसपैठ कर सकता है पाकिस्तान!

एक क्लिक और खबरें खुद चलकर आएंगी आपके पास, सब्सक्राइब करें न्यूज़18 हिंदी  WhatsApp अपडेट्स
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading