खेल मंत्रालय की वजह से भारतीय खिलाड़ियों का बड़ा अपमान!

जकार्ता में एशियाई पैरा खेलों का आयोजन 8 अक्टूबर से होंगे

भाषा
Updated: October 2, 2018, 8:22 AM IST
खेल मंत्रालय की वजह से भारतीय खिलाड़ियों का बड़ा अपमान!
खेल मंत्रालय की वजह से भारतीय खिलाड़ियों का बड़ा अपमान!
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Updated: October 2, 2018, 8:22 AM IST
एशियाई पैरा खेलों के भारत के दल को जकार्ता में सोमवार को कुछ घंटों के लिए प्रवेश देने से आयोजकों ने इनकार कर दिया क्योंकि समय पर जरूरी भुगतान नहीं किए गए थे. भारतीय पैरालंपिक समिति (पीसीआई) के एक टॉप अधिकारी ने कहा कि पैरा खिलाड़ी जब खेल गांव पहुंचे जो शुरुआत में उन्हें प्रवेश देने से इनकार कर दिया गया क्योंकि खेल मंत्रालय ने तब तक दो लाख 50 हजार डालर का भुगतान नहीं किया था.

पीसीआई अधिकारियों ने इसके बाद लिखित में दिया कि चार अक्टूबर तक भुगतान कर दिया जाएगा और इसके बाद ही खिलाड़ियों को खेल गांव में प्रवेश की इजाजत दी गई. एशियाई पैरा खेल जकार्ता में 6 अक्टूबर को शुरू होंगे. भारतीय दल के साथ जकार्ता गए पीसीआई उपाध्यक्ष गुरशरण सिंह ने कहा कि अगस्त में हुए एशियाई खेलों के विपरीत पैरा खेलों में हिस्सा ले रही टीमों को रहने, प्रतियोगिता, पंजीकरण के अलावा दूसरे खर्चों का भुगताना करना होता है.

गुरशरण ने जकार्ता से पीटीआई को बताया, ‘‘हर देश को खेल गांव में अपने खिलाड़ियों को रखने के लिए भुगतान करना होता है, प्रतियोगिता और पंजीकरण फीस आदि का भी भुगतान करना होता है. इसलिए हमें लगभग 300 खिलाड़ियों के दल के लिए लगभग ढाई लाख डालर का भुगतान करना होगा. हम यहां बिना कोष के आए हैं और हमें खेल गांव में जाने में दिक्कत हुई.’’

उन्होंने कहा, ‘‘हमें उन्हें लिखित में देना पड़ा कि हम चार अक्टूबर तक भुगतान कर देंगे. अगर हम भुगतान नहीं करते हैं तो हमें खेल गांव से जगह खाली करने को कहा जा सकता है.’’ पीसीआई के शीर्ष अधिकारी ने कहा कि 60 पैरा खिलाड़ी और कुछ अधिकारी सोमवार को जकार्ता पहुंचे जबकि बाकी दल अगले कुछ दिनों में पहुंचेगा. इस मुद्दे का बाद में हल निकाल लिया गया और खेल सचिव राहुल भटनागर ने बताया कि जरूरी रकम ट्रांसफर कर दी गई है.

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